Cyber Fraud: तमिलनाडु सीएम के नाम पर इंदौर में साइबर ठगी का खेल, क्या है मामला?
Cyber Fraud: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नाम और उनके फाउंडेशन का इस्तेमाल कर साइबर ठग लोगों को अपना शिकार बना रहे हैं। कैसे जाल में फंसते जा रहे लोग, जानिए पूरी खबर

Cyber Fraud: इंदौर में साइबर ठगी का एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नाम का इस्तेमाल कर लोगों को निशाना बनाने की कोशिश की जा रही है। विजय के नाम और फाउंडेशन का सहारा लेकर ठग लोगों को बिजनेस, एजुकेशन और स्टार्टअप लोन के साथ विदेश में पढ़ाई के लिए आर्थिक सहायता दिलाने का झांसा दे रहे हैं। इस मामले में इंदौर क्राइम ब्रांच और साइबर सेल तक करीब आधा दर्जन शिकायतें पहुंच चुकी हैं।
मदद का झांसा देकर साइबर ठगी
साइबर ठग लोगों को फोन कर खुद को विजय के फाउंडेशन से जुड़ा बताते हैं। बातचीत इतनी भरोसेमंद तरीके से की जाती है कि सामने वाला आसानी से उनके जाल में फंस सकता है। इसके बाद फाउंडेशन से आर्थिक मदद दिलाने का लालच दिया जाता है।
मोबाइल पर एक लिंक और अकाउंट खाली!
ठग लोगों के मोबाइल पर एक लिंक भेजते हैं और उस पर रजिस्ट्रेशन करने के लिए कहते हैं। रजिस्ट्रेशन के बाद GST, ऑनलाइन प्रोसेसिंग और दूसरे चार्ज के नाम पर पैसे जमा करवाए जाते हैं। इसी तरह अलग-अलग बहानों से लोगों से रकम ऐंठने का खेल शुरू हो जाता है। साइबर ठगों ने कई लोगों को इसी तरीके से अपना निशाना बनाया है।
शिकायतें सामने आने के बाद पुलिस अलर्ट
इंदौर में लगातार शिकायतें सामने आने के बाद क्राइम ब्रांच और साइबर सेल ने मामले को गंभीरता से लिया है। पुलिस अब फर्जी कॉल करने वालों के मोबाइल नंबर, बैंक खातों और डिजिटल नेटवर्क की जांच कर रही है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि इस ठगी के पीछे कोई संगठित साइबर गिरोह है या अलग-अलग ठग एक ही तरीके का इस्तेमाल कर रहे हैं।
तमिलनाडु पुलिस से भी संपर्क
मामले की गंभीरता को देखते हुए इंदौर पुलिस इस पूरे साइबर फ्रॉड की जानकारी तमिलनाडु पुलिस के साथ भी साझा करेगी। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक मुख्यमंत्री या उनके फाउंडेशन के नाम का इस्तेमाल कर ठगी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। दोनों राज्यों की पुलिस अब इस फर्जीवाड़े के तार जोड़ने और आरोपियों तक पहुंचने के लिए डिजिटल सुराग खंगाल रही है।
पुलिस का साइबर अलर्ट
इंदौर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि मुख्यमंत्री या उनके फाउंडेशन के नाम से आने वाले किसी भी अनजान फोन कॉल पर भरोसा न करें। किसी अनजान लिंक पर क्लिक न करें और अपनी निजी जानकारी, बैंक डिटेल, OTP या अन्य संवेदनशील जानकारी साझा न करें।
बड़ा नाम देखकर न करे भरोसा
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि साइबर ठग अब सिर्फ आम लोगों के नाम नहीं बल्कि बड़े राजनीतिक नामों और संस्थाओं की पहचान का भी इस्तेमाल कर रहे हैं। इसलिए किसी भी आर्थिक सहायता या लोन के ऑफर पर भरोसा करने से पहले उसकी आधिकारिक पुष्टि जरूर करें।
