HIGHLIGHTS:
- बांदा 48°C के साथ दुनिया का तीसरा सबसे गर्म शहर
- खजुराहो में 47.4°C तापमान दर्ज
- MP के 16 जिलों में पारा 44°C के पार
- पूरे मध्य प्रदेश में हीटवेव का अलर्ट जारी
- मानसून की धीमी चाल से बढ़ी गर्मी की मार

HEAT WAVE ALERT: भोपाल। मध्य प्रदेश में नौतपा शुरू होने से पहले ही भीषण गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर दिया है। इस साल नौतपा 25 मई से शुरू होकर 2 जून तक रहेगा, लेकिन उससे चार दिन पहले ही प्रदेश के कई शहरों में तापमान 47 डिग्री के पार पहुंच गया है। खजुराहो में बुधवार को 47.4°C तापमान दर्ज किया गया, जबकि नौगांव में पारा 46.6°C तक पहुंच गया। राजधानी भोपाल समेत पूरे प्रदेश में गर्म हवाओं का असर देखा जा रहा है। मौसम विभाग ने प्रदेशभर में हीटवेव का अलर्ट जारी किया है।
बलूचिस्तान और थार से आ रही गर्म हवाएं
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक पाकिस्तान के बलूचिस्तान और थार मरुस्थल से आने वाली गर्म और शुष्क हवाएं सीधे उत्तर भारत के मैदानी इलाकों को प्रभावित कर रही हैं। यही वजह है कि मई के आखिरी सप्ताह जैसी भीषण गर्मी अभी से महसूस हो रही है। महाराष्ट्र के वर्धा में 47.1°C, नागपुर में 46.6°C और हरियाणा के रोहतक में 46.9°C तापमान रिकॉर्ड हुआ। मध्य प्रदेश के नौगांव में भी पारा 46.6°C तक पहुंच गया। लगातार बढ़ती गर्मी ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है।
डॉक्टरों की चेतावनी: शरीर को रखें हाइड्रेट
एम्स दिल्ली के मेडिसिन विभाग के प्रोफेसर डॉ. नीरज निश्चल ने लोगों को दोपहर 10 बजे से 3 बजे तक धूप से बचने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि बुजुर्ग, बच्चे और पहले से बीमार लोग हीटवेव के सबसे ज्यादा शिकार हो सकते हैं। डॉक्टरों के अनुसार प्यास न लगने पर भी दिनभर में कम से कम 4 लीटर पानी पीना जरूरी है। हल्के रंग और ढीले कपड़े पहनने के साथ भारी शारीरिक मेहनत से बचने की सलाह दी गई है।
Gold price down: चांदी ₹3761 टूटकर ₹2.65 लाख पर, सोना ₹1116 हुआ सस्ता
मानसून की चाल धीमी
देशभर में गर्मी बढ़ने की एक बड़ी वजह मानसून की धीमी रफ्तार भी मानी जा रही है। मौसम विभाग के मुताबिक मानसून फिलहाल अंडमान-निकोबार और कोलंबो के आसपास ही ठहरा हुआ है। हालांकि पूर्वोत्तर भारत और दक्षिण के कुछ हिस्सों में मौसम बदलने के संकेत मिले हैं। अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है, जबकि तमिलनाडु, केरल, पुडुचेरी और कर्नाटक में 24 मई तक बारिश का दौर जारी रह सकता है। लेकिन उत्तर और मध्य भारत में फिलहाल गर्मी से राहत मिलने की संभावना बेहद कम है।