जापान, अमेरिका और ब्रिटेन में इमरजेंसी तैयारी पर जोर, घरों में राशन रखने की सलाह; जानिए क्या है वजह?
कई देश नागरिकों को आपात स्थिति के लिए तीन से 10 दिन तक का जरूरी सामान रखने की सलाह दे रहे हैं। इसका मकसद आपदा के समय लोगों को तैयार रखना है।
दुनिया के कई देशों में सरकारें अपने नागरिकों से आपातकालीन स्थिति के लिए घरों में जरूरी सामान रखने की अपील कर रही हैं। इनमें खाना, पीने का पानी, जरूरी दवाएं, टॉर्च, बैटरी और पावर बैंक जैसी चीजें शामिल हैं। ब्रिटेन ने इसके लिए 'बी रेडी' अभियान शुरू किया है, जबकि यूरोप के कई देश पहले से ही लोगों को कुछ दिनों तक अपनी जरूरतें खुद पूरी करने की तैयारी रखने की सलाह दे रहे हैं।
इन निर्देशों के पीछे खराब मौसम, बाढ़, बिजली और इंटरनेट सेवाओं में बाधा, साइबर हमले और युद्ध जैसी संभावित परिस्थितियां हैं। हालांकि, इन सलाहों का मतलब यह नहीं है कि किसी बड़े संकट या युद्ध की निश्चित आशंका जताई गई है। सरकारों का उद्देश्य आपात स्थिति में आम लोगों को शुरुआती दिनों में आत्मनिर्भर बनाना है।
किन देशों में दी जा रही है सलाह?
जर्मनी, नॉर्वे, फिनलैंड, फ्रांस, स्विट्जरलैंड, आयरलैंड, स्वीडन, चेकिया और लिथुआनिया समेत कई यूरोपीय देशों में घरों में जरूरी सामान रखने की सलाह दी गई है। यूरोपीय संघ की गाइडलाइन में भी लोगों को कम से कम 72 घंटे तक अपनी जरूरतें पूरी करने की तैयारी रखने को कहा गया है।
कितने दिनों का सामान रखने की सलाह?
अलग-अलग देशों में तैयारी की अवधि अलग है। ब्रिटेन में तीन दिन का जरूरी सामान रखने की सलाह दी गई है। फिनलैंड में भी कम से कम 72 घंटे की तैयारी का सुझाव है। जर्मनी में 10 दिन और नॉर्वे तथा स्वीडन में सात दिन तक की जरूरतों के लिए तैयारी रखने की सलाह दी गई है।
अमेरिका में 90 दिनों की योजना किसके लिए?
अमेरिका से जुड़ी 90 दिनों की तैयारी आम नागरिकों के लिए नहीं, बल्कि सैन्य ठिकानों के लिए बताई गई है। रिपोर्टों के मुताबिक, अमेरिकी रक्षा विभाग बड़े सैन्य ठिकानों को बिजली, पानी, ईंधन और संचार जैसी जरूरी सुविधाओं के मामले में 90 दिनों तक स्वतंत्र रूप से काम करने योग्य बनाने पर विचार कर रहा है। यह योजना अभी विचाराधीन बताई गई है।
ब्रिटेन और जापान की तैयारी क्या है?
ब्रिटेन सरकार के 'बी रेडी' अभियान के तहत लोगों को तीन दिन का पानी और लंबे समय तक खराब न होने वाला खाना रखने की सलाह दी गई है। इसके अलावा जरूरी दवाएं, टॉर्च, अतिरिक्त बैटरियां, रेडियो, पावर बैंक और कुछ नकदी रखने का सुझाव है।
जापान में भी आपदा प्रबंधन को लेकर ऐसी तैयारी पर जोर दिया जा रहा है। वहां भूकंप के बाद बिजली, पानी और परिवहन सेवाएं प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए लोगों को कम से कम तीन दिन और संभव हो तो एक सप्ताह का खाना-पानी रखने की सलाह दी जाती है।
क्यों जरूरी मानी जा रही है तैयारी?
किसी बड़ी आपदा, बाढ़, तूफान या साइबर हमले के कारण बिजली, इंटरनेट, परिवहन और जरूरी सामानों की सप्लाई प्रभावित हो सकती है। ऐसे में राहत और सरकारी मदद पहुंचने में समय लग सकता है। घरों में जरूरी सामान होने से लोग शुरुआती मुश्किल समय में अपनी जरूरतें पूरी कर सकते हैं।






