'80 देशों में RSS के स्वयंसेवक, लेकिन अंतरराष्ट्रीय संगठन बनाने का इरादा नहीं', संघ सरकार्यवाह बोले- राम मंदिर बनाकर दिखा दिया
मध्य प्रदेश के इंदौर में 2 से 4 नवंबर तक चली संघ की अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की बैठक के समापन पर सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि युवाओं में नशे की समस्या गंभीर होती जा रही है।
MP News: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) अब युवाओं में बढ़ती नशे की लत को रोकने के लिए देशभर में जागरूकता अभियान चलाएगा। इसके लिए संघ सामाजिक संगठनों, शिक्षण संस्थानों और अन्य संस्थाओं के साथ मिलकर काम करेगा। नशे की गिरफ्त में आ चुके युवाओं की काउंसलिंग और उनके परिवारों की मदद पर भी ध्यान दिया जाएगा।
मध्य प्रदेश के इंदौर में 2 से 4 नवंबर तक चली संघ की अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की बैठक के समापन पर सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि युवाओं में नशे की समस्या गंभीर होती जा रही है। इसके पीछे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काम करने वाले नेटवर्क की भी भूमिका है। सरकार और सुरक्षा एजेंसियां इस पर कार्रवाई कर रही हैं, लेकिन समाज को भी अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।
युवाओं से बातचीत पर रहेगा जोर
होसबाले ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी के विचारों और परेशानियों को समझना जरूरी है। केवल युवाओं पर सवाल उठाने से समस्या का समाधान नहीं होगा। उनके साथ बातचीत करनी होगी और उनकी बातों को सुनना होगा।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सरकार बदलना चुनाव के जरिए सामान्य प्रक्रिया है, लेकिन सरकार बदलने के नाम पर समाज में अशांति फैलाना, लोगों को बांटना और हिंसा करना सही नहीं है। उन्होंने युवाओं से जुड़े मुद्दों पर सकारात्मक बातचीत की जरूरत बताई। होसबाले ने जयप्रकाश नारायण आंदोलन का उदाहरण देते हुए कहा कि उस समय वे भी युवा थे। उन्होंने कहा कि हर पीढ़ी के युवाओं की अपनी सोच और सवाल होते हैं। इसलिए नई पीढ़ी के साथ संवाद बनाए रखना जरूरी है।
'80 देशों में RSS के स्वयंसेवक'
इंदौर की बैठक में RSS के वैश्विक विस्तार को लेकर भी सवाल पूछा गया। इस पर सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने बताया कि संघ के स्वयंसेवक दुनिया के करीब 80 देशों में काम कर रहे हैं। ये लोग वहां रहने वाले हिंदू समुदाय के बीच संपर्क और संगठन का काम करते हैं। हालांकि, उन्होंने साफ किया कि RSS का अंतरराष्ट्रीय संगठन बनने का कोई इरादा नहीं है। संघ का मुख्य काम भारत की सीमाओं के भीतर ही संचालित होता है। विदेशों में स्वयंसेवक संबंधित देशों के कानूनों के मुताबिक गतिविधियां करते हैं।
होसबाले ने बताया कि संघ के शताब्दी वर्ष के दौरान विदेशों में भी कई कार्यक्रम हुए। सरसंघचालक मोहन भागवत ने अमेरिका, कनाडा और ब्रिटेन का दौरा किया था। इन कार्यक्रमों के जरिए भारतीय विचारों और हिंदुत्व को लेकर दुनिया के अलग-अलग देशों में संवाद किया गया।
देश में 12 हजार शाखाएं बढ़ीं
बैठक में संघ ने अपने संगठन के विस्तार की जानकारी भी दी। होसबाले के मुताबिक, पिछले एक साल में देशभर में संघ की शाखाओं की संख्या में करीब 12 हजार की बढ़ोतरी हुई है। इस साल कुल 99,423 शाखाएं लगाई गईं।
संघ के काम का विस्तार अब 63,208 स्थानों तक पहुंच गया है। इसके अलावा करीब एक लाख स्थानों पर शाखाएं और साप्ताहिक मिलन आयोजित किए जा रहे हैं। देशभर में 65 हजार हिंदू सम्मेलन भी हुए, जिनमें लगभग 5 करोड़ लोगों ने हिस्सा लिया। संघ ने इन कार्यक्रमों के जरिए सामाजिक सहयोग, आपसी संपर्क और भेदभाव खत्म करने का संदेश देने की कोशिश की है।
40 प्रांतों की जगह बनाए जाएंगे 88 संभाग
बैठक में संगठन के ढांचे में बदलाव पर भी चर्चा हुई। अभी संघ का काम 40 प्रांतों के जरिए संचालित होता है। अब इसे बदलकर 88 संभागों में बांटने की योजना है। होसबाले के मुताबिक, नवंबर और दिसंबर में प्रांतों के संघचालकों के चुनाव और नई कार्यकारिणी बनने के बाद इस बदलाव की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। हर संभाग की जरूरत और परिस्थितियों के हिसाब से अलग कार्ययोजना तैयार की जाएगी। इस बदलाव का उद्देश्य संगठन के काम को स्थानीय स्तर पर ज्यादा प्रभावी बनाना और कार्यकर्ताओं के बीच बेहतर तालमेल बनाना है।
बाढ़ प्रभावित परिवारों की मदद का भी दिया हिसाब
प्रेस कॉन्फ्रेंस में होसबाले ने प्राकृतिक आपदाओं के दौरान स्वयंसेवकों के काम की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि असम में बाढ़ से 805 गांवों के करीब 67,700 परिवार प्रभावित हुए थे। वहां 1,600 से ज्यादा स्वयंसेवकों ने राहत कार्यों में हिस्सा लिया।
प्रभावित लोगों को भोजन, पानी, दवाइयां और जरूरी सामान पहुंचाया गया। इस काम के लिए समाज के सहयोग से 5 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जुटाई गई। इंदौर की इस बैठक में संघ के शताब्दी वर्ष के कार्यक्रमों की समीक्षा भी की गई। अब संगठन का जोर शाखाओं के विस्तार के साथ सामाजिक समस्याओं पर काम करने और युवाओं को जोड़ने पर रहेगा।



