No Lockdown : नई दिल्ली। देश में इन दिनों लॉकडाउन को लेकर फैल रही अफवाहों के बीच केंद्र सरकार ने स्थिति पूरी तरह स्पष्ट कर दी है। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू (Kiren Rijiju) ने साफ कहा है कि देश में लॉकडाउन लगाने की कोई योजना नहीं है। संसद के बाहर उन्होंने कहा कि हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) खुद पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं।
पेट्रोलियम मंत्री पुरी और वित्त मंत्री ने कही ये बात
सरकार के अन्य मंत्रियों ने भी इस तरह की खबरों को पूरी तरह खारिज किया है। पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी (Hardeep Singh Puri) ने कहा कि लॉकडाउन को लेकर फैल रही बातें पूरी तरह बेबुनियाद हैं और ऐसे समय में डर का माहौल बनाना गैर-जिम्मेदाराना है।
वहीं वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman) ने भी स्पष्ट किया कि कोविड-19 जैसा लॉकडाउन दोबारा नहीं लगाया जाएगा और लोगों को किसी भी तरह की चिंता करने की जरूरत नहीं है।
Gold Silver Price Today : सोने चांदी में फिर गिरावट, जानिये क्या है कारण
PM मोदी ने दिया था ये बयान
दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुछ दिन पहले संसद में वैश्विक हालात को लेकर चिंता जताई थी। उन्होंने कहा था कि पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष के कारण दुनिया में कठिन परिस्थितियां बनी हुई हैं, जिनका असर लंबे समय तक रह सकता है।
उन्होंने लोगों से अपील की थी कि जैसे देश ने कोरोना काल में एकजुट होकर चुनौतियों का सामना किया, वैसे ही अब भी धैर्य और संयम के साथ तैयार रहने की जरूरत है। प्रधानमंत्री आज मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक कर हालात की समीक्षा भी करने वाले हैं।
क्या बोले केन्द्रीय मंत्री रिजेजू
केन्द्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने यह भी कहा कि सरकार हर स्तर पर काम कर रही है ताकि आम जनता को किसी तरह की परेशानी न हो। उन्होंने अफवाह फैलाने वालों को चेतावनी देते हुए कहा कि पैनिक फैलाने की जरूरत नहीं है और जमाखोरी करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। सरकार ने राज्यों को भी निर्देश दिए हैं कि जरूरी वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए और कहीं भी कृत्रिम कमी न बनने दी जाए।
क्या बोले खड़गे- राहुल
विपक्ष की ओर से भी इस मुद्दे पर प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने प्रधानमंत्री के बयान पर सवाल उठाते हुए कहा कि कोविड जैसे हालात की तुलना करना ठीक नहीं है।
वहीं मल्लिकार्जुन खड़गे (Mallikarjun Kharge) ने भी कोरोना काल की कठिनाइयों को याद करते हुए कहा कि उस समय की पीड़ा को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
पश्चिम एशिया तनाव का भारत पर असर
पश्चिम एशिया में जारी तनाव का असर भारत पर भी साफ दिखाई दे रहा है। भारत अपनी जरूरत का लगभग 85 प्रतिशत कच्चा तेल आयात करता है, जिसमें से 60-65 प्रतिशत हिस्सा इसी क्षेत्र से आता है।
ऐसे में तनाव बढ़ने से तेल की कीमतों में उछाल आया है और इसका असर महंगाई पर भी पड़ रहा है। इसके अलावा, खाड़ी देशों में काम कर रहे लाखों भारतीयों की सुरक्षा और रोजगार पर भी इसका प्रभाव पड़ सकता है।
Iran Israel US War : ईरान बनाना चाहता है मुझे सुप्रीम लीडर… ट्रम्प बोले – Not Interested…
कुल मिलाकर, सरकार ने साफ कर दिया है कि देश में लॉकडाउन लगाने का कोई इरादा नहीं है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। ऐसे में लोगों को अफवाहों से बचने और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की सलाह दी जा रही है।