MP News: पुलिस ने कांग्रेस विधायक अभयमिश्रा को जबरन उठाया, मंत्रालय के सामने धरना देने बेठे थे; रेलिंग पर पोस्टर-बैनर उखाड़े
विधायक अभय मिश्रा ने पहले ही मंत्रालय के सामने मौन धरने का ऐलान किया था। उनका कहना था कि रीवा के संजय गांधी अस्पताल में हुई घटना को केवल प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि यदि जांच में लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
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MP News: भोपाल में मंत्रालय के बाहर धरना देने बैठे कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा को पुलिस ने जबरन उठा लिया। कांग्रेस विधायक रीवा के रीवा के संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल में प्रसूता कल्पना मिश्रा और उनके नवजात बच्चे की मौत के मामले को लेकर धरना दे रहे थे। कांग्रेस विधायक पूरे मामले पर डिप्टी सीएम और स्वास्थ्य मंत्री राजेंद्र शुक्ला के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। पुलिस ने मंत्रालय के सामने लगे बैनर और पोस्टर भी उखाड़ दिए हैं और अभय मिश्रा को हिरासत में ले लिया है।
धरना शुरू होते ही पुलिस ने हिरासत में लिया
विधायक अभय मिश्रा ने पहले ही मंत्रालय के सामने मौन धरने का ऐलान किया था। उनका कहना था कि रीवा के संजय गांधी अस्पताल में हुई घटना को केवल प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि यदि जांच में लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। लेकिन धरना शुरू होते ही पुलिस ने विधायक के समर्थन में लगाए गए पोस्टर और बैनर हटा दिए और अभय मिश्रा को धरना स्थल से उठाकर हिरासत में ले लिया। मिश्रा का कहना है कि स्वास्थ्य मंत्री सही से विभाग को नहीं संभाल पा रहे हैं, इसलिए उन्हें स्वास्थ्य्य मंत्रालय से हटाकर कोई और मंत्रालय देना चाहिए।
कल्पना मिश्रा की मौत के बाद बढ़ा विवाद
कल्पना मिश्रा को प्रसव के लिए रीवा के संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों के अनुसार, इलाज के दौरान उनकी हालत बिगड़ी और महिला और नवजात दोनों की मौत हो गई। इसके बाद परिवार ने अस्पताल में इलाज के दौरान लापरवाही के आरोप लगाए और जिम्मेदार चिकित्सकों के खिलाफ कार्रवाई की मांग शुरू कर दी। मामले को लेकर परिजन कई दिनों से आंदोलन कर रहे हैं। मृतका के पिता ने भी जिम्मेदार डॉक्टरों के खिलाफ एफआईआर की मांग को लेकर धरना दिया। परिवार की ओर से लगाए गए आरोपों की जांच की मांग लगातार उठती रही है।
अस्पताल प्रशासन पर हुई कार्रवाई
विवाद बढ़ने के बाद संजय गांधी अस्पताल के अधीक्षक डॉ. राहुल मिश्रा को पद से हटाया गया। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज स्तर पर भी प्रशासनिक कार्रवाई हुई है। मामले की जांच के लिए समिति गठित किए जाने की जानकारी भी सामने आई थी। हालांकि, परिजन और विपक्षी नेता जांच के साथ-साथ जिम्मेदार लोगों पर आपराधिक कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
कांग्रेस इस मामले को प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था से जोड़कर सरकार पर हमलावर है। इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह भी रीवा पहुंचकर पीड़ित परिवार से मिले और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी।
सरकार पर दबाव बढ़ाने की कोशिश
रीवा से शुरू हुआ यह मामला अब राजधानी भोपाल तक पहुंच चुका है। एक तरफ सरकार और प्रशासन की ओर से अब तक की गई कार्रवाई को सामने रखा जा रहा है, वहीं कांग्रेस और मृतका का परिवार जांच के नतीजे और दोषियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की मांग पर कायम हैं। कांग्रेस लगातार सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश करती नजर आ रही है।

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