Pariksha pe charcha 2024 में पीएम मोदी ने दी छात्रों को ये टिप्स

Pariksha pe charcha 2024 :10वी और 12वी बोर्ड परीक्षा नज़दीक हैं और ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों का बर्डन कम करने के लिए परीक्षा पर चर्चा की। इस चर्चा में पीएम ने बच्चों को मोबाईल का उदाहरण दे कर अपने मन और बॉडी को स्वस्थ रखने की सलाह दी। पीएम मोदी की इन टिप्स का इस्तेमाल पर हर छात्र लगा सकता है पढ़ाई में मन। (Pariksha pe charcha) में छात्रों को दी ये सलाह Pariksha pe charcha में पीएम मोदी ने छात्रों से बात करते हुए बताया कि छात्र जब मोबाईल में एक के बाद एक रील देखते हैं तो उनका समय तो बर्बाद होता ही है साथ ही इससे उनकी नींद भी खराब होती है। वह बताते हैं कि आधुनिक स्वास्थ्य विज्ञान के मुताबिक स्वस्थ रहने के लिए अच्छी नींद ज़रूरी है। वह खुद का उदाहरण देते हुए कहते हैं कि बैड पर लेटते ही 30 सैकेंड में उनकी नींद लग जाती है। वह आगे बताते हैं कि आपकी बॉडी की आवश्यकता के अनुसार आपका आहार संतुलित है या नहीं ये जानना भी बेहद ज़रूरी है। बॉडी को चार्ज करने के लिए पीएम मोदी ने दिए टिप्स पीएम मोदी ने छात्रों को सम्बोधित करते हुए कहा कि आप लोग मोबाईल का उपयोग करते होगें और कुछ लोग तो घंटों तक इसका इस्तेमाल करते होंगे। जिस तरह फोन को चार्ज पर लगाना ज़रूरी होता है उसी प्रकार आपके शरीर को रोज़ाना चार्ज करना भी ज़रूरी है। हम डेली एक्सर्साईज़ करके अपने शरीर को एनर्जी दे सकते हैं, इस तरह से जीवन को स्वस्थ बनाने के लिए बॉडी की चार्जिंग ज़रूरी है । ऐसा ना होने पर हो सकता है कि आप परीक्षा के लिए तीन घंटे बैठ भी ना पांए। इसलिए डेली एक्सर्साईज अनीवार्य है। यह भी पढ़ें- फिल्मफेयर अवॉर्ड्स 2024 सेरेमनी 69वां से जुड़ी सारी जानकारी
केरल राज्यपाल आरिफ मोहम्मद को इसलिए मिली जेड प्लस सुरक्षा

अब केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान और राजभवन को जेड प्लस सुरक्षा दे दी गई है। बतादें कि केंद्रीय मंत्रालय द्वारा यह सुरक्षा सत्ता में रहने वाली पार्टी सापाआई और एसएफआई के बीच तनावों के चलते दी गई है। बतादें कि जेड प्लस सुरक्षा मिलने के पहले राज्यपाल ने हाई वोल्टेज ड्रामा किया था जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी ,से वायरल हो रहा है। केरल राज्यपाल को जेड प्लस सुरक्षा क्यों मिली बतादें कि पूरा मामला कुछ इस तरह है कि राज्यपाल शनिवार को एक कार्यक्रम में सम्मिलित होने के लिए जा रहे थे। इस दौरान कुछ एसएफआई ( SFI )कार्यकर्ताओं ने उनके काफिले को काले झण्डे दिखाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। इस बात से आरिफ मोहम्मद इतने नाराज़ हुए कि वह सड़क किनारे स्थित एक दुकान से कुर्सी लेकर वहीं बैठ गए और छात्रों पर कारवाई करने की मांग करने लगे। बतादें कि इस दौरान उन्होंने पुलिस से भी भिड़ंत कर ली साथ ही आरोप लगाया कि वह एसएफआई कार्यकर्ताओं का बचाव कर रही है। केरल मुख्यमंत्री पर लगाए ये आरोप इसके अलावा राज्यपाल ने प्रदेश मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन पर भी प्रदेश में अराजकता फैलाने के आरेप लगाए हैं। बतादें कि राज्यपाल आरिफ मोहम्मद जिद पर अड़ गए थे कि कार्यकर्ताओं पर एफआईआर हो जिसके बाद पुलिस ने प्रदर्शन करने वालों पर FIR दर्ज कर उसकी प्रति राज्यपाल को दिखाई। इन सब कारणों के बाद राज्यपाल और राजभवन को जेड प्लस सुरक्षा प्रदान की गई है। यह भी पढ़ें- बीजेपी सांसद के साथ नज़र आए नीतीश, कभी भी दे सकते हैं इस्तीफा
घर में हमेशा तनाव रहता है तो घर का वास्तु दोष हो सकता है बड़ा कारण

