JNU Controversy : JNU में जातिगत टिप्पणी को लेकर छात्रों ने काटा बवाल, पुलिस एक्शन के बाद 14 गिरफ्तार

JNU Controversy : नई दिल्ली। जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में कुलपति की कथित जातिवादी टिप्पणी को लेकर छात्र आंदोलन तेज हो गया है। 26 फरवरी को जेएनयू छात्रसंघ (JNUSU) के आह्वान पर बड़ी संख्या में छात्रों ने प्रदर्शन किया और शिक्षा मंत्रालय तक ‘लॉन्ग मार्च’ निकालने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और छात्रों के बीच झड़प हुई, जिसके बाद कई छात्रों को हिरासत में लिया गया और 14 को गिरफ्तार कर लिया गया। विवाद की वजह क्या है छात्रसंघ का आरोप है कि विश्वविद्यालय की कुलपति ने एक पॉडकास्ट में कहा था कि “हमेशा पीड़ित बने रहने से प्रगति नहीं होती”, जिसे कई छात्रों ने जातिवादी टिप्पणी बताया। हालांकि कुलपति की ओर से इस पर सफाई भी दी गई थी, लेकिन छात्र संगठन माफी और इस्तीफे की मांग पर अड़े हैं। Gold Silver Price Today : सोना-चांदी के भाव में भारी उछाल, जानिये ईरान-इजराइल जंग से कितने चढ़े भाव छात्रों की मुख्य मांगें प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने कई मुद्दों को उठाया, जिनमें- यूजीसी इक्विटी रेगुलेशन और रोहित एक्ट लागू करने की मांग नई शिक्षा नीति 2020 को वापस लेने की मांग विश्वविद्यालय फंड में कटौती रोकने की मांग कुलपति से माफी और इस्तीफा सार्वजनिक शिक्षा को मजबूत करने की मांग प्रदर्शन के दिन क्या हुआ छात्रसंघ के अनुसार सुबह से ही कैंपस में सुरक्षा बलों की तैनाती कर दी गई थी। दोपहर में प्रदर्शन शुरू हुआ और शाम तक छात्र मुख्य गेट की ओर बढ़े। आरोप है कि इस दौरान पुलिस के साथ धक्का-मुक्की हुई और बाद में कई छात्रों को हिरासत में लिया गया। Holika Dahan Rituals : कितने बजे है होलिका दहन का मुहूर्त, होलिका में क्या-क्या डालें और क्यों करें परिक्रमा, जानिये रोचक कहानियां देर रात गैर-जमानती धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई और अगली सुबह 14 छात्रों को औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। छात्र संगठनों का कहना है कि कई छात्र घायल हुए और छात्रसंघ पदाधिकारियों को घंटों थाने में रखा गया। पुलिस का क्या कहना है दिल्ली पुलिस के मुताबिक प्रदर्शन के लिए अनुमति नहीं ली गई थी और प्रदर्शनकारियों ने ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों पर हमला किया, जिसमें दो एसीपी और दो एसएचओ समेत 25 पुलिसकर्मी घायल हुए। पुलिस ने 51 लोगों को हिरासत में लेने और 14 को गिरफ्तार करने की पुष्टि की है। Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट तनाव का असर; बड़ी गिरावट के साथ खुला मार्केट, सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूटा राजनीतिक और सामाजिक बहस तेज इस घटना के बाद कैंपस की राजनीति और शिक्षा में सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों पर बहस फिर तेज हो गई है। छात्र संगठन इसे लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़ा मामला बता रहे हैं, जबकि प्रशासन और पुलिस कानून-व्यवस्था बनाए रखने की बात कह रहे हैं। फिलहाल मामले को लेकर कैंपस में तनाव बना हुआ है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा और गरमा सकता है।
Gold Silver Price Today : सोना-चांदी के भाव में भारी उछाल, जानिये ईरान-इजराइल जंग से कितने चढ़े भाव

