बसपा के प्रचार वाहन ने मारी 17 साल के नाबालिग को टक्कर
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार प्रसार तेज़ हो गया है।लेकिन बसपा पार्टी के लिए यह प्रचार प्रसार भारी पड़ गया।प्रदेश के सतना जिले के मैहर में पार्टी के प्रचार वाहन ने एक नाबालिग को टक्कर मार दी जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। बसपा के प्रचार वाहन से मारी नाबालिग को टक्कर इन दिनों प्रदेश में सभी दल अपना जोरों तोरों से अपना बल आज़मा रहे हैं।सभी नेता प्रचार प्रसार में जुटे हुए हैं,ऐसे पार्टियाँ प्रचार के लिए वाहनों का भी प्रयोग कर रही हैं।इसी तरह बहुजन समाजवादी पार्टी ने भी प्रचार के लिए वाहनों का प्रयोग किया पर बसपा पार्टी का एक वाहन 17 साल के नाबालिग के लिए काल साबित हुआ। यह मामला बदेरा थाना में आने वाले भदनपुर क्षेत्र का है।क्षेत्र में रहने वाला कृष्णा जयसवाल नामक एक नाबालिग अपने घर के पास की मैडिकल स्टोर पर दवाई लेने गया था,लौटते वक्त पैदल चलते नाबालिग को बसपा के प्रचार वाहन ने ज़ोर की टक्कर मार दी।स्पीड में आते वाहन के चालक ने तब भी वाहन को नहीं रोका और अपने रास्ते चल दिया।फिलहाल पुलिस आरोपी चालक का पता लगा रही है। यह भी पढ़ें- विपक्षी नेताओं ने केंद्र सरकार पर लगाया जासूसी का आरोप
अमित शाह ने ग्वालियर में कार्यकर्ताओं को दिया जीत का यह मंत्र
मध्य प्रदेश के इस चुनावी माहौल में एक के बाद एक केंद्रीय नेताओं की भी आवाजाही लगी हुई है।कल प्रदेश के ग्वालियर क्षेत्र में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह मौजूद रहे।शाह ने कार्यकर्ताओं को जीत का मंत्र दे दिया है।उन्होंने रूठे हुए कार्यकर्ताओं पर भी बात की साथ ही सपा-बसपा की मदद करने की सलाह दी है। अमित शाह ने कार्यकर्ताओं को दिया जीत का मंत्र प्रदेश के ग्वालियर चंबल क्षेत्र को सबसे महत्वपूर्ण कहा जाता है। ऐसा माना जाता है कि जिसने भी इस क्षेत्र पर जीत हासिल की सरकार भी उसी की बनती है।लेकिन बीते कुछ दिनों से बीजेपी को क्षेत्र से कई बड़े झटके मिले है ऐसे में चुनावी तैयारियों की समीक्षा लेने खुद अमित शाह ने ली। शाह ने कहा कि इस समय जो लोग पार्टी से नाराज है यदि वह मान जाँए तो ठीक वरना आगे बड़ें।किसी भी फूफा को मनाने की कोई ज़रूरत नहीं है।शाह आगे कहते हैं कि रूठे हुए कार्यकर्ता 10 नबम्बर तक खुदबाखुद पार्टी के प्रचार के लिए आ जाँएगे। इनकों मनाने की दी सलाह शाह आगे कहते हैं कि “अभी जो लोग पार्टी से बगावत कर चुनाव लड़ रहे हैं, उनसे जरूर संपर्क करें. उनको मनाने की कोशिश करें, जिससे वो अपना नाम वापस ले लें।अगर जरूरत हो तो मुझसे भी बात कराएं। शाह ने कहा, जिन लाभार्थियों को डबल इंजन की सरकार का लाभ मिला है, उनसे सीधे संपर्क करो। उनका वोट हर हालत में डले, इसके प्रयास करो”। अमित शाह ने इन पार्टियों की मदद करने की बात कही केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने सपा और बसपा के लोगों की मदद करने को भी कहा है।वह कहते हैं कि “ये जितने मजबूत होंगे, उतना हमें फायदा होगा। यही कांग्रेस को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाएंगे।उन्होंने कहा, अपने रूठे हुए फूफाओं को मनाने की ज्यादा जरूरत नहीं है।” यह भी पढ़ें- कमलनाथ और दिग्विजय को अचानक क्यों बुलाया दिल्ली
कमलनाथ और दिग्विजय को अचानक क्यों बुलाया दिल्ली
