Farooq Abdullah Firing : श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला (Farooq Abdullah) पर बुधवार (11 मार्च) देर रात एक शादी समारोह के दौरान जानलेवा हमला हो गया। घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में स्थित रॉयल पार्क में हुई, जहां अचानक फायरिंग होने से अफरा-तफरी मच गई। हालांकि इस हमले में फारूक अब्दुल्ला बाल-बाल बच गए और उन्हें किसी तरह की चोट नहीं आई।
जानकारी के अनुसार उस समय कार्यक्रम में जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री सुरेंद्र चौधरी भी मौजूद थे। जैसे ही गोली चलने की आवाज आई, वहां मौजूद सुरक्षा कर्मी तुरंत हरकत में आ गए और स्थिति को नियंत्रित कर लिया। कार्यक्रम में सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस और एनएसजी के कमांडो पहले से तैनात थे, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
मौके से ही पकड़ा गया आरोपी
घटना के तुरंत बाद पुलिस और सुरक्षा बलों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए हमलावर को मौके से ही हिरासत में ले लिया। उसके पास से वह पिस्तौल भी बरामद कर ली गई है, जिससे फायरिंग की गई थी।
घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें फायरिंग के बाद मौजूद लोग हमलावर को घेरकर पकड़ते नजर आ रहे हैं। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और हमले के पीछे की वजह जानने की कोशिश कर रही है।
कौन है आरोपी कमल सिंह जामवाल
पुलिस के अनुसार हमलावर की पहचान 61 वर्षीय कमल सिंह जामवाल के रूप में हुई है, जो जम्मू के पुराने शहर इलाके का रहने वाला बताया जा रहा है। उसका जन्म 1963 में हुआ था और ओल्ड सिटी क्षेत्र में उसकी कई दुकानें हैं, जिनसे मिलने वाले किराए से वह अपना जीवन यापन करता है।
पुलिस ने उसके पास से एक लाइसेंसी पिस्तौल बरामद की है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया है कि वह पिछले करीब 20 साल से फारूक अब्दुल्ला की हत्या करने की योजना बना रहा था और किसी मौके की तलाश में था। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि उसने इस हमले की योजना कैसे बनाई और क्या इस घटना में कोई और भी शामिल था।
नेताओं की प्रतिक्रिया
बीजेपी नेता रविंदर रैना ने इस घटना को बेहद गंभीर बताते हुए कहा कि शादी समारोह में हुई फायरिंग चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि राहत की बात यह है कि समारोह में मौजूद सभी लोग सुरक्षित हैं और आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। वहीं नेशनल कॉन्फ्रेंस के विधायक तनवीर सादिक ने बताया कि उन्होंने फारूक अब्दुल्ला और अन्य नेताओं से बात की है और सभी सुरक्षित हैं।
उमर अब्दुल्ला ने जताई चिंता
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला (CM Omar Abdullah) ने सोशल मीडिया पर लिखा कि “अल्लाह मेहरबान हैं, मेरे पिता बाल-बाल बच गए।” उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि आखिर कोई व्यक्ति सुरक्षा घेरे को पार कर उनके इतने करीब कैसे पहुंच गया।
फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच में किसी आतंकी साजिश के संकेत नहीं मिले हैं, लेकिन सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।