Highlight
- इंदौर में दूषित पानी से 15 लोगों की मौत, 100 से अधिक लोग अस्पताल में भर्ती।
- उमा भारती ने कहा, “जिंदगी की कीमत दो लाख नहीं, दोषियों को अधिकतम सजा मिले।”
- मोहन यादव और अधिकारियों पर सवाल, राजनीतिक बहस तेज।
Uma Bharti On Indore Case: इंदौर में दूषित पानी पीने से 15 लोगों की मौत हो गई और 1400 से अधिक लोग बीमार है और 201 मरीज अस्पताल में भर्ती हैं। इस गंभीर घटना ने पूरे प्रदेश और देश को चिंता में डाल दिया है। इस मामले में जांच रिपोर्ट सामने आई है। महात्मा गांधी मेमोरियल (MGM) मेडिकल कॉलेज की लैब रिपोर्ट में पुष्टि हुई है कि पानी में ऐसे खतरनाक बैक्टीरिया पाए गए हैं, जो आमतौर पर गटर और मल-मूत्र में मिलते हैं।
इस घटना के बाद से प्रदेश में राजनितिक बनायबाजी तेज हो गई, विपक्ष लगातार सरकार पर हमलावर है। तो वहीं दूसरी ओर इस मामले पर पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने अपने एक्स अकाउंट पर पोस्ट साझा करते हुए अपनी ही सरकार पर निशाना साधा है।
उमा भारती ने घटना को बताया शर्मनाक
1. इंदौर दूषित पानी के मामले में यह कौन कह रहा है कि हमारी चली नहीं।
— Uma Bharti (@umasribharti) January 2, 2026
2. जब आपकी नहीं चली तो आप पद पर बैठे हुए बिसलेरी का पानी क्यों पीते रहे? पद छोड़कर जनता के बीच क्यों नहीं पहुंचे?
3. ऐसे पापों का कोई स्पष्टीकरण नहीं होता या तो प्रायश्चित या दंड!
भाजपा नेत्री उमा भारती ने कहा कि साल 2025 के अंत में इंदौर में हुई ये घटनाएं पूरे प्रदेश और सरकार के लिए शर्मनाक हैं। उन्होंने कहा, “प्रदेश का सबसे स्वच्छ शहर होने का पुरस्कार पाने वाले नगर में जहर मिला पानी पीकर कितनी जिंदगियां खत्म हो गई, यह स्वीकार्य नहीं है। जिंदगी की कीमत दो लाख रुपए नहीं होती। पीड़ितों से माफी मांगी जानी चाहिए और दोषियों को अधिकतम दंड दिया जाना चाहिए।”
1. इंदौर दूषित पानी के मामले में यह कौन कह रहा है कि हमारी चली नहीं।
— Uma Bharti (@umasribharti) January 2, 2026
2. जब आपकी नहीं चली तो आप पद पर बैठे हुए बिसलेरी का पानी क्यों पीते रहे? पद छोड़कर जनता के बीच क्यों नहीं पहुंचे?
3. ऐसे पापों का कोई स्पष्टीकरण नहीं होता या तो प्रायश्चित या दंड!
सीएम मोहन यादव की परीक्षा की घड़ी
उमा भारती ने मोहन यादव पर भी निशाना साधा और कहा कि यह उनकी परीक्षा की घड़ी है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब पानी खराब था, तो अधिकारी क्या कर रहे थे।
जीतू पटवारी ने उठाए सवाल
मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जितेंद्र (जीतू) पटवारी ने कहा कि यह हादसा सत्ता के अहंकार और भ्रष्टाचार का परिणाम है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों और महापौर पर FIR होना चाहिए। पटवारी ने आरोप लगाया कि भाजपा अपने भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए अधिकारियों को निशाना बना रही है।