Chandrashekhar Tiwari FIR : मध्य प्रदेश। भोपाल की टीटी नगर थाना पुलिस ने संस्कृति बचाओ मंच और हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने उन पर सोशल मीडिया के जरिए दुष्प्रचार फैलाने और दो समुदायों के बीच तनाव की स्थिति पैदा करने का आरोप लगाया है। यह कार्रवाई उस वीडियो के बाद की गई है, जिसे चंद्रशेखर तिवारी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम और फेसबुक पर साझा किया था।
पुलिस के अनुसार, वीडियो में दिए गए बयान से शहर के संवेदनशील इलाकों में तनाव बढ़ने की आशंका उत्पन्न हो गई थी। प्रशासन ने इसे कानून व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा माना और FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
गोविंदपुरा की घटना के बाद वायरल हुआ वीडियो
हाल ही में भोपाल के गोविंदपुरा क्षेत्र में बजरंग दल कार्यकर्ताओं और एक मुस्लिम युवक के बीच मारपीट का मामला सामने आया था। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। इसके बाद चंद्रशेखर तिवारी ने एक नया वीडियो जारी किया, जिसमें उन्होंने इस घटना को “लव जिहाद” से जोड़कर बयान दिए।
आरोप है कि वीडियो में उन्होंने मुस्लिम समुदाय के धर्मगुरु शहर काजी मुश्ताक अली नदवी की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए। पुलिस का कहना है कि वीडियो की भाषा और बयानबाजी से दो समुदायों के बीच विरोधाभास और तनाव की स्थिति बनी।
पुलिस कमिश्नर के आदेश का उल्लंघन
भोपाल पुलिस आयुक्त ने 12 मई 2026 को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी BNSS की धारा 163(2) के तहत निषेधाज्ञा लागू की थी। इस आदेश में स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि कोई भी व्यक्ति ऐसा कार्यक्रम आयोजित नहीं करेगा और न ही ऐसा भाषण देगा, जिससे किसी समुदाय की भावनाएं आहत हों या तनाव की स्थिति बने।
पुलिस का कहना है कि चंद्रशेखर तिवारी द्वारा सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो इस आदेश का सीधा उल्लंघन है। अधिकारियों के मुताबिक, वीडियो वायरल होने के बाद शहर में शांति भंग होने की आशंका बढ़ गई थी।
संवेदनशील इलाकों में बढ़ी सतर्कता
वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस और प्रशासन ने भोपाल के कई संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी नजर रखी जा रही है ताकि किसी तरह की अफवाह या भड़काऊ सामग्री को रोका जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर किसी भी अपुष्ट जानकारी को साझा न करें और शांति बनाए रखें।
वीडियो को लेकर बढ़ा राजनीतिक और सामाजिक विवाद
चंद्रशेखर तिवारी द्वारा जारी वीडियो के बाद शहर में राजनीतिक और सामाजिक बहस भी तेज हो गई है। कुछ लोग इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मामला बता रहे हैं, जबकि कई संगठनों ने वीडियो को भड़काऊ बताते हुए कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और तकनीकी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
पुलिस ने क्या कहा
पुलिस सूत्रों के अनुसार, वीडियो में इस्तेमाल किए गए शब्दों और आरोपों के कारण स्थानीय लोगों में आक्रोश की स्थिति बन गई थी। पुलिस का मानना है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं की जाती तो हालात और बिगड़ सकते थे। जांच एजेंसियां अब वीडियो के प्रसार और उससे जुड़े अन्य सोशल मीडिया अकाउंट्स की भी जांच कर रही हैं।