MP Politics: राजेंद्र भारती ने खोले कई 'राज'! मध्यप्रदेश की राजनीति में मचा नया बवाल,जानिए पूरी खबर
MP Politics: दतिया उपचुनाव से पहले पूर्व विधायक राजेंद्र भारती ने कांग्रेस में भीतरघात, घनश्याम सिंह और डॉ. नरोत्तम मिश्रा के साथ कथित सांठगांठ के गंभीर आरोप लगाए।

MP Politics: दतिया विधानसभा उपचुनाव की मतगणना से पहले कांग्रेस से निष्कासित पूर्व विधायक राजेंद्र भारती ने अपनी ही पार्टी पर भीतरघात के आरोप लगाए। उन्होंने नवनिर्वाचित विधायक घनश्याम सिंह और भाजपा नेता डॉ. नरोत्तम मिश्रा के बीच कथित सांठगांठ का दावा करते हुए कई गंभीर सवाल उठाए।
फर्जी केस में फंसाने का लगाया आरोप
राजेंद्र भारती ने कहा कि उन्हें फर्जी मामले में फंसाकर विधायक पद के लिए अयोग्य कराया गया। उन्होंने कहा कि उनकी लड़ाई सिर्फ विधायक बनने की नहीं, बल्कि दतिया की राजनीति बदलने की थी। उन्होंने दावा किया कि उन्हें बलि का बकरा बनाया गया, लेकिन वे अपनी राजनीतिक लड़ाई जारी रखेंगे।
घनश्याम सिंह और नरोत्तम मिश्रा पर लगाए गंभीर आरोप
भारती ने दावा किया कि डॉ. नरोत्तम मिश्रा के खिलाफ पेड न्यूज मामले में घनश्याम सिंह को गवाह बनाया गया था, लेकिन उन्होंने कोर्ट में बयान नहीं दिया। उनका आरोप है कि दोनों नेताओं के बीच राजनीतिक सांठगांठ रही, जिसकी वजह से घनश्याम सिंह को टिकट मिला।
सुप्रीम कोर्ट में स्टे दिलाने का ऑफर मिलने का दावा
पूर्व विधायक ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट जाने के दौरान उनके वकील के पास दो वकील पहुंचे और तकनीकी आपत्ति हटाने के बदले स्टे दिलाने का प्रस्ताव दिया। भारती के मुताबिक, इसका उद्देश्य उपचुनाव टालना था, लेकिन उन्होंने इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया।
निष्कासन प्रक्रिया पर भी उठाए सवाल
राजेंद्र भारती ने कांग्रेस की अनुशासनात्मक कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्हें न कोई नोटिस मिला और न ही अपना पक्ष रखने का मौका दिया गया। उन्होंने पूछा कि आखिर इतनी जल्दबाजी में निष्कासन का फैसला किसके दबाव में लिया गया।