MP में 'अर्नब' का असर, 12 जिलों में आज बारिश; जानिए अपने शहर के मौसम का हाल
मानसून की विदाई के बाद जहां प्रदेश के कई शहरों में दिन के समय धूप और गर्मी महसूस हो रही थी, वहीं अब बारिश की संभावना ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। खासकर पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी मध्य प्रदेश में इसका असर ज्यादा देखने को मिल सकता है।
MP Weather News: मध्य प्रदेश में अक्टूबर के आखिरी दिनों में एक बार फिर मौसम बदल गया है। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवाती तूफान अर्नब का असर प्रदेश के कई हिस्सों में दिखाई देने की संभावना है। मौसम विभाग ने गुरुवार, 29 अक्टूबर को पूर्वी मध्य प्रदेश के 12 जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी दी है। इसके अलावा कई इलाकों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने के आसार हैं।
मानसून की विदाई के बाद जहां प्रदेश के कई शहरों में दिन के समय धूप और गर्मी महसूस हो रही थी, वहीं अब बारिश की संभावना ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। खासकर पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी मध्य प्रदेश में इसका असर ज्यादा देखने को मिल सकता है।
12 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 29 अक्टूबर को रीवा, सतना, मऊगंज, मैहर, सीधी, सिंगरौली, पन्ना, शहडोल, अनूपपुर, उमरिया, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट सहित पूर्वी मध्य प्रदेश के कई जिलों में बारिश की आशंका है। अलग-अलग मौसम रिपोर्टों में अलर्ट वाले जिलों की सूची में थोड़ा अंतर है, इसलिए लोगों को अपने जिले के लिए जारी ताजा चेतावनी पर ध्यान देना चाहिए।
जबलपुर और आसपास के क्षेत्रों में भी बादल छाने, बारिश होने और गरज-चमक की संभावना है। वहीं, भोपाल समेत पश्चिमी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी मौसम का असर देखने को मिल सकता है। हालांकि, सभी जिलों में बारिश की तीव्रता एक जैसी रहने का अनुमान नहीं है।
बंगाल की खाड़ी के सिस्टम से बदला मौसम
मौसम में इस बदलाव की मुख्य वजह बंगाल की खाड़ी में सक्रिय चक्रवाती सिस्टम है। इसके साथ दूसरे मौसमी सिस्टम भी प्रदेश के मौसम को प्रभावित कर रहे हैं। मौसम विज्ञान विभाग के मुताबिक 29 अक्टूबर को पूर्वी मध्य प्रदेश में बहुत भारी बारिश की चेतावनी है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर भी सतर्क रहने की जरूरत है।
मौसम का यह असर 30 अक्टूबर तक बना रह सकता है। इसके बाद फिलहाल जारी पूर्वानुमान में 31 अक्टूबर से बारिश संबंधी चेतावनी में कमी के संकेत हैं। हालांकि, मौसम की स्थिति के अनुसार आगे के पूर्वानुमान में बदलाव हो सकता है।
दिन और रात के तापमान में भी होगा बदलाव
बारिश और बादलों के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। बादल छाए रहने और बारिश होने से दिन के तापमान में गिरावट आ सकती है। वहीं, बारिश रुकने के बाद रात के तापमान में बदलाव महसूस हो सकता है।
इस मौसम में सुबह और रात के समय हल्की ठंडक के साथ दिन में गर्मी का अनुभव भी हो सकता है। इसलिए लोगों को मौसम के बदलते मिजाज के हिसाब से अपनी दिनचर्या तय करने की सलाह दी जाती है।
बारिश और बिजली से बचने के लिए रहें सतर्क
मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए बारिश प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए। गरज-चमक के दौरान खुले मैदान, पेड़ों के नीचे और बिजली के खंभों के पास खड़े होने से बचें। खेतों में काम करने वाले किसान मौसम की जानकारी लेकर ही काम की योजना बनाएं।
तेज बारिश की स्थिति में निचले इलाकों और जलभराव वाले रास्तों पर जाने से बचना चाहिए। यात्रा पर निकलने से पहले मौसम का ताजा अपडेट देखना भी जरूरी है। कुल मिलाकर, 29 और 30 अक्टूबर को मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम का बदला हुआ रूप देखने को मिल सकता है। खासकर पूर्वी जिलों में रहने वाले लोगों को बारिश और गरज-चमक को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है।




