Highlights
- इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी से 29वीं मौत, हाईकोर्ट ने मामला गंभीर माना
- रिटायर्ड जस्टिस सुशील कुमार गुप्ता की अध्यक्षता में स्वतंत्र जांच आयोग का गठन
- आयोग मौतों की संख्या, जिम्मेदार अधिकारियों और मुआवजे की सिफारिश करेगी
Indore Polluted Water Death: भागीरथपुरा में दूषित पानी से मंगलवार को 63 वर्षीय खूबसंद की मौत हो गई। इसके साथ ही दूषित पानी से हुई मौतों की संख्या 29 हो गई। मृतक पिछले 15 दिनों से उल्टी-दस्त से पीड़ित था।
हाईकोर्ट ने रिपोर्ट को आई-वॉश कहा
मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय ने कहा कि शासन और नगर निगम की रिपोर्ट पर्याप्त वैज्ञानिक आधार पर नहीं बनी है। पेश की गई रिपोर्ट केवल ‘आई-वॉश’ है।
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स्वतंत्र जांच आयोग का गठन
कोर्ट ने रिटायर्ड जस्टिस सुशील कुमार गुप्ता की अध्यक्षता में एकल सदस्यीय जांच आयोग गठित किया। आयोग जांच करेगा
- दूषित पानी के कारण और स्रोत
- मौतों की सही संख्या
- फैल रही बीमारियों की प्रकृति
- चिकित्सा व्यवस्था की पर्याप्तता
- जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका
- प्रभावित परिवारों को मुआवजा
आयोग को विशेष अधिकार
जांच आयोग अधिकारियों और गवाहों को तलब कर सकेगा, दस्तावेज मंगा सकेगा, जल गुणवत्ता की जांच करा सकेगा और स्थल निरीक्षण कर सकेगा।
मुआवजा और राहत कार्य
सरकार ने अब तक प्रभावित परिवारों को 2-2 लाख रुपये का मुआवजा दिया। याचिकाकर्ता इसे बढ़ाकर 10-10 लाख रुपये की मांग कर रहे हैं।
अगली सुनवाई
आयोग को चार हफ्ते में अंतरिम रिपोर्ट सौंपनी होगी। दैनिक जल गुणवत्ता जांच और स्वास्थ्य शिविर जारी रहेंगे। अगली सुनवाई 5 मार्च 2026 को होगी।