Bengal Bomb Blast : नई दिल्ली। नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने पश्चिम बंगाल के चर्चित भांगड़ बम धमाका मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए पूर्व विधायक साओकोट मोल्ला को गिरफ्तार कर लिया है। एजेंसी के अनुसार मोल्ला लंबे समय से फरार चल रहे थे और उनकी तलाश लगातार की जा रही थी। आखिरकार उन्हें दक्षिण 24 परगना जिले से गिरफ्तार किया गया। इस गिरफ्तारी को मामले की जांच में एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।
चुनाव से पहले हुए धमाके की जांच में बड़ा खुलासा
यह मामला पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले हुए एक देसी बम धमाके से जुड़ा है। जांच के अनुसार कुछ लोग बम तैयार कर रहे थे, तभी विस्फोट हो गया। इस हादसे में बम बनाने वालों में से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी, जबकि कई अन्य लोग घायल हुए थे। घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू की थी।
मुख्य साजिशकर्ता होने का आरोप
NIA की जांच में सामने आया है कि साओकोट मोल्ला इस मामले में गिरफ्तार किए गए चौथे आरोपी हैं। एजेंसी का दावा है कि वे पूरे घटनाक्रम के मुख्य साजिशकर्ता थे। जांच के दौरान ऐसे साक्ष्य मिले हैं जिनसे पता चलता है कि उन्होंने अन्य आरोपियों को बम बनाने के निर्देश दिए थे। एजेंसी अब यह भी जांच कर रही है कि इस साजिश में और कौन-कौन लोग शामिल थे।
सबूत मिटाने के निर्देश देने का भी आरोप
जांच एजेंसी के अनुसार धमाके के बाद मोल्ला ने अन्य आरोपियों को घटनास्थल से छेड़छाड़ करने और सबूतों को प्रभावित करने के निर्देश भी दिए थे। NIA का मानना है कि इससे जांच को भटकाने की कोशिश की गई थी। इसी वजह से एजेंसी इस पहलू की भी गहराई से पड़ताल कर रही है।
अन्य आरोपियों से पूछताछ जारी
साओकोट मोल्ला की गिरफ्तारी एक अन्य आरोपी के पकड़े जाने के कुछ समय बाद हुई है। जांच में सामने आया था कि उस आरोपी ने धमाके के बाद मृतक और घायलों को अपनी स्कॉर्पियो गाड़ी से अलग-अलग स्थानों पर पहुंचाया था।
NIA अब सभी गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है ताकि किसी बड़ी साजिश या नेटवर्क का पता लगाया जा सके। गौरतलब है कि भारत सरकार के गृह मंत्रालय के निर्देश पर यह मामला राज्य पुलिस से लेकर NIA को सौंपा गया था।