MP Sewage Excavation : सीवेज खुदाई ने बिगाड़ी भोपाल की हालत, इंजीनियर बोले- 3 दिन में सड़कें न सुधरीं तो छोड़ देंगे काम

MP Sewage Excavation : मध्य प्रदेश। भोपाल में बीते 24 घंटों के दौरान बैरागढ़ से लेकर अरेरा हिल्स तक करीब 12 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। यह बारिश भले ही ज्यादा नहीं थी, लेकिन इतनी सी बारिश ने शहर में चल रहे अधूरे निर्माण कार्यों की वास्तविक स्थिति उजागर कर दी। शहर के कई इलाकों में सीवेज नेटवर्क बिछाने के लिए सड़कें खोदकर छोड़ दी गई हैं। बारिश के बाद इन सड़कों पर कीचड़, जलभराव और फिसलन बढ़ गई, जिससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। शनिवार रात से रविवार सुबह तक कई लोग फिसलकर घायल हुए और अनेक स्थानों पर पैदल चलना तक मुश्किल हो गया। शहर के कई इलाकों में लोगों का निकलना हुआ मुश्किल शिवाजी नगर, छह नंबर, गौतम नगर, रचना नगर, शांति निकेतन, एमपी नगर, लालघाटी, नीलबड़ और रातीबढ़ सहित शहर के कई प्रमुख क्षेत्रों में हालात बेहद खराब रहे। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़कें लंबे समय से खुदी हुई हैं और बरसात शुरू होते ही स्थिति और गंभीर हो गई है। कई स्थानों पर वाहन फंस रहे हैं, जबकि दोपहिया चालकों और पैदल चलने वालों के लिए जोखिम बढ़ गया है। रहवासी लगातार शिकायत कर रहे हैं, लेकिन उन्हें राहत नहीं मिल रही है। MP Monsoon Update : मानसून काउंटडाउन शुरु! 18 तक मप्र में एंट्री, जानिए आज कैसा रहेगा मौसम छह महीने से अधूरा पड़ा है सड़क सुधार कार्य नगर निगम के आंकड़ों के अनुसार पिछले छह महीनों में नरेला, हुजूर और दक्षिण-पश्चिम विधानसभा क्षेत्रों में सीवेज नेटवर्क निर्माण के लिए लगभग 100 किलोमीटर सड़कें खोदी गई थीं। इनमें से करीब 60 किलोमीटर सड़कों का ही पुनर्निर्माण या रेस्टोरेशन किया जा सका है। अभी भी लगभग 40 किलोमीटर सड़कें ऐसी हैं जिनका सुधार कार्य पूरा नहीं हुआ है। निगम के नियमों के अनुसार खुदाई के 21 दिनों के भीतर सड़कों का रेस्टोरेशन होना चाहिए, लेकिन कई स्थानों पर छह महीने बाद भी काम अधूरा पड़ा है। नगर निगम का दावा, तीन दिन में पूरा होगा काम नगर निगम के प्रभारी कार्यपालन यंत्री आर.के. त्रिवेदी का कहना है कि खुदाई के कारण लोगों को परेशानी हुई है। उन्होंने दावा किया है कि अगले तीन दिनों में सड़कों के रेस्टोरेशन का कार्य पूरा कर दिया जाएगा। निगम का कहना है कि संबंधित ठेकेदारों को लगातार निर्देश दिए जा रहे हैं और काम में तेजी लाई जा रही है। हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले भी ऐसे कई आश्वासन दिए जा चुके हैं, लेकिन स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। MP RS Election 2026 : मध्य प्रदेश की तीसरी राज्यसभा सीट पर मुकाबला रोचक! BJP- कांग्रेस की सीधी टक्कर नीलबड़ में छह महीने से परेशानी नीलबड़ क्षेत्र के बरखेड़ी खुद्द इलाके में जनवरी में सीवेज लाइन के लिए सड़क खोदी गई थी। स्थानीय निवासी राजेंद्र आहुजा के अनुसार पिछले छह महीनों से लोगों को आने-जाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार की बारिश के बाद सड़क कीचड़ में बदल गई और रविवार सुबह एक पानी का टैंकर मिट्टी में फंस गया। छोटे वाहन भी इस मार्ग से नहीं निकल पाए। स्थानीय लोग लंबे समय से सड़क सुधार की मांग कर रहे हैं। लालघाटी में बुजुर्गों ने घरों से निकलना किया बंद लालघाटी के विजय नगर क्षेत्र में जनवरी से सड़क खुदाई का काम चल रहा है। यहां अब तक रेस्टोरेशन नहीं किया गया है। स्थानीय निवासी लक्ष्मण लालवानी का कहना है कि खराब सड़क और कीचड़ के कारण वरिष्ठ नागरिकों ने घरों से बाहर निकलना कम कर दिया है। बच्चों और महिलाओं को भी रोजाना परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों का आरोप है कि शिकायतों के बावजूद स्थिति में कोई बड़ा सुधार नहीं हुआ है। Hantavirus Update : हंता वायरस के 13 मामले अब तक सामने आए, तीन लोगों की मौत 50 से ज्यादा नोटिस और 25 लाख का जुर्माना भी बेअसर नगर निगम ने दावा किया है कि लापरवाही बरतने