Rahul Gandhi Ravneet Bittu Clash : दिल्ली। संसद के मुख्य द्वार पर आज एक नजारा देखने को मिला जो राजनीतिक गलियारों में लंबे समय तक चर्चा का विषय बना रहेगा। कांग्रेस सांसद तख्तियां लेकर प्रदर्शन कर रहे थे। इसी बीच राहुल गांधी और केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू का आमना-सामना हो गया।
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दोनों के बीच जुबानी जंग शुरू हो गई। राहुल गांधी ने बिट्टू को “गद्दार दोस्त” कहा। उन्होंने कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में जाने को गद्दारी बताया। राहुल ने हाथ बढ़ाकर शेक करने की कोशिश की, लेकिन बिट्टू ने हाथ नहीं मिलाया। बिट्टू ने तुरंत पलटवार किया। उन्होंने कहा कि उनका “देश के दुश्मनों” से कोई लेना-देना नहीं है।
दरअसल, कांग्रेस सांसद संसद गेट पर प्रदर्शन कर रहे थे। राहुल गांधी वहां पहुंचे। उन्होंने अपने सांसदों की तारीफ की। तभी बिट्टू भी आए। राहुल ने उन्हें “गद्दार दोस्त” कहा। हाथ मिलाने की कोशिश की लेकिन बिट्टू ने मना कर दिया। दोनों के बीच बातचीत तेज हो गई। वीडियो में साफ दिख रहा है कि राहुल हाथ बढ़ाते हैं लेकिन बिट्टू पीछे हट जाते हैं।
केंद्रीय मंत्री बिट्टू का पलटवार:
केंद्रीय मंत्री रवनीत बिट्टू ने कहा कि उनका देश के दुश्मनों से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने राहुल के पुराने बयानों का जिक्र किया। कहा कि राहुल सिख समुदाय को बांटने की कोशिश कर रहे हैं।
कौन हैं रवनीत बिट्टू:
रवनीत सिंह बिट्टू पहले तीन बार कांग्रेस सांसद रहे। 2009 में आनंदपुर साहिब, 2014-2019 में लुधियाना से जीते। खालिस्तान समर्थकों के कट्टर आलोचक हैं। 2024 में बीजेपी में शामिल हुए। लुधियाना से हारे लेकिन मंत्री बने।
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यह पहली बार नहीं जब राहुल गांधी और केंद्रीय मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू के बीच तीखी बयानबाजी हुई है। सितंबर 2024 में भी बिट्टू ने राहुल को “देश का नंबर वन टेररिस्ट” कहा था। बिट्टू पहले कांग्रेस में थे। 2009 से 2019 तक कांग्रेस सांसद रहे। 2024 में बीजेपी में शामिल हुए। अब वे राज्य मंत्री हैं।
बता दें कि, बिट्टू के पिता और दादा की हत्या खालिस्तान समर्थकों ने की थी। 2007 में राहुल गांधी से मिलने के बाद राजनीति में आए। 2024 में पार्टी बदल ली।
यहां देखिये वीडियो