UP Rajya Sabha Election: BJP ने 8 उम्मीदवार उतारे, राज्यपाल की बेटी को भी टिकट
उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए 16 अक्टूबर को मतदान होना है। नामांकन की प्रक्रिया भी अंतिम दौर में है।
UP Rajya Sabha Election: उत्तर प्रदेश में होने वाले राज्यसभा चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी ने अपने आठ उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए हैं। पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति से मंजूर सूची में आगरा के पूर्व विधायक और भाजपा के प्रदेश महामंत्री राम प्रताप सिंह चौहान का नाम भी शामिल है। उनके अलावा धर्मपाल सिंह, राधाकांत ओझा, प्रकाश पाल, विद्यासागर सोनकर, गोपी कृष्ण पांडेय, प्रियंका सिंह रावत और श्रुति गंगवार को उम्मीदवार बनाया गया है।
उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए 16 अक्टूबर को मतदान होना है। नामांकन की प्रक्रिया भी अंतिम दौर में है। भाजपा ने जिन आठ नामों का ऐलान किया है, उनमें संगठन में लंबे समय से काम कर रहे नेताओं के साथ पूर्व सांसद और सरकार से जुड़े चेहरे भी शामिल हैं।
आगरा से राज्यसभा की दौड़ में राम प्रताप चौहान
भाजपा का टिकट मिलने के बाद आगरा के राम प्रताप सिंह चौहान एक बार फिर राष्ट्रीय राजनीति में बड़ी भूमिका की ओर बढ़ते नजर आ रहे हैं। वह एत्मादपुर विधानसभा सीट से 2017 से 2022 तक विधायक रह चुके हैं। फिलहाल वह भाजपा के प्रदेश महामंत्री हैं और संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।
राम प्रताप चौहान की राजनीति की शुरुआत भी संगठन से हुई थी। उन्होंने 1991 में भाजपा युवा मोर्चा के मंडल अध्यक्ष के तौर पर काम शुरू किया। इसके बाद महानगर, ब्रज क्षेत्र और प्रदेश संगठन में अलग-अलग जिम्मेदारियां संभालीं। प्रदेश उपाध्यक्ष, आगरा जिलाध्यक्ष और प्रदेश मंत्री जैसे पदों पर भी वह रहे। संगठन में लंबे अनुभव के बाद 2017 में पहली बार विधानसभा पहुंचे। 2023 में उन्हें भाजपा का प्रदेश महामंत्री बनाया गया था। 2026 में पार्टी की नई प्रदेश टीम में भी उन्हें यह जिम्मेदारी मिली। इसके बाद पश्चिमी उत्तर प्रदेश की संगठनात्मक गतिविधियों में भी उनकी भूमिका बढ़ी। ऐसे में राज्यसभा टिकट को उनके लंबे संगठनात्मक सफर की अगली बड़ी जिम्मेदारी के तौर पर देखा जा रहा है।
भाजपा की सूची में किस-किस को जगह
भाजपा के आठ उम्मीदवारों में उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री धर्मपाल सिंह, वरिष्ठ अधिवक्ता राधाकांत ओझा, भाजपा ओबीसी मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष प्रकाश पाल, वरिष्ठ नेता विद्यासागर सोनकर और संगठन से जुड़े गोपी कृष्ण पांडेय शामिल हैं। पार्टी ने दो महिला चेहरों को भी मौका दिया है। इनमें बाराबंकी की पूर्व सांसद प्रियंका सिंह रावत और बरेली की श्रुति गंगवार शामिल हैं। श्रुति गंगवार भाजपा के वरिष्ठ नेता और झारखंड के राज्यपाल संतोष गंगवार की बेटी हैं।
हरदीप पुरी और बीएल वर्मा को नहीं मिला टिकट
भाजपा की इस सूची में सबसे ज्यादा चर्चा उन नेताओं की भी है, जिन्हें दोबारा मौका नहीं मिला। केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी और बीएल वर्मा मौजूदा राज्यसभा सदस्य हैं, लेकिन पार्टी ने इस बार उन्हें यूपी से उम्मीदवार नहीं बनाया है। दोनों का मौजूदा कार्यकाल नवंबर 2026 में खत्म हो रहा है।
भाजपा की सूची में सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन का भी ध्यान रखा गया है। अलग-अलग वर्गों और क्षेत्रों से नेताओं को शामिल किया गया है। राजनीतिक जानकार इसे अगले साल होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारी से भी जोड़कर देख रहे हैं।
UP में 10 सीटों पर होना है चुनाव
उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों पर चुनाव होना है। भाजपा ने आठ उम्मीदवार घोषित किए हैं, जबकि समाजवादी पार्टी ने भी अपने उम्मीदवारों के नाम सामने रखे हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में नामांकन और संख्या के हिसाब से मुकाबले की तस्वीर और साफ होगी।
राम प्रताप चौहान को टिकट मिलने से आगरा भाजपा में भी उत्साह है। मंडल स्तर से शुरू हुआ उनका राजनीतिक सफर अब राज्यसभा की उम्मीदवारी तक पहुंच गया है। यदि वह चुनाव जीतते हैं तो आगरा से राज्यसभा में भाजपा का एक और प्रमुख चेहरा पहुंच सकता है।