वाले चार ठेकेदारों को अब तक 50 से अधिक नोटिस जारी किए जा चुके हैं। इसके अलावा उनसे 25 लाख रुपये से ज्यादा का जुर्माना भी वसूला गया है। इसके बावजूद निर्माण कार्यों की गति और गुणवत्ता में कोई बड़ा बदलाव नहीं दिखाई दिया है। नागरिकों का कहना है कि केवल नोटिस और जुर्माना लगाने से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि समय पर काम पूरा कराना जरूरी है। इंडस कॉलोनी में पहली बारिश में ही सामने आई समस्या नर्मदापुरम रोड स्थित इंडस कॉलोनी में सीवेज लाइन के लिए खोदी गई सड़क पहली ही बारिश में जलभराव और कीचड़ से भर गई। रहवासियों का कहना है कि अधूरा रेस्टोरेशन और खराब निर्माण गुणवत्ता के कारण लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। कई स्थानों पर वाहन फिसल रहे हैं और पैदल चलना भी चुनौती बन गया है। Govt Jobs New Rules : MP में सरकारी नौकरी के नियम बदलने की तैयारी, दो से ज्यादा बच्चे होने पर नहीं मिलेगी नियुक्ति सबसे ज्यादा प्रभावित हैं ये विधानसभा क्षेत्र नगर निगम के रिकॉर्ड के अनुसार शहर की तीन प्रमुख विधानसभा क्षेत्रों में लगभग 40 किलोमीटर सड़कों का सुधार कार्य अभी लंबित है। इनमें नरेला और गोविंदपुरा क्षेत्र में लगभग 20 किलोमीटर सड़कें, दक्षिण-पश्चिम क्षेत्र में करीब 15 किलोमीटर सड़कें और हुजूर क्षेत्र में लगभग 5 किलोमीटर सड़कों का रेस्टोरेशन शेष है। यही कारण है कि बारिश के दौरान इन क्षेत्रों में सबसे अधिक समस्याएं सामने आ रही हैं। रचना नगर में लोग पहले से जता रहे थे आशंका रचना नगर निवासी एम.के. शर्मा का कहना है कि पिछले चार महीनों से क्षेत्र में सीवेज लाइन की खुदाई चल रही है। सड़कों की खराब स्थिति को देखकर स्थानीय लोगों को पहले से अंदेशा था कि बारिश शुरू होते ही हालात बिगड़ जाएंगे। रविवार को कई लोग कीचड़ में फिसलकर घायल हुए। रहवासियों का कहना है कि समय पर सड़क सुधार किया जाता तो ऐसी स्थिति नहीं बनती। RGPV Restructuring Plan : RGPV को तीन हिस्सों में बांटने की मोहन सरकार की योजना, जानिये क्या है पूरा प्लान लोगों की मांग: जल्द पूरा हो सड़क रेस्टोरेशन शहर के विभिन्न इलाकों के लोगों ने नगर निगम से मांग की है कि बरसात के मौसम को देखते हुए
MP Monsoon Update : मानसून काउंटडाउन शुरु! 18 तक मप्र में एंट्री, जानिए आज कैसा रहेगा मौसम

MP Monsoon Update : भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून की दस्तक अब ज्यादा दूर नहीं है। मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून तेजी से छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ रहा है, जिसे मध्यप्रदेश में मानसून प्रवेश का प्रमुख मार्ग माना जाता है। इसी वजह से 18 जून तक प्रदेश में मानसून के पहुंचने के संकेत मिल रहे हैं। मानसून के आगमन से पहले प्रदेशभर में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो गई हैं और कई जिलों में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। 29 जिलों में बारिश, भोपाल में सबसे ज्यादा असर पिछले 24 घंटों के दौरान भोपाल समेत 29 जिलों में बारिश दर्ज की गई। राजधानी भोपाल में रविवार सुबह तक 67.5 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई। अधिकतम तापमान 37 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शाम के समय करीब 38 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चलीं। लगातार हो रही बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। MP RS Election 2026 : मध्य प्रदेश की तीसरी राज्यसभा सीट पर मुकाबला रोचक! BJP- कांग्रेस की सीधी टक्कर कई जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी मौसम केंद्र ने प्रदेश के कई जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, सीधी, सिंगरौली, सागर, दमोह, कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, जबलपुर, मंडला, बालाघाट, सिवनी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन और बड़वानी समेत कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। देश के कई हिस्सों में आगे