एमपी कांग्रेस में टिकट वितरण के बाद से ही संग्राम सा छिड़ा हुआ है।पार्टी के दिग्गज नेताओं में अनबन नज़र रही है हांलांकि नेता ऑल इज़ वेल कहते नज़र आ रहे हैं।बीते कुछ दिनों से पीसीसी चीफ कमलनाथ और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह में नोकझोक दिखाई दे रही थी बताया जा रहा है कि इसी को देखते हुए दिल्ली से दोनों को बुलावा आया है। कमलनाथ और दिग्विजय को अचानक बुलाया दिल्ली कल कमलनाथ जहां कमलनाथ इंदौर दौरे पर थे वहीं पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने भी दतिया में एक जनसभा को सम्बोधित किया।लेकिन अचानक देर शाम दिल्ली से दोनों नेताओं को बुलावा आ गया जिसमें नाथ और राजा के साथ प्रदेश चुनाव प्रभारी रणदीप सुरजेवाला को भी बुलाया गया है। बताया जा रहा है कि आज दिल्ली में कांग्रेस पार्टी की एक खास बैठक होने वाली है।बैठक पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी की मौजूदगी में होगी।जिसमें पीसीसी चीफ कमलनाथ,पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह और प्रदेश चुनाव प्रभारी रणदीप सूरजेवाला भी मौजूद रहेंगे। इस विषय पर होगी चर्चा बैठक को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं कि इसमें चुनाव के अंतिम चरम की रणनीति भी तय की जाएगी साथ ही बचे हुए नेताओं के दौरे और कैम्पेन की योजना भी बनाई जा सकती है।जानकारी के अनुसार 4 नबम्बर को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और 8 एवं 9 तारीख को महासचिव प्रियंका गांधी का प्रदेश दौरा होगा। यह भी पढ़ें- बालाघाट प्रत्याशी मौसम बिसेन ने नहीं भरा नामांकन पत्र
बालाघाट प्रत्याशी मौसम बिसेन ने नहीं भरा नामांकन पत्र
मध्य प्रदेस विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन की आखिरी तारीख भी अब निकल चुकी है पर अब भी टिकट में फेर बदल का दौर जारी है।दरअसल प्रदेश की बालाघाट सीट से भारतीय जनता पार्टी ने उम्मीदवार के तौर पर मंत्री गौरीशंकर बिसेन की बेटी मौसम बिसेन को चुनावी मैदान में उतारा था।लेकिन चौकाने वाली बात यह है कि मौसम ने नामांकन पर्चा भरा ही नहीं। जिस कारण अब इस सीट पर बड़ा फेर बदल होने की आशंका जताई जा रही है। मौसम बिसेन ने नहीं भरा पर्चा भाजपा ने बालाघाट सीट से मौसम बिसेन को प्रत्याशी बनाया था पर शुरू में ही उम्मीदवार के पिता मंत्री गौरीशंकर बिसेन से अपना डमी नामांकन कर दिया था।पूछने पर गौरीशंकर ने कहा था कि अभी बेटी की तबीयत ठीक नहीं है आगे आश्वासन दिया था कि वह भी नामांकन करेंगी । पर आपको बतादें कि उम्मीदवार ने कल यानी आखिरी दिन भी नामांकन नहीं किया है। मौसम का कहना है कि उन्होंने पार्टी से उम्मीदवार बदलने की अपील की थी जिसपर पार्टी ने पिता गौरीशंकर बिसेन को उम्मीदवार बनाया है।प्रत्याशी ने अपने खराब स्वास्थ का हवाला देते हुए अपनी पार्टी से टिकट बदलने की बात कही थी अब उनकी जगह उनके पिता चुनाव लड़ रहे हैं। पिता ने क्यों भरा नामांकन पत्र बालाघाट से मौसम बिसेन को टिकट मिलने के बाद से क्षेत्र का मुकाबला रोचक माना जा रहा था।लेकिन अब पिता गौरीशंकर ही बालाघाट से भाजपा की ओर से चुनावी मैदान में उतरेंगे। सूत्रों का मानना है कि मौसम को क्षेत्र से एक कमज़ोर प्रत्याशी के रूप में देखा जा रहा था।कांग्रेस पार्टी की ओर से अनुभा मुंजारे को टिकट दिया गया है।जिनके खिलाफ अब मैदान में उतरेंगे गौरीशंकर बिसेन। यह भी पढ़ें- प्रदेश कांग्रेस महासचिव ने थामा भाजपा का दामन
