भोपाल में Swine Flu के बढ़ते मामलों के बीच खुले में थूकने पर सख्ती, नगर निगम ने वसूला Spot Fine
भोपाल में स्वाइन फ्लू के बीच नगर निगम ने खुले में थूकने वालों पर सख्ती बढ़ाई, 35 मामलों में 28,900 रुपये जुर्माना और प्लास्टिक जब्त।

भोपाल में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों के बीच नगर निगम अब खुले में थूकने वालों पर सख्ती करने लगा है। शहर में स्वाइन फ्लू से एक मौत के बाद सार्वजनिक जगहों पर साफ-सफाई और संक्रमण से बचाव को लेकर निगम ने अपना अभियान तेज कर दिया है। सोमवार को खुले में थूकने वाले 9 लोगों पर कार्रवाई करते हुए उनसे मौके पर ही 900 रुपये का स्पॉट फाइन वसूला गया। मतलब साफ है, अब सार्वजनिक जगह पर जहां-तहां थूकना भारी पड़ सकता है।
खजूरी बायपास में चला जांच अभियान
नगर निगम की जोन-14 की टीम ने खजूरी बायपास इलाके में वाइन शॉप, अवैध अहातों और आसपास की दुकानों की जांच की। इस दौरान कई जगह गंदगी और सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल पाया गया। निगम की टीम ने 14 मामलों में कुल 21 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। साथ ही करीब 25 किलो प्लास्टिक पॉलीथिन भी जब्त की गई। कार्रवाई के दौरान निगम की टीम ने दुकानदारों और लोगों को साफ-सफाई बनाए रखने की हिदायत भी दी।
35 मामलों में 28,900 रुपये का जुर्माना
नगर निगम के मुताबिक, सोमवार को अलग-अलग मामलों में कुल 35 प्रकरणों पर कार्रवाई की गई। इन मामलों में खुले में थूकना, गंदगी फैलाना, कचरा अलग-अलग नहीं करना, कचरा जलाना और सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल शामिल है। इन सभी मामलों में नगर निगम ने कुल 28 हजार 900 रुपये का जुर्माना वसूला है। निगम की इस कार्रवाई से इतना तो साफ है कि अब सार्वजनिक जगहों पर गंदगी फैलाने वालों की मनमानी चलने वाली नहीं है।
स्वाइन फ्लू के साथ डेंगू की भी चिंता
भोपाल में चिंता सिर्फ स्वाइन फ्लू को लेकर नहीं है। शहर में डेंगू के मामले भी लगातार सामने आ रहे हैं। सितंबर के शुरुआती 14 दिनों में ही डेंगू के 10 मरीज मिल चुके हैं। सोमवार को दो नए मरीज मिलने के बाद इस साल भोपाल में डेंगू के मरीजों की संख्या बढ़कर 80 हो गई है। इस महीने अब तक 240 जांच की जा चुकी हैं। वहीं, पिछले साल सितंबर में 387 जांच में सिर्फ 4 मरीज मिले थे।
चिकनगुनिया के भी 25 मरीज मिले
डेंगू के साथ चिकनगुनिया को लेकर भी स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ी हुई है। इस साल अब तक चिकनगुनिया की 1018 जांच की गई हैं, जिनमें 25 मरीजों की पुष्टि हुई है। ऐसे में बारिश और बदलते मौसम के बीच साफ-सफाई को लेकर किसी तरह की लापरवाही लोगों पर भारी पड़ सकती है।
बीमारी से बचाव में सावधानी जरूरी
स्वाइन फ्लू और दूसरी मौसमी बीमारियों से बचने के लिए साफ-सफाई के साथ व्यक्तिगत सावधानी भी बेहद जरूरी है। सार्वजनिक स्थानों पर खुले में थूकने से बचना चाहिए और आसपास गंदगी जमा नहीं होने देना चाहिए। अगर किसी व्यक्ति में गंभीर बीमारी के लक्षण दिखाई दें तो उसे घर पर ही छोड़कर इलाज का इंतजार करने के बजाय तुरंत नजदीकी अस्पताल या स्वास्थ्य केंद्र ले जाना चाहिए और डॉक्टर से जांच करानी चाहिए।
अब लापरवाही पड़ी तो जेब भी ढीली होगी
नगर निगम की कार्रवाई से संदेश साफ है - शहर साफ रखना सिर्फ निगम की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक की भी जिम्मेदारी है। बीमारी का खतरा बढ़ रहा है, ऐसे में खुले में थूकना या गंदगी फैलाना कोई छोटी बात नहीं है। निगम की सख्ती का असर कितना होता है, यह आने वाले दिनों में दिखाई देगा, लेकिन फिलहाल भोपाल में खुले में थूकने वालों से यही कहा जा सकता है - अब जरा संभल के, नहीं तो जुर्माना भरना पड़ सकता है।



