Mohan Yadav News : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ग्वालियर में आयोजित उन्नत कृषि संभागीय कार्यशाला में किसानों के लिए कई बड़ी घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य अगले पांच वर्षों में मध्य प्रदेश को देश का सबसे बड़ा दुग्ध उत्पादक राज्य बनाना है। इसके साथ ही सिंचाई, पशुपालन, आधुनिक खेती और किसान कल्याण से जुड़े कई अहम फैसलों की जानकारी भी दी।
दुग्ध उत्पादन में नंबर-1 बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश फिलहाल दुग्ध उत्पादन में देश में तीसरे स्थान पर है। सरकार अगले पांच वर्षों में इसे पहले स्थान पर पहुंचाने का लक्ष्य लेकर काम कर रही है। इसके लिए नेशनल डेयरी विकास योजना के तहत ग्वालियर और सांची दुग्ध संघ को और मजबूत किया जाएगा।
सिंचाई का रकबा 100 लाख हेक्टेयर तक बढ़ाने की तैयारी
सीएम ने बताया कि वर्ष 2003 में प्रदेश में सिंचाई का रकबा करीब 7.5 लाख हेक्टेयर था, जो अब बढ़कर 50 लाख हेक्टेयर हो चुका है। सरकार का लक्ष्य इसे 100 लाख हेक्टेयर तक पहुंचाना है। इसके लिए चंबल-पार्वती-कालीसिंध और केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है।
किसानों को कर्ज चुकाने के लिए मिलेगा एक साल
मुख्यमंत्री ने किसानों को राहत देते हुए कहा कि अब कृषि ऋण चुकाने के लिए 31 मार्च की समय सीमा की बाध्यता नहीं रहेगी। सरकार ने किसानों को ऋण चुकाने के लिए पूरे एक वर्ष का समय देने का फैसला किया है।
आधुनिक खेती और पशुपालन को मिलेगा बढ़ावा
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए पारंपरिक खेती के साथ बहु-फसली खेती और आधुनिक पशुपालन को बढ़ावा दिया जाएगा। ग्वालियर के खुरैरी और
जहांगीरपुर में करीब 13 करोड़ रुपये की लागत से हाईटेक नर्सरी और फ्लोरीकल्चर गार्डन तैयार किए जा रहे हैं, जिससे किसानों को नई तकनीकों की जानकारी मिलेगी।
बड़े शहरों में बनेंगी आधुनिक गौशालाएं
सरकार इंदौर, भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन और जबलपुर समेत प्रमुख शहरों में आधुनिक गौशालाएं विकसित करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि गौ-संरक्षण और पशुपालन को मजबूत कर किसानों की अतिरिक्त आय बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
सड़क सुरक्षा और पर्यावरण का भी दिया संदेश
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने लोगों को हेलमेट वितरित कर सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक किया। साथ ही ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत आम का पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना और खेती को लाभ का व्यवसाय बनाना है।