मनुष्य का एक स्वभाव होता है कि वह कितना भी थका हुआ हो पर जब दिन भर काम काज करने के बाद अपने घर जाता है तो उसे शांति मिलती है। अपने घर पहुँचते ही वह उर्जा और सुकून को महसूस करने लगता है। लेकिन आप सभी ने अपने आस पास ऐसे लोगों को भी देखा होगा जो घर जाने के नाम से ही चिंतित हो जाते हैं। अगर ऐसा कुछ आपको या आपके किसी करीबी को भी महसूस होता है तो ये ज़रूर जान लेना चाहिए कि कहीं घर में वास्तु दोष तो नहीं। घर का वास्तु दोष हो सकता है बड़ा कारण अगर आपको या आपके किसी करीबी को अपने ही घर जाने से डर लगता है या घर के नाम से ही चिंता होने लगती है तो इसके पीछे का बड़ा कारण घर का वास्तु दोष हो सकता है। घर के खराब वास्तु के कारण घर में नकारात्मकता बढ़ती है और घरवालों के बीच तनाव का स्थितियाँ भी बनी रहती हैं। घर के प्रवेश द्वार पर ना हो ये चीज़ें अगर आपके घर के प्रवेश द्वार पर सीढ़ियाँ हैं तो ये एक बड़ा कारण हो सकता है जिससे आपके घर वास्तु दोष उत्पन्न हो। प्रवेश द्वार पर सीढ़ियां होने से व्यक्ति को तनाव बना रहता है इसलिए घर के प्रमुख द्वार पर कभी भी सीढ़ियां नहीं बनानी चाहिए। इसके अलावा घर के प्रमुख द्वार पर टॉयलेट भी नहीं बनाना चाहिए। ऐसा करने से आपके घर में नकारात्मकता बनी रहती है लेकिन अगर टॉयलेट पहले से बनी हुई है तो आप उस पर पर्दा लगा सकते हैं ताकी घर में घुसते ही आपकी नज़र वहाँ ना पढ़े। यह भी पढ़ें- माघ मास में आते हैं बसंत पंचमी, गुप्त नवरात्री जैसे ये बड़े त्योहार
माघ मास में आते हैं बसंत पंचमी, गुप्त नवरात्री जैसे ये बड़े त्योहार

हिंदू पंचांग के अनुसार पौष मास की समाप्ती हो चुकी है और माघ मास शुरू हो गया है। इस मास हिंदू पंचांग के मुताबिक ग्यारहवा महीना माना जाता है। इस महीने में गुप्त नवरात्री, षटतिला एकादशी जैसे शुभ त्योहार आते हैं। इस लेख में जानिए कि इस महीने में कौन कौन सी शुभ तिथियाँ और त्योहार आने वाले हैं। माघ मास की शुरूआत 26 जनवरी से हुई है 29 जनवरी 2024 सोमवार – संकष्टी चतुर्थी 6 फरवरी 2024 मंगलवार- षटतिला एकादशी 7 फरवरी 2024 बुधवार – प्रदेष व्रत 8 फरवरी 2024 गुरूवार- मासिक शिवरात्री 9 फरवरी 2024 शुक्रवार – मौनी अमावस्या 10 फरवरी 2024 शनिवार- गुप्त नवरात्रारंभ 13 फरवरी 2024 मंगलवार- गणेश चतुर्थी 14 फरवरी 2024 बुधवार- बसंत पंचमी 16 फरवरी 2024 शुक्रवार- नर्मदा जयंती 17 फरवरी 2024 शनिवार- दुर्गाष्टमी 20 फरवरी 2024 मंगलवार – जया एकादशी 21 फरवरी 2024 बुधवार- प्रदेष व्रत 24 फरवरी 2024 शुक्रवार- माघ पूर्णिमा माघ की विशेषता माघ मास की खास बात ये होती है कि इस महीने में भगवान सूर्य अपनी सम्पूर्ण शक्तियों से भरपूर रहते हैं, इसलिए हमें इस महीने में भगवान सूर्य की पूजा करनी चाहिए। यह भी पढ़ें- एक ही दिन में रामलला को मिला इतने का दान जिसे जान आप हो जाएंगे हैरान
बीजेपी सांसद के साथ नज़र आए नीतीश, कभी भी दे सकते हैं इस्तीफा