उत्तर भोपाल और हुजूर विधानसभा में कांग्रेस के लिए बड़ी मुश्किलें
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन करने की आज आखिरी तारीख थी।पर आज भी कांग्रेस पार्टी में बगावत के सुर कम होते नज़र नहीं आए।भोपाल क्षेत्र की दो विधानसभा सीटों पर आज नामांकन के आखिरी दिन बागी नेताओं ने भी निर्दलीय पर्चा भर दिया।जिसके बाद उत्तर भोपाल और हुजूर विधानसभा में होगा त्रिकोणीय मुकाबला। उत्तर भोपाल में चाचा ने भरा भतीजे के खिलाफ पर्चा भोपाल शहर की उत्तर भोपाल विधानसभा से लगातार जीतते रहे आरिफ अकील के बेटे को कांग्रेस पार्टी ने टिकट दिया है।क्षेत्र से टिकट की मांग आरिफ के छोटे भाई आमिर ने भी की थी पर पार्टी ने आरिफ के मंजले बेटे आतिफ को टिकट दिया है।पार्टी के टिकट ना देने पर अब आमिर बगावत पर उतर आए हैं। आमिर ने आज अपने ही भतीजे के खिलाफ चुनावी जंग छेड़ दी है।उत्तर भोपाल से भारतीय जनता पार्टी की ओर से आलोक शर्मा को प्रत्याशी बनाया गया है।यानी इस बार कांग्रेस के गढ़ में देखने को मिलेगी कड़ी टक्कर। हुजूर विधानसभा से भी भरा बागी नेता ने पर्चा भोपाल की हुजूर विधानसभा में भी कांग्रेस पार्टी की गुटबाजी के कारण क्षेत्र में पार्टी को नुकसान हो सकता है।दरअसल इस क्षेत्र से भी कांग्रेस पार्टी के पूर्व विधायक जितेंद्र सिंह डागी ने निर्दलीय चुनाव लड़ने का मूड बना लिया है। कांग्रेस पार्टी ने यहां से नरेश ज्ञानचंदानी को टिकट दिया है जिससे नाराज़ पार्टी के बागी नेता ने नामांकन कर लिया है।इस क्षेत्र से भाजपा का प्रतिनिधित्व रामेश्वर शर्मा करने वाले हैं। यानी भोपाल की इन दोनों सीटों पर इस बार मुकाबला त्रिकोणीय रहने वाला है। यह भी पढ़ें- नामांकन करने गए अजय टंडन ने जोश में खो दिया होश
नामांकन करने गए अजय टंडन ने जोश में खो दिया होश
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन करने की आज आखिरी तारीख है।जिसके कारण प्रदेश भर में आज राजनेता अपने नामांकन करने के लिए निकले हैं।प्रदेश के दमोह जिले में नामांकन के लिए निकले कांग्रेस और भाजपा के प्रत्याशी आमने सामने हुए तो कांग्रेस प्रत्याशी अजय टंडन ने बोनट पर चढ़कर किया शक्ति प्रदर्शन। अजय टंडन ने जोश में खो दिया होश आज दमोह में नामांकन करने के लिए सड़कों पर उतरे भाजपा और कांग्रेस के प्रत्याशियों की रैली आपस में टकरा गई।दोनों ही दल एक दूसरे के आमने सामने आए।कांग्रेस की रैली शहर के घंटाघर से अस्पताल चौराहे की ओर आगे बड़ रही थी।इस दौरान पार्टी के प्रत्याशी अजय टंडन ने डॉ अम्बेडकर की प्रतिमा पर माला चढ़ाई और रैली बैंक चौराहे की ओर आगे बड़ गई. बोनट पर चढ़कर किया डांस कांग्रेस की रैली के पीछे ही आ रही थी भारतीय जनता पार्टी की रैली। दोनों ही दलों की रैलियों में शक्ति प्रदर्शन शुरू हो गया। इसी बीच कांग्रेस प्रत्याशी अजय टंडन जोश जोश में अपनी ओपन जीप के बोनट पर चढ़ गए।इसके बाद टंडन ने लगातार दस मिनट तक बोनट पर डांस किया। टंडन ने भाजपा प्रत्याशियों की ओर देखकर ताल ठोकी और उन्हें अंगूठा भी दिखाया। भाजपा रैली में लगे जिंदाबाद के नारे जब कांग्रेस पार्टी की रैली जा रही थी तब पीछे बीजेपी की रैली चल रही थी।जब दोनों रैलियाँ एक दूसरे के करीब आई तो भाजपा के कार्यकर्ताओं ने जिंदाबाद के नारे लगाना शुरू कर दिया.जिसके बाद कांग्रेस की रैली में भी नारेबाज़ी के शोर गूंज उठे।मामले में पुलिस को दखल देना पड़ा,पुलिस ने बात आगे ना बड़े इसके लिए कई प्रयास किए।अच्छी बात यह रही कि इस शक्ति प्रदर्शन में बात ज्यादा आगे नहीं बड़ पाई। यह भी पढ़ें- सिंधिया को दिया था चैलेंज अब क्यों मांग रहे गोपाल सिंह जनता से भीख
