MP CS Meeting : भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार ने जनहित से जुड़े मामलों के त्वरित और प्रभावी निराकरण को लेकर सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि आम जनता से संबंधित शिकायतों और सेवाओं का समय पर समाधान सुनिश्चित किया जाए। इसी क्रम में मुख्य सचिव अनुराग जैन ने विभागाध्यक्षों के साथ समीक्षा बैठक कर विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की। बैठक में प्रशासनिक कार्यों की प्रगति, लंबित मामलों की स्थिति और विभागीय जवाबदेही को लेकर विस्तार से समीक्षा की गई।
सीएम हेल्पलाइन और लोक सेवा गारंटी मामलों पर विशेष जोर
बैठक में सीएम हेल्पलाइन के लंबित प्रकरणों पर विशेष ध्यान दिया गया। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि सभी शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में संतोषजनक निराकरण किया जाए। साथ ही लोक सेवा गारंटी योजना के तहत आने वाले मामलों की साप्ताहिक मॉनिटरिंग करने के आदेश भी जारी किए गए।
विभागाध्यक्षों से कहा गया कि वे नियमित रूप से लंबित शिकायतों की समीक्षा करें और जनता को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराएं। सरकार का उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है।
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न्यायालयीन मामलों और कैबिनेट निर्णयों पर भी समीक्षा
मुख्य सचिव अनुराग जैन ने न्यायालयों में लंबित मामलों की भी समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी मामलों में समय पर जवाब-दावा प्रस्तुत किया जाए ताकि अनावश्यक देरी से बचा जा सके।
इसके अलावा कैबिनेट से स्वीकृत मामलों में शत-प्रतिशत आदेश जारी करने पर भी जोर दिया गया। बैठक में मानसून सत्र से पहले विधेयकों और विभागीय तैयारियों का भी आकलन किया गया, ताकि आगामी सत्र के दौरान किसी प्रकार की प्रशासनिक बाधा न आए।
उद्योग, सोलर ऊर्जा और कानून व्यवस्था पर भी चर्चा
बैठक में 12 उद्योगों को राहत देने से जुड़े विषयों की समीक्षा की गई। उद्योगों के घाटे और कर्मचारियों के लंबित वेतन से संबंधित मामलों पर भी चर्चा हुई। डी-रेगुलेशन के 12 मामलों को लेकर आवश्यक निर्देश जारी किए गए।
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इसके अलावा सभी सरकारी भवनों पर सोलर पैनल लगाने की प्रक्रिया को तेज करने पर सहमति बनी। साइबर अपराध, पॉक्सो मामलों, नशा तस्करी और स्वास्थ्य एवं राजस्व विभागों के कार्यों की भी समीक्षा की गई। सरकार ने इन क्षेत्रों में प्रभावी कार्रवाई और बेहतर समन्वय पर जोर दिया है।