बिहार की सियासत में कभी भी उलट फेर हो सकता है। बताया जा रहा है कि आज सीएम नीतीश कुमार इस्तीफा दे सकते हैं। साथ ही इससे जुड़ी बड़ी अपडेट सामने आई है दरअसल बिहार सीएम और बीजेपी सांसद अश्र्विनी कुमार चौबे साथ नज़र आए हैं। माना जा रहा है कि आज शाम तक नीतीश दोबारा एनडीए (NDA) का दामन थाम सकते हैं। बीजेपी सांसद के साथ दिखे नीतीश कुमार आज बिहार सीएम नीतीश कुमार बक्सर के ब्रह्नपुर मंदिर में पहुँचे। इस दौरान नीतीश के साथ बीजेपी सांसद अश्र्विनी कुमार चौबे भी दिखाई दिए। बतादें कि सीएम ने मंदिर में जाकर पूजा पाठ की और मंदिर के विकास के लिए अगले फेज की योजनओं का शिलान्यास किया। बतादें कि दोनों नेताओं का साथ आना इस ओर इशारा करता है कि जल्द ही नीतीश इस्तीफा देकर भाजपा के साथ नज़र आने वाले हैं। इस दौरान अश्र्विनी कुमार चौबे ने कहा कि भगवान की जो इच्छा होगी वो होगा,वह आगे कहते हैं कि नीतीश को पहली बार इस मंदिर में वह ही लाए थे और आज भी वह लाए हैं। आज नीतीश दे सकते हैं इस्तीफा लम्बे समय से RJD और JDU के बीच दूरियाँ बढ़ती ही जा रही हैं। साथ ही पिछले कुछ दिनों से लालू यादव और नीतीश कुमार में बातचीत बंद है। जिसके बाद अब नीतीश ने जेडीयू की बैठक बुलाई है। साथ ही आपको बतादें कि आज पटना में बीजेपी की विधायक दल की बैठक होने वाली है जिसके लिए बीजेपी प्रभारी विनोद तावड़े पटना पहुँच गए हैं। माना जा रहा है कि इन दोनों मीटिंग के खत्म होने के साथ ही नीतीश अपना इस्तीफा दे सकते हैं। यह भी पढ़ें- नीतीश कुमार का स्वागत करने तैयार हैं भाजपा, आज होगा अंतिम फैसला
नीतीश कुमार का स्वागत करने तैयार हैं भाजपा, आज होगा अंतिम फैसला

आज हर किसी की नज़र बिहार की सियासत पर टिकी हुई है। बताया जा रहा है कि आज ये साफ हो जाएगा कि नीतीश कुमार के मन में एनडीए ( NDA ) है या I.N.D.I.A । वहीं बड़ी खबर सामने आ रही है कि बीजेपी नेताओं ने भी नीतीश को अपना मुख्यमंत्री मान लिया है। लेकिन बिहार की राजनीति किस ओर करवट लेने वाली है आज ये साफ हो जाएगा। आज नीतीश कुमार बताएंगे मन की बात पिछले कुछ दिनों से खबरें सामने आ रही हैं कि नीतीश और लालू में बातचीत बंद है। जिसके बाद आज नीतीश कुमार ने शाम 5:30 बजे जेडीयू ( JDU ) की बैठक बुलाई है। बैठक में विधायक,एमएलसी और सांसद मौजूद रहेंगे। साथ ही आज शाम 4 बजे से प्रदेश राजधानी पटना में बीजेपी की बैठक भी होगी। बीजेपी की इस कोर ग्रुप की बैठक में पार्टी प्रभारी विनोद तावड़े उपस्थित रहेंगे। माना जा रहा है कि इन दोनों बैठकों के खत्म होने के बाद ही साफ हो जाएगा कि नीतीश कुमार के मन में क्या है। बीजेपी ने नीतीश को कर लिया स्वीकार ऐसी खबरें सामने आ रही हैं कि भारतीय जनता पार्टी के विधायक ने भी नीताश को अपना मुख्यमंत्री मान लिया है। दरअसल खबरों के मुताबिक बीजेपी विधायक राजू सिंह ने नीतीश की तारीफ करते हुए कहा कि अगर शीर्ष नेतृत्व ने नीतीश को सीएम बना दिया तो हमें स्वीकार है। नेता के इस कथन से माना जा रहा है कि भाजपा नीतीश का स्वागत करने को तैयार है। यह भी पढ़ें- लालू यादव का फोन इगनोर कर रहे नीतीश कुमार
लालू यादव का फोन इग्नोर कर रहे नीतीश कुमार