Gold Silver Price Today : नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में इजरायल और ईरान के बीच जारी भीषण युद्ध का असर अब दुनिया भर की अर्थव्यवस्था और कमोडिटी बाजारों पर साफ दिखाई देने लगा है। दोनों देशों के बीच लगातार हो रहे हमलों और बढ़ते तनाव के कारण निवेशक सुरक्षित विकल्पों की ओर बढ़ रहे हैं, जिससे सोने और चांदी की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है, जबकि शेयर बाजारों में भारी गिरावट देखने को मिली है। Iran-Israel War : कुवैत में मिसाइल हमले से अमेरिका का फाइटर जेट F-15 क्रैश सोना-चांदी में जोरदार तेजी मल्टी कमोडिटी मार्केट में 10 ग्राम सोने का भाव 4,641 रुपये बढ़कर 1,66,745 रुपये पर पहुंच गया, जो करीब 2.86 फीसदी की तेजी को दिखाता है। वहीं चांदी की कीमत में भी 8,000 रुपये यानी 2.67 फीसदी की बढ़त हुई और यह 2.91 लाख रुपये प्रति किलो पर कारोबार कर रही है। राजधानी दिल्ली में 24 कैरेट सोना 1,73,240 रुपये प्रति 10 ग्राम और मुंबई में 1,73,090 रुपये प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया है। सिर्फ एक हफ्ते में ही 24 कैरेट सोने की कीमत 9,430 रुपये बढ़ चुकी है। Iran Attacks Aramco : दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी तेल कंपनी ‘अरामको’ पर अटैक, इजराइल- कतर और बहरीन पर भी ईरानी हमले अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी उछाल वैश्विक बाजार में भी कीमती धातुओं की कीमतों में तेजी देखी गई। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोना 2 प्रतिशत से ज्यादा बढ़कर 5,390 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गया, जबकि चांदी का भाव 93.76 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के आसपास कारोबार कर रहा है। कच्चे तेल के दाम 100 डॉलर तक जाने के आसार जंग के कारण तेल सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ गई है। सोमवार को कच्चे तेल की कीमतों में 10 फीसदी से ज्यादा की तेजी आई। विशेषज्ञों का मानना है कि सप्लाई बाधित होने पर ब्रेंट क्रूड 90 से 100 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकता है। इसका सीधा असर पेट्रोल-डीजल की कीमतों और महंगाई पर पड़ सकता है। शेयर बाजार में मचा कोहराम इस भू-राजनीतिक तनाव का असर शेयर बाजारों पर भी देखने को मिला। सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूट गया, जबकि निफ्टी 50 करीब 300 अंक गिरकर कारोबार कर रहा है। एशियाई बाजारों में भी भारी गिरावट दर्ज की गई। निक्केई 225 874 अंक नीचे खुला, शंघाई कंपोजिट में गिरावट रही और हैंग सेंग शुरुआती कारोबार में 2 फीसदी से ज्यादा टूट गया। Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट तनाव का असर; बड़ी गिरावट के साथ खुला मार्केट, सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूटा युद्ध थमने के आसार नहीं ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद भी संघर्ष थमता नजर नहीं आ रहा है। लगातार हो रहे मिसाइल हमलों से पूरे मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर हालात जल्द नहीं सुधरे तो इसका असर लंबे समय तक वैश्विक बाजार, महंगाई और आम लोगों की जेब पर पड़ सकता है।
Iran Attacks Aramco : दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी तेल कंपनी ‘अरामको’ पर अटैक, इजराइल- कतर और बहरीन पर भी ईरानी हमले

Iran Attacks Aramco Oil Refinery : मिडिल ईस्ट में जारी ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच भीषण संघर्ष का असर अब दुनिया की ऊर्जा सप्लाई पर भी साफ दिखाई देने लगा है। ईरान ने सऊदी अरब की सरकारी तेल कंपनी सऊदी अरामको की रास तनुरा ऑयल रिफाइनरी पर ड्रोन हमला किया, जिसके बाद एहतियातन रिफाइनरी को बंद करना पड़ा। इस खबर के सामने आते ही ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतों में करीब 9.32% की तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई। दुनिया की सबसे अहम तेल साइट्स में शामिल रास तनुरा सऊदी अरब की सबसे बड़ी और रणनीतिक ऊर्जा साइट्स में से एक मानी जाती है। यहां रोजाना करीब 5.5 से 6 लाख बैरल तेल प्रोसेस करने की क्षमता है और यही टर्मिनल दुनिया के सबसे बड़े ऑफशोर ऑयल लोडिंग प्वाइंट्स में शामिल है। यहां से अमेरिका, एशिया और यूरोप समेत कई देशों को कच्चा तेल भेजा जाता है। Iran-Israel War : पीएम मोदी ने इजराइली PM नेतन्याहू से की बात, मौजूदा हालातों पर जताई चिंता हमले के बाद प्रोसेसिंग कॉम्प्लेक्स में आग लग गई, हालांकि अधिकारियों ने बताया