Himanta Biswa Sarma Oath : गुवाहाटी। असम की राजनीति में एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी ने मजबूत वापसी की है। हिमंता बिस्वा सरमा ने लगातार दूसरी बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेकर नई सरकार की शुरुआत कर दी है। गुवाहाटी के खानापारा वेटरनरी कॉलेज ग्राउंड में भव्य शपथ ग्रहण समारोह में हिमंता ने असमिया में शपथ ली। समारोह में हजारों कार्यकर्ता और समर्थक मौजूद रहे। कार्यक्रम को लेकर पूरे राज्य में उत्साह का माहौल दिखाई दिया।
चार विधायकों ने भी ली मंत्री पद की शपथ
मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के साथ चार विधायकों ने भी मंत्री पद की शपथ ली। इनमें रामेश्वर तेली, अतुल बोरा, चरण बोरो और अजंता नेओग शामिल हैं। नई कैबिनेट में अनुभवी नेताओं और नए चेहरों दोनों को जगह दी गई है। माना जा रहा है कि सरकार क्षेत्रीय संतुलन और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखकर बनाई गई है।
पीएम मोदी समेत कई बड़े नेता पहुंचे
हिमंता बिस्वा सरमा के शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शामिल हुए। इसके अलावा बीजेपी और NDA शासित राज्यों के कई मुख्यमंत्री तथा केंद्रीय मंत्री कार्यक्रम में मौजूद रहे। समारोह में पार्टी नेताओं ने असम में विकास और स्थिर सरकार का भरोसा जताया। बीजेपी ने इस जीत को जनता के विश्वास की जीत बताया।
रामेश्वर तेली को मिला कैबिनेट में स्थान
रामेश्वर तेली असम के चाय बागान समुदाय से आते हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत 2001 में विधायक के रूप में की थी। वे 2014 से 2024 तक डिब्रूगढ़ से सांसद रहे। केंद्र सरकार में उन्होंने खाद्य प्रसंस्करण उद्योग राज्य मंत्री के रूप में भी काम किया। अब एक बार फिर राज्य की राजनीति में उनकी भूमिका अहम मानी जा रही है।
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अजंता नेओग का राजनीतिक अनुभव बना ताकत
अजंता नेओग असम की वरिष्ठ महिला नेताओं में शामिल हैं। उन्होंने 1996 में पहली बार विधायक बनकर राजनीति में कदम रखा था। साल 2020 में उन्होंने कांग्रेस छोड़कर भाजपा जॉइन की थी। इसके बाद से वह हिमंता सरकार में लगातार अहम जिम्मेदारियां संभाल रही हैं। नई सरकार में भी उन्हें कैबिनेट में जगह दी गई है।
अतुल बोरा की फिर बढ़ी जिम्मेदारी
असम गण परिषद के प्रमुख नेता अतुल बोरा को भी नई सरकार में मंत्री बनाया गया है। वह 2016 से लगातार राज्य सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे हैं। क्षेत्रीय राजनीति में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है। बीजेपी और AGP गठबंधन में उनकी भूमिका काफी अहम मानी जा रही है।
चरण बोरो को पहली बार मिला बड़ा मौका
चरण बोरो को पहली बार कैबिनेट मंत्री बनाया गया है। उन्होंने 2016 में मजबत सीट से विधायक बनकर राजनीति में पहचान बनाई थी। पार्टी ने उन्हें युवा नेतृत्व के तौर पर आगे बढ़ाने का संकेत दिया है। इससे बीजेपी का फोकस नए चेहरों और युवा नेताओं पर भी दिखाई देता है।
नई सरकार से विकास की उम्मीदें
असम में नई सरकार बनने के बाद अब लोगों की नजर विकास योजनाओं पर टिकी हुई है। बीजेपी ने चुनाव के दौरान रोजगार, बुनियादी ढांचे, शिक्षा और निवेश बढ़ाने का वादा किया था। माना जा रहा है कि हिमंता सरकार अपने दूसरे कार्यकाल में विकास और कानून व्यवस्था पर ज्यादा फोकस करेगी।