इन दिनों बिहार में चल रही राजनीति ने सभी का ध्यान अपनी ओर केंद्रित कर रखा है। बिहार के मौजूदा मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और लालू यादव के बीच भी दूरियाँ बढ़ती नज़र आ रही हैं। बीते कुछ दिनों से कहा जा रहा था कि नीतीश और लालू में बातचीत बंद है। जिसके बाद अब एक और बड़ी खबर सामने आ गई है जिससे दोनों नेताओं के बीच बढ़ती दूरियाँ साफ समझ आ रही हैं। एनडीए ( NDA ) ज्वाईन कर सकते हैं नीतीश कुमार इन दिनों बिहार की सियासत गर्माई हुई है। प्रदेश में RJD और JDU में आई दरार साफ नज़र आ रही है। वहीं नीतीश कुमार जल्द ही एनडीए (NDA) ज्वाईन कर सकते ये बात अब तक साफ नहीं हो पाई है।जिसके बाद आज शाम 5:00 बजे नीतीश ने जेडीयू (JDU) की बैठक बुलाई है। इस बैठक में सांसद, एमएलसी और विधायक सभी मौजूद रहेंगे। माना जा रहा है कि आज साफ हो जाएगा कि बिहार मुख्यमंत्री के मन में क्या चल रहा है। लालू यादव का फोन नहीं उठा रहे नीतीश कुमार कुछ दिनों से चर्चा चल रहा है कि लालू यादव और नीतीश कुमार में बात बंद है। लेकिन अब सूत्रों द्वारा माना जा रहा है कि लालू यादव नीतीश के मन की बात जानना चाहते हैं पर बिहार सीएम लालू का फोन इग्नोर कर रहे हैं। पता चला है कि लालू यादव ने सीएम को पाँच बार फोन किया पर कोई जवाब नहीं मिला जिसके बाद लैंडलाईन पर सम्पर्क करने की भी कोशिश की पर बात नहीं हो सकी। कुल मिलाकर ये माना जा रहा है कि नीतीश लालू से बात करना ही नहीं चाहते। यह भी पढ़ें- मोहन यादव: जनता से दुर्व्यवहार करने वाले अधिकारियों की खैर नहीं..
26 जनवरी ( गणतंत्र दिवस ) का सरल और दमदार भाषण

भारत देश में गणतंत्र दिवस जनवरी की 26 तारीख को मनाया जाता है। 26 जनवरी 1950 को देश में भारतीय संविधान लागू किया गया था। इस दिन देश भर में तिरंगा लहराया जाता है और सभी स्कूल्स में कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इन कार्यक्रमों में सबसे विशेष भाषण होता है जिसमें अक्सर छात्र गलतियां कर देते हैं। अगर आप भी 26 जनवरी पर भाषण देने जा रहे हैं तो ये है आप के लिए सबसे सरल भाषण। ऐसे करे 26 जनवरी ( गणतंत्र दिवस ) के भाषण की शुरूआत भाषण देने के लिए जब आप स्टेज पर जाएं तो सबसे पहले अपने प्रधानाध्यापक और शिक्षकों का अभिवादन करें। इस के बाद सामने बैठे हुए सभी श्रोताओं और अपने सहपाठियों का भी स्वागत करें। यह भी पढ़ें- क्या है इस गणतंत्र दिवस ( republic day ) की थीम 26 जनवरी सरल का भाषण भाषण की शुरूआत करते हुए सबसे पहले ये बताना चाहिए कि आज का ये कार्यक्रम क्यों मानाया जा रहा है। जिसके बाद में बताना है कि गणतंत्र दिवस का इतिहास क्या है इस दिन क्या खास हुआ था। यह बाताने का बाद भाषण में बताना है कि इस दिन देश में कैसे कार्यक्रम होते हैं। भाषण के अंत में एक संदेश देते हुए सभी को धन्यवाद कहना चाहिए। यह भी पढ़ें- हर देश प्रेमी को 26 जनवरी के दिन घुमने जाना चाहिए इन जगहों पर
क्या है इस गणतंत्र दिवस ( republic day ) की थीम

