Indore News: इंदौर में विजयादशमी के मौके पर शूर्पणखा के पुतले जलाने पर एमपी हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है। पौरुष नामक संस्था ने इस आयोजन में 11 महिलाओं के पुतले बनवाए थे, जिनमें सोनम रघुवंशी का चेहरा भी शामिल था। सोनम पर हत्या और हत्या की साजिश का केस चल रहा है।
सोनम के भाई गोविंद रघुवंशी ने आयोजन पर आपत्ति जताते हुए कहा कि उनकी बहन अभी दोषी नहीं ठहराई गई है और पुतले में उसका चेहरा लगाना मानसिक उत्पीड़न जैसा है। उन्होंने इंदौर कलेक्टर से शिकायत कर कार्यक्रम रोकने की मांग की।
रघुवंशी समाज ने भी इस पुतले का विरोध किया। समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. उमाशंकर रघुवंशी ने कहा कि किसी भी सार्वजनिक मंच पर ‘रघुवंशी’ नाम का प्रयोग गलत और अनुचित है, इससे समाज की गरिमा को ठेस पहुंचती है। उन्होंने प्रशासन से तुरंत कार्रवाई की मांग की।
हालांकि आयोजक संस्था पौरुष का कहना है कि यह किसी महिला का अपमान नहीं है। राजा रघुवंशी के परिवार ने आयोजन का समर्थन किया और कहा कि यह कदम समाज में सख्त संदेश देगा।
इस विवाद के बीच हाईकोर्ट ने पुतला दहन पर रोक लगा दी है, जिससे आयोजन फिलहाल नहीं हो पाएगा।