Highlights
- ईरान में बिगड़ते हालात के बीच 10–12 हजार भारतीय फंसे।
- भारत सरकार ने सभी भारतीय नागरिकों को ईरान छोड़ने की एडवाइजरी जारी की।
- ट्रम्प की धमकी के बाद ईरान ने प्रदर्शनकारियों को फांसी देने से पीछे हटने के संकेत।
- ईरान ने ट्रंप को मारने की दी धमकी।
Iran Unrest: ईरान में मौजूदा हालात तेजी से बिगड़ते नजर आ रहे हैं। हिंसक प्रदर्शन, इंटरनेट बंद और अंतरराष्ट्रीय दबाव के बीच वहां रह रहे भारतीय नागरिकों को लेकर चिंता बढ़ गई है। आशंका है कि हालात और गंभीर हो सकते हैं।
10 -12 हजार भारतीय फंसे
जानकारी के मुताबिक ईरान में इस समय 10 से 12 हजार भारतीय मौजूद हैं। इनमें बड़ी संख्या छात्रों की है। खासकर 2 से 3 हजार कश्मीरी छात्र मेडिकल की पढ़ाई के लिए ईरान में रह रहे हैं।
छात्र संगठनों की चिंता
जम्मू-कश्मीर स्टूडेंट्स एसोसिएशन (JKSA) ने कहा है कि इंटरनेट बंद होने और कई इलाकों में हिंसा के कारण छात्रों से संपर्क मुश्किल हो गया है। इससे भारत में उनके परिवारों की चिंता बढ़ गई है। संगठन ने सरकार से छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
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भारत की एडवाइजरी
भारत सरकार ने अपने नागरिकों को ईरान छोड़ने की सलाह दी है। छात्रों, तीर्थयात्रियों, व्यापारियों और पर्यटकों से जल्द से जल्द सुरक्षित जगह पर जाने को कहा गया है। भारतीय दूतावास के संपर्क में रहने और भीड़भाड़ से दूर रहने की अपील की गई है।
भारत के अलावा स्पेन, इटली और पोलैंड ने भी अपने नागरिकों को ईरान छोड़ने की सलाह दी है। हालात पर दुनिया की नजर बनी हुई है।
ईरान ने दी ट्रंप को धमकी
ईरानी सरकार ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को जान से मारने की धमकी दी है। सरकारी टीवी चैनल पर यह धमकी पर्शियन में दिखाई गई, जिसमें 2024 में पेंसिल्वेनिया के बटलर में ट्रंप पर हुए हमले की फुटेज भी दिखाई गई और संदेश दिया गया कि ” इस बार गोली निशाने से नहीं चूकेगी।”
अमेरिका की सख्त चेतावनी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की धमकियों के बाद ईरान ने प्रदर्शनकारियों को फांसी देने से पीछे हटने के संकेत दिए हैं। ईरान के विदेश मंत्री ने कहा कि फांसी देने की कोई योजना नहीं है।
26 साल के प्रदर्शनकारी इरफान सुलतानी को फांसी दी जानी थी, लेकिन फिलहाल यह टाल दी गई है। मानवाधिकार संगठनों का आरोप है कि सरकार डर फैलाने के लिए इस तरह के कदम उठा रही है।