भारत में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है। हर साल की तरह इस साल भी राजधानी दिल्ली के लालकिले पर तिरंगा फहराया जाता है। साथ ही इस दौरान भारत की तीनों सेना जल, थल और वायु प्रदर्शन करने वाली हैं । आज इस लेख में हम आपको बताएंगे कि इस गणतंत्र दिवस ( republic day ) की क्या थीम रखी गई है। क्यों मनाया जाता है गणतंत्र दिवस ( republic day ) आप सभी ये तो जानते होंगे कि 26 जनवरी 1950 में भारतीय संविधान लागू किया गया था। इस कारण वश ही हम हर साल 26 जनवरी के दिन को बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाते हैं। बतादें कि इस वर्ष हम 75वा गणतंत्र दिवस मनाने वाले हैं। इस दिन राजधानी दिल्ली के कर्तव्य पथ पर भारतीय सैन्य बल अपनी शक्ति का प्रदर्शन करते हैं। साथ ही एक विशाल परेड भी की जाती है। क्या है इस 26 जनवरी की थीम हर वर्ष गणतंत्र दिवस की अलग अलग थीम रखी जाती हैं। इसी तर्ज़ पर इस गणतंत्र दिवस भी एक विशेष थीम रखी गई है। इस वर्ष गणतंत्र दिवस की थीम भारत-लोकतंत्र की जननी और विकसित भारत रखी गई है। साथ ही आपको बतादें कि कार्यक्रम की लगभग पूरी तैयारियाँ हो गई हैं। गणतंत्र दिवस के चलते राजधानी में भी प्रशासन तैयार हो गया है सुरक्षा के दृष्टिकोण से दिल्ली को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। यह भी पढ़ें- कैसे और कहाँ देखें 26 जनवरी ( republic day ) की लाईव परेड
कैसे और कहाँ देखें 26 जनवरी ( republic day ) की लाईव परेड

भारत में 26 जनवरी ( republic day ) के दिन को गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता है। हर साल इसी दिन राजधानी दिल्ली के लालकिले पर तिरंगा फहराया जाता है। इस दौरान भारत के सभी सैन्य बल अपनी शक्ति का प्रदर्शन करते हैं । जिसे देखने के लिए हजारों लोग पहुँचते हैं। आज इस लेख में हम आपको बताएंगे कि आप इस सैन्य बल के शक्ति प्रदर्शन और परेड को किस तरह लाईव देख सकते हैं। 26 जनवरी ( republic day ) क्यों मनाया जाता है भारत देश एक लोकतंत्र देश है। भारत अपने संविधान से ही जनता का पोषण करता है। 26 जनवरी 1950 को यही भारतीय संविधान लागू किया गया था जिस कारण आज भी हम 26 जनवरी ( republic day ) के दिन को गणतंत्रता दिवस के रूप में मनाते हैं। भारतीय संविधान के जनक डॉ भीमराव अंबेडकर हैं जिनकी अध्यक्षता में संविधान को लिखा गया था। कहाँ देखें लाईव परेड 26 जनवरी ( republic day ) को होने वाले आयोजनों में कर्तव्य पथ जिसे पूर्व में राजपथ कहा जाता था उसकी महत्वपूर्ण भूमिका मानी जाती है। दरअसल इस कर्तव्य पथ पर ही परेड और जल, थल, वायु सभी सेनाओं के प्रदर्शन होते हैं। इस दौरान अलग अलग राज्यों की झाँकियाँ भी निकाली जाती हैं। बतादें कि सभी आयोजनों को देखने के लिए बड़ी तादाद में देशवासी पहुँचते हैं। साथ ही कार्यक्रम को देश की अलग अलग जगह टीवी के माध्यम से भी देखा जाता है। सभी देश भक्त इस दिन दूरदर्शन पर लाईव परेड देख सकते हैं, इसके अलावा डीडी के यूट्यूब चैनल पर भी लाईव देख सकते हैं। यह भी पढ़ें- हर देश प्रेमी को 26 जनवरी के दिन घुमने जाना चाहिए इन जगहों पर