सिंधिया को दिया था चैलेंज अब क्यों मांग रहे गोपाल सिंह जनता से भीख
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव आते आते सभी दलों के नेता एक दूसरे पर आक्रमक होते नज़र आ रहे हैं.राजनीति में चलते आरोप प्रत्यारोप के इस दौर के बीच सिंधिया को चैलेंज देने वाले नेता गोपाल सिंह जनता से भीख मांगते नज़र आए हैं.जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो रहा है. गोपाल सिंह ने क्यों मांगी जनता से भीख विधायक गोपाल सिंह मुंगावली क्षेत्र के छोटी भोपाल में प्रचार के लिए गए थे.विधायक ने यहाँ क्षेत्र के कांग्रेस प्रत्याशी यादवेंद्र सिंह यादव के लिए समर्थन मांगा.इस दौरे के समय गोपाल सिंह के साथ प्रत्याशी के छोटे भाई अजय यादव भी मौजूद थे. वीडियो में दिखाई दे रहा है कि गांव के बाहर कुछ जनता के साथ विधायक मौजूद हैं और कह रहे हैं कि “अब कोई भी गड़बड़ नहीं होनी चाहिए, आप सभी के हाथ-पांव जोड़ रहा हूं” मेरी इस चुनाव में इज्जत दांव पर लगी है, हम आप लोगों से भीख मांगते हैं कोई गड़बन नहीं होना चाहिए”. सिंधिया को दिया था खुला चैलेंज विधायक गोपाल सिंह ने बीते कुछ दिन पहले एक जनसभा को सम्बोधित करते हुए सिंधिया को चैलेंज दे दिया था.विधायक ने कहा कि मैं अपने दम पर विधायक बना था किसी राजा महाराजा की चमचागिरी करके नहीं.मै 20 सालों तक केवल जनता के आशीर्वाद के कारण जनपद अध्यक्ष रहा और तीन बार कांग्रेस पार्टी से विधायक रहा हूँ.आगे कहते हैं कि हिम्मत हो तो लगा लेना अगर मुझमें होगी तो मै जीत जाऊँगा.जितने तलवे चाटना हो शिवराज के चाट लो पर सरकार तो हमारी आएगी,हमारी सत्ता बनेगी. यह भी पढ़ें- कौन है गजेंद्र सिंह राजूखेड़ा, जिसने वापस लिया कांग्रेस पार्टी से अपना इस्तिफा
कौन है गजेंद्र सिंह राजूखेड़ा, जिसने वापस लिया कांग्रेस पार्टी से अपना इस्तिफा
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए जब से कांग्रेस पार्टी ने अपनी लिस्ट जारी की तभी से पार्टी में बगावत के सुर उठते नज़र आ रहे हैं.पार्टी के कई कार्यकर्ताओं ने इस्तिफा सौंप दिया है जिनमें से एक बागी नेता गजेंद्र सिंह राजूखेड़ा ने अब अपना इस्तिफा वापस ले लिया है.इस नेता ने पहले कमलनाथ से बातचीत की और फिर अपना इस्तिफा वापस ले लिया. गजेंद्र सिंह राजूखेड़ा ने वापस लिया अपना इस्तिफा धार के पूर्व सांसद गजेंद्र सिंह राजूखेड़ा ने पार्टि से नाराजगी जताते हुए पार्टी छोड़ दी थी.दरअसल पूर्व सांसद मलावर और धर्मपुरी क्षेत्र से टिकट की मांग कर रहे थे पर जब पार्टी ने उनकी बात नहीं मानी तो बागी नेता ने अपनी ही पार्टी के खिलाफ नाराजगी जता दी और कांग्रेस से रिजाईन दे दिया. कमलनाथ ने कर दिया कैसा जादू कांग्रेस पार्टी में अब तक कई कार्यकर्ताओं ने अपना इस्तिफा दे दिया है.कुछ ने इस कदर विरोध भी किया कि पार्टी के बड़े नेता तक के पुतले फुक गए.जिसे देखते हुए पार्टी के बड़े नेता लम्बे समय से बागियों को साधने की कोशिश कर रहे थे.अब इसी के नेतीजे में पार्टी को एक खुश खबरी मिली है. टिकट ना मिलने से नाराज़ धार के पूर्व सांसद ने अपना इस्तिफा वापस ले लिया है.हालही में नेता ने पीसीसी चीफ और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ से मुलाकात की जिसके बाद बागी नेता ने अपना इस्तिफा वापस ले लिया.बताया जा रहा है कि कमलनाथ की ही समझाईश के बाद गजेंद्र सिंह राजूखेड़ा ने यह बड़ा कदम उठाया है. यह भी पढ़ें- करोड़ो की नौकरी छोड़, राजनीति करने भारत आए प्रखर