कि आग पर काबू पा लिया गया है और किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। सऊदी रक्षा मंत्रालय के मुताबिक दो ड्रोन को मार गिराया गया। होर्मुज जलडमरूमध्य पर असर जंग के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल की आवाजाही लगभग रुक गई है। यह वही समुद्री रास्ता है, जहां से दुनिया का करीब 20% कच्चा तेल गुजरता है। आधिकारिक तौर पर रास्ता बंद नहीं किया गया है, लेकिन जहाज मालिकों ने सुरक्षा कारणों से आवाजाही रोक दी है। इससे वैश्विक तेल बाजार में चार साल की सबसे बड़ी उछाल देखने को मिली है। बातचीत से इनकार, हमले तेज ईरान के वरिष्ठ नेता अली लारीजानी ने साफ कहा है कि उनका देश अमेरिका से किसी तरह की बातचीत नहीं करेगा। दूसरी ओर ईरान ने इजरायल के साथ-साथ कतर, बहरीन और संयुक्त अरब अमीरात में भी हमले तेज कर दिए हैं। Iran-Israel War : एयरस्पेस बंद! कराची में फंसे 8 भारतीय, केरल के 3 यात्री शामिल इस संघर्ष में अब लेबनान का संगठन हिजबुल्लाह भी शामिल हो गया है, जिसने इजरायल के कई ठिकानों पर बमबारी की है और इसे अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत का बदला बताया है। भारी तबाही और जान-माल का नुकसान रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिका और इजरायल ने ईरान के 1000 से ज्यादा ठिकानों पर हमले किए हैं। शुरुआती 30 घंटों में 2000 से ज्यादा बम गिराए गए, जिसमें 200 से अधिक लोगों की मौत और 740 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। एक स्कूल पर मिसाइल गिरने से बड़ी संख्या में छात्राओं की जान गई। Iran-Israel War : कुवैत में मिसाइल हमले से अमेरिका का फाइटर जेट F-15 क्रैश तीसरे दिन और खतरनाक युद्ध 28 फरवरी से शुरू हुआ यह संघर्ष अब और ज्यादा भयावह होता जा रहा है। ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद पूरे क्षेत्र में जवाबी हमले तेज हो गए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह जंग लंबी चली तो इसका असर सिर्फ मिडिल ईस्ट ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था और पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर भी पड़ेगा।
Iran-Israel War : पीएम मोदी ने इजराइली PM नेतन्याहू से की बात, मौजूदा हालातों पर जताई चिंता

Iran-Israel War : नई दिल्ली। अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच जारी भीषण संघर्ष के बीच भारत ने शांति और आम नागरिकों की सुरक्षा पर जोर दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बातचीत कर मौजूदा हालात पर चिंता जताई और नागरिकों की सुरक्षा को सबसे बड़ी प्राथमिकता बताया। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए जानकारी दी कि बातचीत के दौरान उन्होंने तनाव जल्द खत्म करने और शांति की दिशा में कदम उठाने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि युद्ध में आम लोगों की जान-माल की सुरक्षा बेहद जरूरी है। Holika Dahan Rituals : कितने बजे है होलिका दहन का मुहूर्त, होलिका में क्या-क्या डालें और क्यों करें परिक्रमा, जानिये रोचक कहानियां UAE के राष्ट्रपति से भी की बातचीत प्रधानमंत्री मोदी ने शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से भी फोन पर बात की। इस दौरान उन्होंने यूएई पर हुए हालिया हमलों की कड़ी निंदा की और जान-माल के नुकसान पर दुख जताया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत इस मुश्किल समय में यूएई के साथ मजबूती से खड़ा है और क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और स्थिरता का समर्थन करता है। भारत की कूटनीतिक पहल जारी इससे पहले विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची सहित सऊदी अरब, कुवैत, बहरीन, कतर और यूएई के विदेश मंत्रियों से बातचीत कर हालात पर चिंता जताई थी। भारत लगातार कूटनीतिक स्तर पर संवाद बनाए हुए है। Israel Iran War : IDF के एयर स्ट्राइक में हिजबुल्लाह के संसदीय प्रमुख मोहम्मद राद की मौत, लेबनान में बढ़ा तनाव कैसे