Balaghat Hostel Childbirth : मध्य प्रदेश। बालाघाट में एक बेहद गंभीर और चिंताजनक मामला सामने आया है। गढ़ी थाना क्षेत्र के ग्राम परसामऊ स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास में रहने वाली 8वीं कक्षा की एक नाबालिग छात्रा ने हाल ही में एक बच्ची को जन्म दिया है। इस घटना ने पूरे शिक्षा और स्वास्थ्य तंत्र को हिला दिया है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि छात्रावास में रहने वाली नाबालिग के गर्भवती होने की जानकारी वार्डन और एएनएम को कैसे नहीं लगी?
नाबालिग आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में नाबालिग छात्रा को मां बनाने वाले नाबालिग युवक को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। जांच में पता चला है कि दोनों एक ही गांव के हैं।
वार्डन को निलंबित किया
सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग शकुंतला डामोर ने छात्रावास अधीक्षिका (प्राथमिक शिक्षक) चैनबती सैयाम को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आदेश में कहा गया है कि छात्रा के स्वास्थ्य में बदलाव होने पर अधीक्षिका ने कोई संवेदना नहीं दिखाई। न तो स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया और न ही अभिभावकों से संपर्क किया गया। छात्रा लंबे समय तक अनुपस्थित रहती थी, लेकिन इस पर कोई ध्यान नहीं दिया गया।
डीपीसी ने स्वीकार की लापरवाही
जिला परियोजना समन्वयक जीपी बर्मन ने माना है कि छात्रावास वार्डन और संबंधित एएनएम की लापरवाही सामने आई है। पीड़ित छात्रा अक्सर अस्वस्थ रहती थी और लंबे समय तक घर पर रह रही थी। महिला थाना प्रभारी किरण वरकड़े ने भी इसकी पुष्टि की है।
जिला चिकित्सालय में भर्ती
पीड़ित छात्रा और नवजात बच्ची दोनों सुरक्षित हैं। दोनों को जिला चिकित्सालय के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज चल रहा है।
यह छात्रावास जिला शिक्षा केंद्र के अधीन संचालित होता है। यहां कई नाबालिग छात्राएं रहती हैं। इस घटना ने छात्रावासों की सुरक्षा और निगरानी पर सवाल खड़े कर दिए हैं।