UPDATE : CJP प्रोटेस्ट मामले में 5 FIR दर्ज, PM खामोश क्यों छात्रों से माफी मांगें, लाठीचार्ज पर भड़के राहुल गांधी
UPDATE : प्रदर्शन के दौरान हुई झड़प और हिंसा के आरोपों के बाद दिल्ली पुलिस ने पांच एफआईआर दर्ज की हैं।
UPDATE : नई दिल्ली। दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संसद मार्च के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। प्रदर्शन के दौरान हुई झड़प और हिंसा के आरोपों के बाद दिल्ली पुलिस ने पांच एफआईआर दर्ज की हैं। इस बीच पुलिस कार्रवाई को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी भी तेज हो गई है। सरकार, विपक्ष और आंदोलन से जुड़े नेताओं ने इस पूरे घटनाक्रम पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दी हैं।
हिंसा के आरोप में पांच FIR दर्ज, जांच जारी
दिल्ली पुलिस ने संसद मार्ग, बाराखंभा रोड और कनॉट प्लेस थाना क्षेत्र में अज्ञात लोगों के खिलाफ पांच एफआईआर दर्ज की हैं। इन मामलों में दंगा, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और सरकारी कर्मचारियों पर हमला करने जैसी धाराएं लगाई गई हैं।
पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज और सोशल मीडिया पर उपलब्ध वीडियो व पोस्ट की मदद से हिंसा में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सरकार और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा प्रदर्शन के दौरान घायल हुए लोगों से मिलने दिल्ली के राम मनोहर लोहिया (RML) अस्पताल पहुंचे। वहीं कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने सरकार पर युवाओं, किसानों और गरीबों की आवाज दबाने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों को शांतिपूर्वक सुनना चाहिए और शिक्षा मंत्री को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने भी कहा कि प्रधानमंत्री को छात्रों से संवाद करना चाहिए और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
CJP ने टाला संसद मार्च, वांगचुक का अनशन जारी
CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा कि पुलिस कार्रवाई में छात्रों के घायल होने के बाद पार्टी ने फिलहाल संसद मार्च नहीं निकालने का फैसला किया है। उनका कहना है कि छात्रों की सुरक्षा उनके लिए सबसे बड़ी प्राथमिकता है।
दूसरी ओर, सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने कहा कि पुलिस कार्रवाई देखने के बाद उन्होंने अपना अनशन जारी रखने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा।
मामले पर सभी की नजर, आगे की कार्रवाई का इंतजार
संसद मार्च के बाद दर्ज मामलों की जांच जारी है और पुलिस सबूत जुटाने में लगी है। वहीं राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाओं से यह मुद्दा और अधिक चर्चा में आ गया है। आने वाले दिनों में जांच की प्रगति और सरकार की आगे की रणनीति पर सभी की नजर रहेगी।