बढ़ रहा मानसून भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश हिस्सों तक पहुंच चुका है। नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम और असम के बड़े क्षेत्रों में मानसून सक्रिय है। अगले तीन से चार दिनों में महाराष्ट्र, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और ओडिशा के अन्य हिस्सों में भी मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं। TN Politics : तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा उलटफेर, विजय की TVK में शामिल हुए AIADMK के 4 पूर्व मंत्री दक्षिण भारत में भारी बारिश, उत्तर भारत में लू का असर मौसम विभाग ने केरल, कर्नाटक और तमिलनाडु में अगले सात दिनों के दौरान भारी से अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। वहीं राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भीषण गर्मी और लू चलने की संभावना बनी हुई है। विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के बाद उत्तर भारत में भी मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
MP RS Election 2026 : मध्य प्रदेश की तीसरी राज्यसभा सीट पर मुकाबला रोचक! BJP- कांग्रेस की सीधी टक्कर

MP RS Election 2026 : भोपाल। मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां चरम पर पहुंच गई हैं। खासतौर पर तीसरी राज्यसभा सीट पर मुकाबला अब बेहद रोचक माना जा रहा है। कांग्रेस की उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन के सामने भारतीय जनता पार्टी ने महेश केवट को मैदान में उतार दिया है। दोनों प्रत्याशी आज नामांकन दाखिल करेंगे। इस सीट पर सीधी टक्कर ने चुनावी माहौल को और गर्म कर दिया है। भाजपा की रणनीतिक बैठक में बनी सहमति राज्यसभा चुनाव को लेकर रविवार को भाजपा की महत्वपूर्ण रणनीतिक बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में तीसरी सीट के लिए संभावित नामों पर विस्तार से चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार कई विकल्पों पर विचार करने के बाद पार्टी नेतृत्व ने महेश केवट के नाम पर सहमति बनाई। इसके बाद उनके नाम को अंतिम रूप दिया गया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह फैसला सामाजिक और राजनीतिक समीकरणों को ध्यान में रखकर लिया गया है। Hantavirus Update : हंता वायरस के 13 मामले अब तक सामने आए, तीन लोगों की मौत भाजपा कार्यालय में जुटेंगे वरिष्ठ नेता महेश केवट के नामांकन को लेकर भाजपा ने व्यापक तैयारियां की हैं। सोमवार सुबह 11:45 बजे भाजपा प्रदेश कार्यालय में मुख्यमंत्री मोहन यादव सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे। कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल, प्रदेश प्रभारी महेंद्र सिंह और संगठन के अन्य पदाधिकारी भी शामिल होंगे। इसके बाद नेता और कार्यकर्ता सामूहिक रूप से विधानसभा पहुंचेंगे। नामांकन के साथ शक्ति प्रदर्शन की तैयारी राज्यसभा चुनाव के नामांकन को भाजपा राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन के अवसर के रूप में भी देख रही है। पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं की बड़ी मौजूदगी के बीच महेश केवट अपना नामांकन पत्र दाखिल करेंगे। दूसरी ओर कांग्रेस भी अपनी उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन के समर्थन में सक्रिय है। ऐसे में दोनों दलों के बीच राजनीतिक मुकाबला और दिलचस्प होता जा रहा है। TN Politics : तमिलनाडु की राजनीति में बड़ा उलटफेर, विजय की TVK में शामिल हुए AIADMK के 4 पूर्व मंत्री चुनावी गणित पर टिकी सभी की नजर तीसरी राज्यसभा सीट पर भाजपा और कांग्रेस के बीच सीधी टक्कर ने चुनावी गणित को चर्चा का विषय बना दिया है। राजनीतिक दल अपने-अपने विधायकों को एकजुट रखने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। आने वाले दिनों में राज्यसभा चुनाव को लेकर और भी राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की संभावना है। फिलहाल सभी की निगाहें नामांकन प्रक्रिया और आगे की चुनावी रणनीतियों पर टिकी हुई हैं।