Raghav Chadha News : नई दिल्ली। दिल्ली की आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने उभरते चेहरे और राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा को पार्टी के राज्यसभा उपनेता (डिप्टी लीडर) के पद से हटा दिया है। बीते कुछ दिनों से राघव चड्ढा सोशल मीडिया पर खूब चर्चा में थे। संसद में उन्होंने जनता से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को जोरदार तरीके से उठाया था, जिनकी रील्स सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुईं और लोगों के बीच व्यापक चर्चा का विषय बनीं।
आम आदमी पार्टी में अरविंद केजरीवाल के बाद सबसे चर्चित नेताओं में राघव चड्ढा का नाम प्रमुखता से लिया जाता है। ऐसे में पार्टी का यह अचानक फैसला कई लोगों को ‘खुद के पैर पर कुल्हाड़ी मारने’ जैसा माना जा रहा है। राजनीतिक गलियारों में इस कदम को लेकर कयासबाजी भी तेज हो गई है। कई लोग अनुमान लगा रहे हैं कि राघव चड्ढा अब भाजपा में शामिल हो सकते हैं।
क्यों हटाया डिप्टी लीडर पद से
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, हाल के दिनों में उनकी बढ़ती लोकप्रियता, संसद में सक्रिय भूमिका और सोशल मीडिया पर मजबूत पकड़ के चलते वह तेजी से एक बड़े चेहरे के रूप में उभर रहे थे, जिसे देखते हुए आलाकमान ने उन्हें बैकफुट पर करने का फैसला लिया।
यह भी कहा जा रहा है कि कुछ नेताओं को उनकी लोकप्रियता रास नहीं आ रही थी, इसलिए संगठन के भीतर संतुलन बनाए रखने के लिए यह कदम उठाया गया। हालांकि, पार्टी ने इस पर कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया है।
इन मुद्दों से चर्चा में रहे राघव चड्ढा
1. डिजिटल कंटेंट क्रिएटर्स का मुद्दा
18 दिसंबर 2025 को राज्यसभा में राघव चड्ढा ने डिजिटल कंटेंट क्रिएटर्स की समस्याएं उठाईं। उन्होंने कहा कि यूट्यूब और इंस्टाग्राम पर काम करने वाले लाखों लोगों को पुराने कॉपीराइट कानून (1957) से परेशानी हो रही है। उन्होंने “फेयर यूज” को स्पष्ट करने और एल्गोरिदम आधारित कॉपीराइट स्ट्राइक्स पर रोक लगाने की मांग की।
2. फ्रूट जूस की भ्रामक ब्रांडिंग
मार्च 2026 में उन्होंने पैकेट वाले फ्रूट जूस की भ्रामक मार्केटिंग का मुद्दा उठाया। उनका कहना था कि कंपनियां आकर्षक पैकेजिंग दिखाकर असल में शुगर सिरप बेच रही हैं, जिससे बच्चों और युवाओं में मोटापा और डायबिटीज जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं। उन्होंने सख्त लेबलिंग नियम लागू करने की मांग की।
3. मोबाइल डेटा की मिडनाइट एक्सपायरी
23 मार्च 2026 को उन्होंने मोबाइल डेटा खत्म होने के नियम पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि बचा हुआ डेटा रात 12 बजे खत्म हो जाता है, जबकि उपभोक्ता उसका पूरा भुगतान करता है। उन्होंने डेटा रोलओवर और ट्रांसफर की सुविधा देने की मांग की।
4. 28 दिन वाले रिचार्ज प्लान
मार्च 2026 में राघव चड्ढा ने 28 दिन वाले मोबाइल रिचार्ज प्लान को “छिपी हुई लूट” बताया। उनका कहना था कि इससे उपभोक्ताओं को साल में 13 बार रिचार्ज करना पड़ता है, जो अतिरिक्त आर्थिक बोझ है।
Raghav Chadha : सांसद राघव चड्ढा को AAP से बड़ा झटका, राज्यसभा में डिप्टी लीडर पद से हटाया
5. मेंस्ट्रुअल हाइजीन पर जोर
13 मार्च 2026 को उन्होंने मासिक धर्म को स्वास्थ्य और शिक्षा का मुद्दा बताते हुए स्कूलों में बेहतर सुविधाएं और जागरूकता बढ़ाने की मांग की। उन्होंने कहा कि यह दान नहीं, बल्कि अधिकार का विषय है।
6. पेटर्निटी लीव की मांग
राघव चड्ढा ने संसद में पिता को भी बच्चे के जन्म के बाद पेड लीव देने की वकालत की। उन्होंने कहा कि पालन-पोषण की जिम्मेदारी केवल मां की नहीं, बल्कि दोनों माता-पिता की होनी चाहिए।
7. एयरपोर्ट पर सस्ता खाना
उन्होंने एयरपोर्ट पर महंगे खाने के मुद्दे को उठाते हुए UDAN Yatri Cafe जैसी सस्ती सुविधा की मांग की। बाद में मुंबई एयरपोर्ट पर 10 रुपये की चाय पीकर उन्होंने इस पहल को सफल उदाहरण के तौर पर पेश किया।