'नितिन गडकरी जैसे सज्जन मंत्री अब गिनती के हैं', कांग्रेस सांसद विवेक तन्खा ने क्यों की मोदी के मिनिस्टर की तारीफ?
रिपोर्ट के मुताबिक मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम यानी MPRDC की ओर से पुनर्निर्माण के लिए टेंडर की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा चुकी है। अब मुख्य मुद्दा जरूरी मंजूरी और उसके बाद निर्माण कार्य शुरू होने का है।
Vivek Tankha P: मध्य प्रदेश में कांग्रेस के राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा की एक पोस्ट इन दिनों चर्चा में है। वजह है केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से हुई उनकी बातचीत। तन्खा ने जबलपुर-भोपाल हाईवे पर शहपुरा के पास खराब हुई सड़क और पुल की एप्रोच को लेकर गडकरी को पत्र लिखा था। उनका कहना है कि पत्र मिलने के करीब पांच मिनट बाद ही गडकरी ने उन्हें फोन किया।
तन्खा ने इस बातचीत की जानकारी सोशल मीडिया पर साझा की। उन्होंने गडकरी के जल्दी जवाब देने और मामले पर कार्रवाई का भरोसा देने की बात कही। इसके साथ ही उन्होंने केंद्रीय मंत्री के व्यवहार की तारीफ करते हुए उन्हें सज्जन स्वभाव वाला मंत्री बताया।
शहपुरा ROB को लेकर क्या है समस्या?
मामला जबलपुर-भोपाल राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़े शहपुरा रेलवे ओवरब्रिज (ROB) का है। तन्खा ने अपने पत्र में बताया कि इस पुल की दोनों तरफ की एप्रोच सड़कें अलग-अलग समय पर क्षतिग्रस्त हो चुकी हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक दाईं तरफ की एप्रोच सितंबर 2025 में और बाईं तरफ की एप्रोच फरवरी 2026 में खराब हुई थी। इसके बाद इस रास्ते का ट्रैफिक दूसरे रास्तों से निकालना पड़ रहा है। भारी वाहनों को पाटन की तरफ डायवर्ट किया गया है, जबकि हल्के वाहनों को शहपुरा शहर के अंदर से निकाला जा रहा है।
ट्रैफिक की समस्या से जूझ रहा है क्षेत्र
इस डायवर्जन का असर स्थानीय लोगों पर भी पड़ा है। पाटन रोड पर सामान्य से ज्यादा वाहन पहुंच रहे हैं। इस रास्ते पर ग्रामीण इलाकों से आने-जाने वाले लोगों के साथ विद्यार्थी और दूसरे वाहन भी चलते हैं। भारी वाहनों की संख्या बढ़ने से ट्रैफिक दबाव की समस्या सामने आई है।
जांच में कई कमियां सामने आईं
तन्खा के पत्र में इस मामले की तकनीकी जांच का भी जिक्र है। रिपोर्ट के अनुसार जांच सीआरआरआई, नई दिल्ली से कराई गई थी। इसमें मिट्टी की कम क्षमता, निर्माण में इस्तेमाल सामग्री की गुणवत्ता और पर्याप्त ड्रेनेज नहीं होने जैसी समस्याओं का उल्लेख किया गया।
संबंधित विशेषज्ञों की रिपोर्ट के आधार पर ज्यादा ऊंचाई वाली एप्रोच के लिए सामान्य सड़क की जगह दूसरे तरह के स्ट्रक्चर के निर्माण की सिफारिश की गई है।
54.97 करोड़ रुपये की जरूरत
शहपुरा ROB की क्षतिग्रस्त एप्रोच के दोबारा निर्माण के लिए करीब 54.97 करोड़ रुपये की मंजूरी की जरूरत बताई गई है। तन्खा ने गडकरी से इस मामले में जल्द जरूरी स्वीकृति देने और संबंधित अधिकारियों को निर्देश देने का अनुरोध किया है।
रिपोर्ट के मुताबिक मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम यानी MPRDC की ओर से पुनर्निर्माण के लिए टेंडर की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा चुकी है। अब मुख्य मुद्दा जरूरी मंजूरी और उसके बाद निर्माण कार्य शुरू होने का है।
कांग्रेस सांसद ने की मोदी सरकार के मंत्री की तारीफ
आमतौर पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेताओं के बीच राजनीतिक मुद्दों पर बयानबाजी देखने को मिलती है। ऐसे माहौल के बीच एक सड़क समस्या को लेकर कांग्रेस सांसद और केंद्र सरकार के मंत्री के बीच हुई यह बातचीत चर्चा में है।
तन्खा ने अपनी तरफ से गडकरी के तुरंत फोन करने और समस्या पर कार्रवाई का भरोसा देने को सार्वजनिक किया है। अब इस मामले में लोगों की नजर शहपुरा ROB की मरम्मत और एप्रोच के दोबारा निर्माण की अगली प्रक्रिया पर है।


.jpg&w=3840&q=75)