बढ़ा संघर्ष गौरतलब है कि 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल ने संयुक्त सैन्य कार्रवाई में ईरान पर बड़ा हमला किया था, जिसमें ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई समेत कई शीर्ष अधिकारियों की मौत हो गई। इसके बाद ईरान ने जवाबी हमले करते हुए मिडिल ईस्ट में अमेरिकी सैन्य ठिकानों और इजरायल को निशाना बनाया। Israel US Iran War : ईरान पर हमले का तीसरा दिन-1000 ठिकानों पर एयरस्ट्राइक, लेबनान के 50 गांव खाली, ट्रम्प बोले- जंग 5 हफ्ते तक चलेगी! शांति की अपील लगातार बढ़ते सैन्य टकराव के बीच भारत ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि वह तनाव कम करने, संवाद और कूटनीति के जरिए समाधान निकालने के पक्ष में है। भारत की इस पहल को क्षेत्र में संतुलन और शांति की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
Holika Dahan Rituals : कितने बजे है होलिका दहन का मुहूर्त, होलिका में क्या-क्या डालें और क्यों करें परिक्रमा, जानिये रोचक कहानियां

Holika Dahan Rituals : आज (2 मार्च) सूर्यास्त के बाद होलिका दहन का शुभ मुहूर्त शुरू हो रहा है, जो रात करीब 12 बजे तक रहेगा। परंपरा के अनुसार प्रदोष काल यानी सूरज डूबने के समय होलिका की पूजा की जाती है और उसके बाद दहन किया जाता है। इस साल भद्रा काल भी नहीं रहेगा, इसलिए शाम 6 बजे से रात तक होलिका दहन का समय शुभ माना जा रहा है। फाल्गुन पूर्णिमा की तिथि इस बार दो दिन (2 और 3 मार्च) पड़ रही है। वहीं 3 मार्च को चंद्रग्रहण भी है, इसलिए धुलंडी की तारीख को लेकर अलग-अलग पंचांगों में मतभेद है। कुछ जगह 3 मार्च तो कुछ जगह 4 मार्च को रंगों की होली मनाई जाएगी। Holika Dahan 2026 : होली पर चंद्र ग्रहण का साया, सूतक काल ने बदला होलिका दहन का समय, यहां दूर कीजिये कन्फ्यूजन होलिका पूजन की आसान विधि होलिका पूजन में फूल, चंदन, कच्चा सूत (मौली), नई फसल की बालियां, घर में बने सात प्रकार के पकवान, नारियल, मौसमी फल, अक्षत, रोली, हल्दी, कंडे (गोबर के उपले) और लकड़ियां आदि शामिल किए जाते हैं। पूजा विधि इस प्रकार है: सबसे पहले होलिका की पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके पूजा करें। जल, रोली, अक्षत और फूल अर्पित करें। नई फसल और पकवान चढ़ाएं। कच्चा सूत होलिका पर लपेटें। घी और कपूर अर्पित कर “होलिकायै नमः” बोलते हुए परिक्रमा करें। तीन या सात परिक्रमा सावधानी से करें, आग के ज्यादा पास न जाएं। धूलि वंदन से बनी धुलंडी पुराने समय में होली की राख माथे पर लगाकर धूलि वंदन किया जाता था। मान्यता है कि त्रेतायुग में पहला यज्ञ होने पर भगवान भगवान विष्णु ने भस्म को माथे पर लगाया था। तब से राख को पवित्र माना जाता है। ब्रज में श्रीकृष्ण ने गोपियों के साथ रंग और गुलाल से होली खेली थी। पहले लोग भस्म और मिट्टी से होली खेलते थे, बाद में टेसू के फूलों और गुलाल का प्रचलन बढ़ा। Holi Special Train 2026 : होली पर रानी कमलापति–दानापुर के बीच स्पेशल ट्रेन, 27 फरवरी से होगी शुरू होली से जुड़ी प्रमुख मान्यताएं 1. वसंतोत्सव: ऋतु परिवर्तन का उत्सव होली को सबसे पहले वसंतोत्सव के रूप में मनाया जाता था। फाल्गुन पूर्णिमा के आसपास सर्दी विदा होती है और वसंत का आगमन होता है। 7वीं सदी में सम्राट हर्ष के संस्कृत नाटक रत्नावली में वसंत उत्सव का वर्णन मिलता है, जहां दरबारों में संगीत, नृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रम होते थे। यही परंपरा आगे चलकर लोकजीवन में आई और अबीर-गुलाल वाली होली में बदल गई। 2. दोलयात्रा: राधा-कृष्ण का झूला उत्सव पूर्वी भारत और वैष्णव परंपरा में होली को दोलयात्रा या दोल पूर्णिमा के रूप में मनाया जाता है। इसमें राधा-कृष्ण की प्रतिमाओं को सजाकर झूले या पालकी में निकाला जाता है और अबीर-गुलाल अर्पित किया जाता है। कीर्तन और भक्ति कार्यक्रम होते हैं। ओडिशा और बंगाल में यह उत्सव फाल्गुन शुक्ल दशमी से दोल पूर्णिमा तक चलता है। यही दिन चैतन्य महाप्रभु की जयंती से भी जुड़ा है। 