उज्जैन में स्थित है माँ करवा चौथ का यह अद्भुत मंदिर
भारत में सभी सुहागिन स्त्रियाँ अपने पति की लम्बी उम्र की कामना के लिए करवा चौथ का व्रत रखती हैं।लेकिन करवा मैया के मंदिरों की बात करें तो वह काफी कम सुनने को मिलते हैं।ऐसा ही एक अनोखा करवा चौथ मैया का मंदिर मध्य प्रदेश के उज्जैन में भी स्थित है।जिसके कपाट साल में केवल एक बार खुहलते हैं. करवा चौथ माता का मंदिर उज्जैन इंदौर के नादरा बायपास के पास स्थित है जीवनखेड़ी नामक एक गाँव है जिसके एक खेत में मौजूद है माँ करवा का मंदिर.यह मंदिर एक निजी सम्पत्ती पर स्थित है.मंदिर का निर्माण डॉ कैलाश नागवंशी ने अपनी माँ लक्ष्मीदेवी की स्मृति में बनवाया था. खेत के बीचों बीच बने मंदिर की खास बात यह है कि इसके कपाट साल में केवल एक दिन यानी करवा चौथ के दिन खोले जाते हैं.मंदिर के दर्शन करने ग्रामीण और शहरी दोनों महिलाँए आती हैं और कथा सुनती हैं.मंदिर निर्माणक का कहना है कि वह करीब 20 साल से देवी की सेवा कर रहे हैं.आने वाले करवा चौथ के दिन वह सभी महिलाओं को माँ कामाख्या देवी का सिंदूर और रुद्राक्ष भेंट में देंगे. यह है पूजा का शुभ मुहूर्त इस दिन महिलाँए बिना कुछ खाए पिए चंद्रोदय तक का इंतजार करती हैं.चंद्र दर्शन के बाद ही वह व्रत का परायण करती हैं.इस बार का यह पावन त्योहार 1 नबम्बर को मनाया जाएगा.पूजा करने का शुभ मुहूर्त शाम 5 बजे से लेकर के 8 बजकर 15 मिनट तक का है. यह भी पढ़ें- करवा चौथ पर करे इस मुहूर्त में पूजा, इन खास बातों का रखें ध्यान
दिग्विजय सिंह छोटे दलों पर बोल गए बड़ी बात,गुटबाजी को लेकर दी सफाई
मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के अंदर चल रही गुटबाजी की चर्चा तेज़ रो रही है। बीते कुछ दिनों से पार्टी के दो बड़े नेता कमलनाथ और दिग्विजय सिंह के बीच तकरार के कई मामले सामने आए थे।अब दिग्विजय सिंह इन्हीं मामलों पर सफाई देते नज़र आए हैं। दिग्विजय सिंह ने दी यह सफाई दिग्विजय ने कहा कि “ मैं 30 तारीख को दतिया जा रहा हूँ दतिया में नरोत्तम मिश्राजी के खिलाफ जनता में जो रोष है मैं वहाँ जाकर कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार का जब पर्चा भरेगा तो मैं उनके साथ वहाँ मौजूद रहूँगा इसलिए साथियों इन भ्रामक प्रचारों से दूर रहें कांग्रेस पार्टी में सब लोग एक हैं एक जुट हैं जनता जो बदलाव चाहती है उसी बदलाव के लिए हम जनता से ये अपील करते हैं। ” छोटे दलों पर बोल गए बड़ी बात दिग्विजय सिंह ने आगे छोटे दलों पर भी साधा निशाना कही कि “यह भी एक बात समझने की है कि एक तरफ जन बल है कांग्रेस के साथ दूसरी तरफ धन बल है भाजपा के साथ और वह धन बल का उपयोग झूठे खबरें छपवाने में करते हैं ये पुरानी इनकी रणनीति रही है इन सबको समझते हैं।इस प्रदेश में दो ही दल हैं या तो सरकार कांग्रेस की बनेगी या भाजपा की यह छोटे छोटे दलों की कोई सरकार बनने वाली नहीं है इसलिए जनता इनके झांसे में ना आए” यह भी पढ़ें- बीजेपी ने गुना और विदिशा में इन नेताओं के समर्थकों को दिया टिकट