Ajab – Gajab MP : देवास। मध्य प्रदेश के देवास जिले के बागली क्षेत्र के नयापुरा गांव में एक अनोखा विवाद सामने आया है। गांव के कई ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि एक व्यक्ति खुद को भगवान बताता है और लोगों पर उसकी पूजा करने का दबाव बनाता है। ग्रामीणों का कहना है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उन्हें सामुदायिक भवन तोड़ने और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी गई। मामले से परेशान होकर बड़ी संख्या में ग्रामीण शुक्रवार को कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और लिखित शिकायत देकर निष्पक्ष जांच तथा कार्रवाई की मांग की।
धार्मिक कार्यक्रमों में बाधा डालने का आरोप
ग्रामीणों ने शिकायत में कहा कि गांव में पिछले कई वर्षों से धार्मिक आयोजनों के दौरान लगातार विवाद की स्थिति बन रही है। उनका आरोप है कि संबंधित व्यक्ति और उसके समर्थक पूजा-पाठ और अन्य धार्मिक गतिविधियों में व्यवधान पैदा करते हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि इस कारण गांव का धार्मिक और सामाजिक माहौल प्रभावित हो रहा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि गांव में शांति और सौहार्द बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं।
नवरात्रि के आयोजनों को लेकर भी लगाए आरोप
सरपंच प्रतिनिधि लखन मखानिया ने बताया कि पिछले चार से पांच वर्षों से नवरात्रि सहित कई धार्मिक कार्यक्रमों में परेशानी पैदा की जा रही है। उनके अनुसार, घट स्थापना के दौरान रखी गई मटकियां गायब कर दी जाती हैं और धार्मिक आयोजनों में लगाए गए माइक भी बंद करा दिए जाते हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इस तरह की घटनाओं से धार्मिक आयोजन प्रभावित होते हैं और लोगों में असंतोष बढ़ रहा है।
विरोध करने पर धमकाने का भी आरोप
ग्रामीणों का कहना है कि जब कोई व्यक्ति इन गतिविधियों का विरोध करता है तो उसे जान से मारने और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी जाती है। महिलाओं ने भी प्रशासन के सामने अपनी बात रखते हुए कहा कि गांव का सामुदायिक भवन वर्षों से धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रमों का प्रमुख केंद्र रहा है। यदि इस भवन को नुकसान पहुंचाया गया तो पूरे गांव की सामूहिक गतिविधियां प्रभावित होंगी। इसलिए भवन की सुरक्षा सुनिश्चित करना जरूरी है।
प्रशासन ने जांच का दिया भरोसा
ग्रामीणों ने कलेक्टर से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही धार्मिक कार्यक्रमों के दौरान पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था भी उपलब्ध कराई जाए।
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कलेक्टर ने ग्रामीणों की शिकायत सुनने के बाद पूरे मामले की जांच कराने और तथ्यों के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया। प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।