3. ब्रज की फाग: प्रेम और भक्ति की होली ब्रज क्षेत्र- मथुरा, वृंदावन, बरसाना और नंदगांव, की होली राधा-कृष्ण की फाग-लीला से जुड़ी है। वैष्णव ग्रंथ गर्ग संहिता में होलिकोत्सव का वर्णन मिलता है, जिसमें राधा और सखियों के साथ उत्सव का जिक्र है। यहां होली केवल रंगों का खेल नहीं, बल्कि भक्ति, फाग-गायन और लीलाओं का उत्सव है। यही परंपरा आगे चलकर गांव और शहरों की सामूहिक होली बनी। Pre-Holi Skin Care : रंगों से पहले ऐसे करें स्किन की तैयारी, केमिकल कलर्स से नहीं होगा नुकसान 4. किसानों का त्योहार: नई फसल की खुशी होली का संबंध खेती और नई फसल से भी है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के अनुसार यह वसंत और फसल का उत्सव है। पहले किसान होलिका दहन में गेहूं और चने की बालियां चढ़ाते थे और पूरी बस्ती नई फसल की खुशी मनाती थी। बाद में इसमें रंग और धार्मिक परंपराएं जुड़ती चली गईं। 5. रिश्तों में मिठास घोलने वाला पर्व विदेशी समाजशास्त्रियों, मैककिम मैरियट, डी. बी. मिलर और विक्टर टर्नर, के अनुसार भारत में होली ऐसा त्योहार है, जब लोग पुराने मनमुटाव भूलकर एक-दूसरे के करीब आते हैं। “बुरा न मानो होली है” की भावना रिश्तों में नई शुरुआत का संदेश देती है। होलिका में अन्न और औषधियां क्यों डाली जाती हैं? होलिका दहन को यज्ञ के समान माना गया है। इसमें नीम की लकड़ी, हल्दी, काली मिर्च, काले तिल, घी, शहद, कमलगट्टा आदि डाले जाते हैं। माना जाता है कि इनका धुआं वातावरण को शुद्ध करता है और ऋतु परिवर्तन के समय स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होता है। Chandra Grahan 2026 : चंद्रग्रहण और अंतिम होलाष्टक 3 मार्च को, राहु का घातक असर; जानिए राशियों पर क्या प्रभाव धार्मिक और स्वास्थ्य दोनों दृष्टि से खास उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के अनुसार होलिका दहन केवल धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि मौसम परिवर्तन के समय स्वास्थ्य की दृष्टि से भी लाभकारी माना गया है। कुल मिलाकर, होलिका दहन बुराई पर अच्छाई की जीत, नई फसल की खुशी और रिश्तों में प्रेम बढ़ाने का प्रतीक है। श्रद्धा और सावधानी के साथ इस पर्व को मनाना ही इसकी असली भावना है।
Iran-Israel War : एयरस्पेस बंद! कराची में फंसे 8 भारतीय, केरल के 3 यात्री शामिल

Iran-Israel War Impact : कराची। मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष का असर अब हवाई यात्रा पर भी साफ दिखाई देने लगा है। कई देशों द्वारा एयरस्पेस बंद किए जाने के कारण एक अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट को पाकिस्तान के कराची एयरपोर्ट पर उतारना पड़ा, जिसमें आठ भारतीय यात्री फंस गए हैं। इन यात्रियों में केरल के तीन लोग भी शामिल हैं। यह जानकारी नोर्का रूट्स ने दी है। केरल का परिवार भी फ्लाइट में सवार अधिकारियों के मुताबिक पालक्काड के कृष्णदास, उनकी पत्नी डॉ. रेश्मी मेनन और उनकी तीन साल की बेटी स्मृति मेनन इस फ्लाइट में यात्रा कर रहे थे। यह परिवार अजरबैजान के बाकू से शारजाह होते हुए कुवैत जा रहा था। अन्य भारतीय यात्री भी इसी एयर अरेबिया की फ्लाइट में सवार थे। Iran-Israel War : कुवैत में मिसाइल हमले से अमेरिका का फाइटर जेट F-15 क्रैश एयरस्पेस बंद होने से बदला रूट मिडिल ईस्ट में बढ़ते युद्ध के चलते कई देशों ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है, जिससे उड़ानों के रूट बदलने पड़े। इसी वजह से फ्लाइट को कराची में डायवर्ट किया गया। फिलहाल सभी यात्री कराची एयरपोर्ट पर ही फंसे हुए हैं और आगे की यात्रा शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं। विदेश मंत्रालय से संपर्क में केरल सरकार नोर्का रूट्स ने बताया कि वह विदेश मंत्रालय के संपर्क में है और यात्रियों को जल्द से जल्द भारत लाने के प्रयास किए जा रहे हैं। कराची से कोलंबो के रास्ते भारत लाने की योजना पर भी विचार चल रहा है। Israel Iran War : IDF के एयर स्ट्राइक में हिजबुल्लाह