94वें स्थापना दिवस पर कल दिखेगी वायुसेना की ताकत, वाराणसी में 3 दिन एयर शो; 25 अक्टूबर को PM मोदी होंगे शामिल
रक्षा मंत्रालय की जानकारी के मुताबिक, वायुसेना की सूर्य किरण एरोबेटिक टीम नौ हॉक एमके-132 विमानों के साथ करतब दिखाएगी। इस दौरान विमान एक साथ अलग-अलग आकृतियों में उड़ान भरेंगे।
Air Force 94th-anniversary: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में गंगा के ऊपर भारतीय वायुसेना का शानदार हवाई प्रदर्शन होने जा रहा है। वायुसेना की 94वीं वर्षगांठ के मौके पर आयोजित इस कार्यक्रम को ‘विंग्स ओवर गंगा’ नाम दिया गया है। इसमें राफेल, सुखोई-30 एमकेआई, तेजस समेत कई लड़ाकू विमान अपनी उड़ान क्षमता और तेजी का प्रदर्शन करेंगे। कार्यक्रम में हेलीकॉप्टर, परिवहन विमान और एरोबेटिक टीम भी शामिल होंगी। इसका मुख्य आकर्षण 25 अक्टूबर को नमो घाट पर होने वाला एयर फोर्स डे एरियल डिस्प्ले होगा।
रक्षा मंत्रालय की जानकारी के मुताबिक, वायुसेना की सूर्य किरण एरोबेटिक टीम नौ हॉक एमके-132 विमानों के साथ करतब दिखाएगी। इस दौरान विमान एक साथ अलग-अलग आकृतियों में उड़ान भरेंगे। तिरंगे के रंगों वाला धुआं आसमान में इस प्रदर्शन को और खास बनाएगा।
94 साल के सफर को दिखाएगी वायुसेना
भारतीय वायुसेना की स्थापना 8 अक्टूबर 1932 को हुई थी। वर्ष 2026 में वायुसेना अपनी 94वीं वर्षगांठ मना रही है। वाराणसी में होने वाला यह आयोजन वायुसेना की पुरानी विरासत और आधुनिक तकनीक का मेल दिखाएगा।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य सिर्फ लोगों को रोमांचक हवाई करतब दिखाना नहीं है, बल्कि उन्हें वायुसेना की कार्यक्षमता, पायलटों के प्रशिक्षण और आधुनिक विमानों की क्षमता से भी परिचित कराना है। युवाओं को विमानन और रक्षा क्षेत्र में करियर बनाने के लिए प्रेरित करना भी आयोजन का एक मकसद है।
6 प्रमुख लड़ाकू विमान एक साथ दिखेंगे
इस एयर शो में छह प्रमुख लड़ाकू विमानों का एक साथ एरोहेड यानी तीर के आकार का फॉर्मेशन खास आकर्षण रहेगा। इसमें सुखोई-30 एमकेआई, राफेल, जगुआर, मिराज-2000, तेजस और मिग-29 शामिल होंगे। इस तरह का फॉर्मेशन दर्शकों को भारतीय वायुसेना के अलग-अलग लड़ाकू विमानों को एक साथ देखने का मौका देगा।
इसके अलावा परिवहन और सहायता के लिए इस्तेमाल होने वाले विमानों की भी भागीदारी होगी। सी-17 ग्लोबमास्टर, सी-130, सी-295, एएन-32, आईएल-76 और आईएल-78 जैसे विमान भी कार्यक्रम में शामिल होने की सूची में हैं। इससे दर्शकों को वायुसेना के अलग-अलग कामों में इस्तेमाल होने वाले विमानों की झलक मिलेगी।
सूर्य किरण और सारंग टीम दिखाएंगी करतब
सूर्य किरण एरोबेटिक टीम अपने नौ हॉक विमानों के साथ हवा में लूप, बैरल रोल और उल्टी उड़ान जैसे करतब दिखाएगी। टीम के विमान एक-दूसरे के बेहद करीब रहते हुए तालमेल के साथ उड़ान भरते हैं। इसके लिए पायलटों को लंबे समय तक अभ्यास करना पड़ता है।
वहीं, सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम अपने हेलीकॉप्टरों के साथ सामूहिक उड़ान और दिशा बदलने के करतब दिखाएगी। इन प्रदर्शनों में पायलटों के कौशल के साथ ग्राउंड स्टाफ, इंजीनियरों और तकनीकी टीमों की तैयारी भी अहम होती है।
25 अक्टूबर को PM मोदी होंगे शामिल
वायुसेना के हवाई प्रदर्शन 22, 24 और 25 अक्टूबर को आयोजित किए जाने हैं। मुख्य कार्यक्रम 25 अक्टूबर को नमो घाट पर होगा। रिपोर्टों के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी मुख्य कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना है।
गंगा और काशी की ऐतिहासिक पहचान के बीच होने वाला यह एयर शो आधुनिक भारतीय वायुसेना की ताकत और तकनीक को सामने लाएगा। लोगों को आसमान में तेज रफ्तार लड़ाकू विमानों, हेलीकॉप्टरों और विशेष फॉर्मेशन का नजारा देखने को मिलेगा।


