Amarnath Yatra 2026: 3 जुलाई से शुरू होने वाली 57 दिवसीय श्री अमरनाथ यात्रा-2026 को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चाक-चौबंद कर दी गई है। पहलगाम के नुनवान आधार शिविर में सीआरपीएफ की महिला जवानों की विशेष टुकड़ी तैनात की गई है। ये जवान महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा, जांच, सहायता और मार्गदर्शन की जिम्मेदारी संभाल रही हैं। वहीं पूरी यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए कई स्तरों पर सुरक्षा घेरा तैयार किया गया है।
महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा की जिम्मेदारी
नुनवान आधार शिविर में तैनात महिला जवान सुरक्षा जांच के दौरान महिला श्रद्धालुओं की तलाशी लेने, कतारों को व्यवस्थित रखने और बुजुर्ग व दिव्यांग महिलाओं की मदद करने का काम कर रही हैं। इसके अलावा यात्रा से जुड़ी जरूरी जानकारी देकर पहली बार आने वाले श्रद्धालुओं की भी सहायता की जा रही है।
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देशभर से पहुंचीं महिला जवान
इस विशेष टीम में उत्तर प्रदेश की मुस्कान त्यागी, आरती सिंह, आंध्र प्रदेश की संध्या रानी, नागालैंड की किरोन, पश्चिम बंगाल की सोमाश्री और राजस्थान की आशा बाई मीणा समेत कई महिला जवान शामिल हैं। अलग-अलग राज्यों से आई यह टीम महिला सुरक्षा के साथ सीआरपीएफ की राष्ट्रीय एकता और विविधता की भी मिसाल पेश कर रही है।
महिला श्रद्धालुओं ने जताई खुशी
यात्रा पर पहुंचीं महिला श्रद्धालुओं ने महिला सुरक्षा कर्मियों की तैनाती का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इससे सुरक्षा जांच की प्रक्रिया पहले की तुलना में ज्यादा सहज, सम्मानजनक और सुविधाजनक हो गई है।
पूरे यात्रा मार्ग पर सुरक्षा का कड़ा पहरा
श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए नुनवान आधार शिविर के साथ पहलगाम और बालटाल दोनों मार्गों पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
सीआरपीएफ, जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारतीय सेना और अन्य सुरक्षा एजेंसियां संयुक्त रूप से पूरे यात्रा मार्ग की निगरानी कर रही हैं।
ड्रोन से निगरानी, डॉग स्क्वाड भी तैनात
यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए रोड ओपनिंग पार्टी (ROP), बम निरोधक दस्ते (BDDS), डॉग स्क्वाड, ड्रोन निगरानी, क्विक रिएक्शन टीम (QRT) और रात्रिकालीन गश्त की व्यवस्था की गई है। शिविर में आने वाले हर व्यक्ति और वाहन की सघन जांच की जा रही है, जबकि अत्याधुनिक इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस सिस्टम भी लगातार निगरानी रख रहा है।
3 जुलाई से शुरू होगी यात्रा
57 दिवसीय श्री अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होकर 28 अगस्त तक चलेगी। श्रद्धालु इस दौरान अनंतनाग के पारंपरिक पहलगाम मार्ग और गांदरबल के बालटाल मार्ग से पवित्र अमरनाथ गुफा के दर्शन के लिए रवाना होंगे।