के संसदीय प्रमुख मोहम्मद राद की मौत, लेबनान में बढ़ा तनाव हेल्प डेस्क की शुरुआत खाड़ी देशों में फंसे एनआरके और उनके परिवारों की मदद के लिए नोर्का रूट्स ने हेल्प डेस्क शुरू किया है, ताकि उन्हें जरूरी जानकारी और सहायता मिल सके। यह कदम फंसे हुए लोगों की सुरक्षा और उनकी वापसी को आसान बनाने के लिए उठाया गया है। भारत-पाक के बीच नहीं है हवाई सेवा गौरतलब है कि भारत और पाकिस्तान के बीच सीधी हवाई सेवा नहीं है और दोनों देश एक-दूसरे को अपना एयरस्पेस इस्तेमाल करने की अनुमति भी नहीं देते। ऐसे में यात्रियों की वापसी के लिए वैकल्पिक रूट तलाशे जा रहे हैं। Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट तनाव का असर; बड़ी गिरावट के साथ खुला मार्केट, सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूटा वैश्विक उड़ानों पर पड़ा असर ईरान पर हुए अमेरिका-इजरायल के हमले और क्षेत्र में बढ़ते युद्ध के कारण कई देशों ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है। इसका असर दुनियाभर की उड़ानों पर पड़ा है और बड़ी संख्या में यात्री अलग-अलग एयरपोर्ट्स पर फंस गए हैं।
Iran-Israel War : कुवैत में मिसाइल हमले से अमेरिका का फाइटर जेट F-15 क्रैश

Iran-Israel War : कुवैत। मिडिल ईस्ट में जारी ईरान-इजरायल युद्ध के बीच कुवैत से बड़ी खबर सामने आई है। यहां अमेरिका का एक F-15 लड़ाकू विमान क्रैश हो गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक इस फाइटर जेट को मिसाइल से निशाना बनाया गया था, जिसके बाद यह हादसा हुआ। राहत की बात यह रही कि विमान का पायलट सुरक्षित बच गया। स्थानीय सूत्रों के अनुसार घटना सुबह के समय हुई, जब अमेरिकी एयरफोर्स का F-15 मिशन पर था। तभी अचानक उस पर मिसाइल से हमला किया गया। हमले के बाद विमान नियंत्रण खो बैठा और क्रैश हो गया। हालांकि पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए समय रहते पैराशूट के जरिए खुद को इजेक्ट कर लिया और सुरक्षित जमीन पर उतर गया। Israel Iran War : IDF के एयर स्ट्राइक में हिजबुल्लाह के संसदीय प्रमुख मोहम्मद राद की मौत, लेबनान में बढ़ा तनाव हमले को लेकर सस्पेंस फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि मिसाइल हमला किसने किया और इसके पीछे कौन जिम्मेदार है। इस घटना को लेकर अमेरिका या कुवैत की ओर से आधिकारिक बयान सामने आने का इंतजार किया जा रहा है। सैन्य विशेषज्ञों के अनुसार F-15 जैसे अत्याधुनिक फाइटर जेट का नुकसान रणनीतिक तौर पर अहम होता है, लेकिन पायलट का सुरक्षित बचना सबसे बड़ी प्राथमिकता होती है। Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट तनाव का असर; बड़ी गिरावट के साथ खुला मार्केट, सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूटा क्षेत्र में बढ़ा तनाव ईरान-इजरायल संघर्ष पहले ही पूरे मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ा चुका है। ऐसे में कुवैत में अमेरिकी लड़ाकू विमान पर मिसाइल हमला क्षेत्रीय हालात को और संवेदनशील बना सकता है। माना जा रहा है कि आने वाले समय में इस घटना को लेकर और जानकारी सामने आ सकती है। BREAKING: A U.S. fighter jet has crashed in Kuwait. pic.twitter.com/W6Mgim47iO — Clash Report (@clashreport) March 2, 2026
Israel Iran War : IDF के एयर स्ट्राइक में हिजबुल्लाह के संसदीय प्रमुख मोहम्मद राद की मौत, लेबनान में बढ़ा तनाव

Israel Iran War : मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच सोमवार सुबह लेबनान की राजधानी बेरूत और दक्षिणी लेबनान में इजरायली हवाई हमलों में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। सऊदी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार मोहम्मद राद की मौत हो गई है। वह हिजबुल्लाह की संसदीय शाखा के प्रमुख थे। IDF की जवाबी कार्रवाई इजरायली डिफेंस फोर्स (IDF) ने कहा है कि यह एयर स्ट्राइक उत्तरी इजरायल की ओर हिजबुल्लाह द्वारा दागे गए प्रोजेक्टाइल के जवाब में की गई। सेना के अनुसार बेरूत और दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्लाह के कई ठिकानों को सटीक निशाना बनाया गया और कई लड़ाकों को मार गिराया गया। हालांकि, IDF ने आधिकारिक तौर पर किसी भी व्यक्ति के नाम की पुष्टि नहीं की है। Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट तनाव का असर; बड़ी गिरावट के साथ खुला मार्केट, सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूटा लेबनान के राष्ट्रपति की प्रतिक्रिया लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ़ आउन ने इस घटनाक्रम पर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि लेबनान से हिजबुल्लाह द्वारा रॉकेट दागना सरकार की उन कोशिशों को नुकसान पहुंचाता है, जिनके जरिए देश को क्षेत्रीय युद्ध से दूर रखने की कोशिश की जा रही है। साथ ही उन्होंने लेबनान पर हुए इजरायली हमलों की निंदा करते हुए कहा कि देश को किसी प्रॉक्सी वॉर का मैदान बनाना बेहद खतरनाक होगा और इससे राष्ट्रीय सुरक्षा को बड़ा खतरा पैदा हो सकता है। Israel US Iran War : ईरान पर हमले का तीसरा दिन-1000 ठिकानों पर एयरस्ट्राइक, लेबनान के 50 गांव खाली, ट्रम्प बोले- जंग 5 हफ्ते तक चलेगी! क्षेत्र में बढ़ता खतरा इस हमले के बाद लेबनान और इजरायल के बीच तनाव और बढ़ गया है। पहले से ही मिडिल ईस्ट में कई मोर्चों पर संघर्ष जारी है और ऐसे में यह घटनाक्रम पूरे क्षेत्र को बड़े सैन्य टकराव की ओर धकेल सकता है। फिलहाल आधिकारिक पुष्टि और हताहतों की पूरी जानकारी का इंतजार किया जा रहा है, लेकिन इस कार्रवाई ने क्षेत्र की स्थिति को और संवेदनशील बना दिया है।
Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट तनाव का असर; बड़ी गिरावट के साथ खुला मार्केट, सेंसेक्स 1000 अंक से ज्यादा टूटा

Stock Market Crash : मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और अमेरिका-इजरायल व ईरान के बीच जारी युद्ध का असर सोमवार को भारतीय शेयर बाजार पर साफ दिखाई दिया। सप्ताह के पहले कारोबारी दिन बाजार बड़ी गिरावट के साथ लाल निशान में खुला। शुरुआती कारोबार में 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स करीब 1000 अंक लुढ़क गया, जबकि एनएसई निफ्टी भी 300 अंकों से ज्यादा टूटकर खुला। सुबह लगभग 9:25 बजे सेंसेक्स 1043.10 अंक यानी 1.28 प्रतिशत गिरकर 80,244.09 पर ट्रेड कर रहा था। वहीं निफ्टी 309.70 अंक यानी 1.23 प्रतिशत की गिरावट के साथ 24,868.95 के स्तर पर पहुंच गया। निफ्टी के सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में कारोबार करते दिखे। सेंसेक्स के 30 शेयरों में से केवल भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) हरे निशान में रहा, बाकी सभी शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। Israel US Iran War : ईरान पर हमले का तीसरा दिन-1000 ठिकानों पर एयरस्ट्राइक, लेबनान के 50 गांव खाली, ट्रम्प बोले- जंग 5 हफ्ते तक चलेगी! मिडकैप-स्मॉलकैप में ज्यादा दबाव व्यापक बाजार का प्रदर्शन बेंचमार्क से भी कमजोर रहा। निफ्टी मिडकैप 1.36 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप 1.86 प्रतिशत तक टूट गए। सेक्टर के लिहाज से निफ्टी रियल्टी सबसे ज्यादा दबाव में रहा और इसमें 2 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई। निफ्टी मीडिया भी नुकसान झेलने वाले प्रमुख सेक्टरों में शामिल रहा। हालांकि निफ्टी मेटल में अपेक्षाकृत कम गिरावट दर्ज की गई और यह सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाला इंडेक्स रहा। युद्ध और वैश्विक अनिश्चितता का असर अमेरिका-इजरायल के संयुक्त सैन्य अभियान में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के सख्त रुख से हालात और तनावपूर्ण हो गए हैं। Iran-Israel War Effects : ईरान- इजरायल वॉर से भारत पर दिखेगा असर, तेल, सोना-चांदी में आ सकता है उछाल संघर्ष जारी रहने की आशंका से वैश्विक बाजारों में भी दबाव बना हुआ है। इक्विटी मार्केट में गिरावट के बीच सुरक्षित निवेश माने जाने