Iran-Israel War Effects : मध्य पूर्व में हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं। ईरान और इजरायल के बीच चल रहा सैन्य टकराव अब और खतरनाक रूप ले चुका है। पहले इजरायल और अमेरिका ने मिलकर ईरान के कई ठिकानों पर हमला किया था। इसके जवाब में ईरान ने इजरायल के साथ-साथ खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ईरान ने कुवैत, संयुक्त अरब अमीरात, कतर और बहरीन में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डों पर मिसाइलें दागी हैं। इस बढ़ते टकराव के कारण अब कई देश सीधे या परोक्ष रूप से इस संघर्ष में शामिल हो चुके हैं। पूरी दुनिया की नजर इस स्थिति पर टिकी है और अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है।
Iran Attack on US : सऊदी- UAE- कतर… हर देश में मिसाइलें बरसा रहा ईरान, खाड़ी देशों में हाई अलर्ट
कच्चे तेल के दाम में उछाल
इस युद्ध का सबसे बड़ा असर कच्चे तेल की कीमतों पर पड़ सकता है। भारत समेत कई देश अपना तेल होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते आयात करते हैं। अगर इस मार्ग पर तनाव बढ़ता है या आवाजाही प्रभावित होती है, तो सप्लाई घट सकती है और कीमतें तेजी से बढ़ सकती हैं।
हाल ही में कच्चे तेल की कीमत 2.78% बढ़कर 67.02 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गई। बाजार खुलने के बाद इसमें और तेजी आने की संभावना जताई जा रही है। तेल महंगा होने से भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ सकते हैं, जिससे महंगाई पर दबाव पड़ेगा।
Iran- Israel War : 70 बैलिस्टिक मिसाइलों से ईरान का पलटवार, पूरे इजरायल में इमरजेंसी
शेयर बाजार में गिरावट की आशंका
युद्ध जैसे हालात में निवेशकों का भरोसा डगमगा जाता है। यही वजह है कि भारतीय शेयर बाजार में भी गिरावट देखी सकती है। शुक्रवार को सेंसेक्स 961 अंक यानी 1.17% और निफ्टी 50 317 अंक यानी 1.25% गिरकर बंद हुआ।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर तनाव और बढ़ता है तो आने वाले दिनों में बाजार में और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। निवेशक फिलहाल सतर्क रुख अपना रहे हैं।
सोना-चांदी में तेजी की उम्मीद
जब भी वैश्विक स्तर पर युद्ध या संकट की स्थिति बनती है, निवेशक सुरक्षित निवेश की ओर रुख करते हैं। सोना और चांदी को सुरक्षित विकल्प माना जाता है। ऐसे में इनके दाम में तेजी आना तय माना जा रहा है।
इस समय 10 ग्राम सोने की कीमत करीब 1,61,971 रुपये और चांदी की कीमत लगभग 2,74,389 रुपये बताई जा रही है। विशेषज्ञों के अनुसार, अगर हालात और बिगड़े तो इनकी कीमतों में और उछाल आ सकता है।
आगे क्या?
फिलहाल यह कहना मुश्किल है कि यह संघर्ष कितने समय तक चलेगा और कितना व्यापक रूप लेगा। लेकिन इतना तय है कि इसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पड़ेगा।
Aaj Ka Rahifal : कुंभ में पंचग्रह योग और कर्क में चंद्रमा का गोचर, जानें आपकी राशि का हाल
भारत जैसे आयात-निर्भर देश के लिए तेल की कीमतें और शेयर बाजार की चाल अहम मुद्दे बने रहेंगे। सरकार और निवेशक दोनों की नजर अब आने वाले दिनों के घटनाक्रम पर टिकी हुई है।