वाले सोने-चांदी की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। FII की बिकवाली, DII का सहारा मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक पिछले कारोबारी सत्र में विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) 3,465 करोड़ रुपए की बिकवाली करते हुए नेट सेलर रहे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) ने 5,000 करोड़ रुपए से ज्यादा की खरीदारी की और बाजार को कुछ सहारा दिया। निफ्टी के अहम स्तर चॉइस इक्विटी ब्रोकिंग प्राइवेट लिमिटेड के रिसर्च एनालिस्ट हितेश टेलर के अनुसार निफ्टी के लिए 25,600-25,650 का स्तर तात्कालिक रेजिस्टेंस है, जबकि 25,300-25,350 सपोर्ट जोन रहेगा। आरएसआई 47.11 पर है, जो फिलहाल न्यूट्रल मोमेंटम का संकेत देता है। Iran Attack on US : सऊदी- UAE- कतर… हर देश में मिसाइलें बरसा रहा ईरान, खाड़ी देशों में हाई अलर्ट निवेशकों के लिए सलाह विशेषज्ञों का कहना है कि वैश्विक अनिश्चितता और बढ़ी अस्थिरता के बीच ट्रेडर्स को सोच-समझकर रणनीति बनानी चाहिए। गिरावट के दौरान मजबूत फंडामेंटल वाले शेयरों पर फोकस करना बेहतर रहेगा। निफ्टी में 25,800 के ऊपर टिकाऊ ब्रेकआउट के बाद ही नई लंबी पोजीशन लेना सुरक्षित माना जा रहा है। कुल मिलाकर, मिडिल ईस्ट के हालात का असर भारतीय बाजार पर साफ दिख रहा है और आने वाले दिनों में भी उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है।
IND T20 WC Semifinal : वेस्ट इंडीज को 5 विकेट से हराकर सेमीफाइनल में भारत, ईडन गार्डन्स में बना विश्व रिकॉर्ड

IND T20 WC Semifinal : भारतीय क्रिकेट टीम ने टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर आठ मुकाबले में शानदार प्रदर्शन करते हुए वेस्टइंडीज को 5 विकेट से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश कर लिया है। इसके साथ ही भारत टी20 विश्व कप के इतिहास में छठी बार अंतिम चार में पहुंचा है। दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बाद भारत सेमीफाइनल में जगह बनाने वाली चौथी टीम बना। कोलकाता के ऐतिहासिक ईडन गार्डन्स में खेले गए इस रोमांचक मुकाबले में वेस्टइंडीज ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 195 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया। जवाब में टीम इंडिया ने 4 गेंद शेष रहते 196 रन का लक्ष्य हासिल कर लिया। ICC T20 Rankings 2026 : ईशान किशन की शानदार वापसी, टॉप बैट्समैन में हुए शुमार इस जीत के साथ भारत ने ईडन गार्डन्स में टी20 क्रिकेट का सबसे बड़ा सफल रन चेज कर विश्व रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया। इससे पहले यहां 158 रन का सर्वोच्च चेज दर्ज था। सैमसन की मैच जिताऊ पारी लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। कप्तान सूर्यकुमार यादव, अभिषेक शर्मा और ईशान किशन सस्ते में पवेलियन लौट गए। ऐसे मुश्किल समय में संजू सैमसन ने जिम्मेदारी संभाली और 97 रन की शानदार पारी खेली। उन्होंने अपनी पारी में 12 चौके और 4 छक्के लगाए और अंत तक क्रीज पर टिके रहकर टीम को जीत दिलाई। कप्तान सूर्यकुमार यादव, हार्दिक पांड्या और तिलक वर्मा ने छोटी लेकिन अहम पारियां खेलकर उनका अच्छा साथ दिया। T20 World Cup 2026 : अब भी बची है टीम इंडिया के सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीद! समझिए पूरा समीकरण शिवम दुबे ने बदला मैच का रुख आखिरी दो ओवर में भारत को 17 रन की जरूरत थी और मैच रोमांचक मोड़ पर था। 19वें ओवर में हार्दिक पांड्या के आउट होने के बाद दबाव बढ़ गया, लेकिन शिवम दुबे ने क्रीज पर आते ही तीन गेंदों के भीतर लगातार दो चौके जड़ दिए। इन शॉट्स ने मैच का पासा पलट दिया और भारत की जीत लगभग तय कर दी। सेमीफाइनल की ओर बढ़ा भारत इस जीत के साथ भारत ने न सिर्फ सेमीफाइनल में जगह बनाई, बल्कि टूर्नामेंट में अपनी दावेदारी भी मजबूत कर दी है। टीम इंडिया का आत्मविश्वास इस जीत से काफी बढ़ा है और अब फैंस को खिताब की उम्मीदें और भी ज्यादा हो गई हैं।