Aayudh

Mamata Banerjee: बीजेपी ने बंगाल में मुझे निशाना बनाया, तो पूरे देश में उसकी नींव हिला दूंगी; ममता बनर्जी का बड़ा बयान

Mamata Banerjee

Mamata Banerjee: पश्चिम बंगाल में चल रही SIR प्रक्रिया को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग और बीजेपी पर तीखा हमला बोला है। बनगांव में रैली करते हुए उन्होंने कहा कि SIR के बहाने लोगों के नाम वोटर लिस्ट से हटाए जा रहे हैं और इसकी असली तस्वीर मसौदा जारी होने के बाद दिखाई देगी। ममता ने आरोप लगाया कि बिहार चुनाव का नतीजा भी इसी प्रक्रिया का असर था और विपक्ष वहां बीजेपी की चाल को समझ नहीं पाया। ममता बनर्जी ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि बीजेपी ने बंगाल में उन्हें कमजोर करने की कोशिश की, तो वे पूरे भारत में बीजेपी की नींव हिला देंगी। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग अब निष्पक्ष संस्था नहीं, बल्कि “बीजेपी कमीशन” बन गया है। READ MORE: सेलिना जेटली ने पति पर घरेलू हिंसा का आरोप लगाया, कोर्ट में दायर किया केस उन्होंने सवाल उठाया कि यदि SIR का उद्देश्य बांग्लादेशी नागरिकों को सूची से हटाना है, तो इसे मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में क्यों चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बंगाल पर कब्जा करने की कोशिश में बीजेपी गलत कदम उठा रही है। सीएम ने दावा किया कि SIR की टेंशन और दबाव से राज्य में 35 लोगों की मौत हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग एआई के जरिए नकली वोटर बना रहा है और BSF चुनावों के दौरान लोगों को डराती है। ममता ने कहा, “जब तक मैं हूं, किसी को बंगाल से बाहर नहीं निकाला जाएगा। बीजेपी मुझे राजनीतिक तरीके से हरा नहीं सकती।” READ MORE: MP में SIR के दौरान BLO की मौत का सिलसिला जारी; 10 दिन में 6 कर्मचारियों की जान गई

MP SIR: MP में SIR के दौरान BLO की मौत का सिलसिला जारी; 10 दिन में 6 कर्मचारियों की जान गई

MP SIR

MP SIR: मध्य प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के काम के दौरान बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) की मौतों का सिलसिला बढ़ता जा रहा है। पिछले 10 दिनों में 6 बीएलओ की जान जा चुकी है। इनमें से कुछ को हार्ट अटैक आया, जबकि कुछ अन्य तनाव और थकावट के कारण बीमार हुए थे। READ MORE: राम मंदिर पर फहराई गई धर्मध्वजा, पीएम मोदी हुए भावुक, कहा – सदियों के घाव भर गए है हाल ही में शहडोल जिले के सोहागपुर में बीएलओ मनीराम नापित (54) की हार्ट अटैक से मौत हो गई। वे मतदाताओं से फॉर्म भरवा रहे थे, तभी एक अधिकारी का फोन आने के बाद उनकी तबीयत बिगड़ी। इसके अलावा, मंडीदीप में एक बीएलओ रमाकांत पांडे भी हार्ट अटैक से निधन हो गए। पिछले कुछ दिनों में बीएलओ को सर्वर की समस्या, काम का बढ़ा दबाव और अभद्रता का सामना करना पड़ा है। इसके कारण बीएलओ की मानसिक स्थिति पर असर पड़ा है, और कई कर्मचारी बीमार हो गए हैं। इन घटनाओं के बाद कर्मचारियों ने मुआवजे की मांग की है। मप्र तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ ने मुख्य चुनाव आयुक्त से मृतक कर्मचारियों के परिवार को 15 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की है। अब तक, 6 बीएलओ और 2 सुपरवाइजर निलंबित हो चुके हैं, और कई को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। मध्य प्रदेश में 65 हजार से अधिक बीएलओ इस काम में जुटे हुए हैं, लेकिन काम का तनाव बढ़ता जा रहा है। READ MORE: सेलिना जेटली ने पति पर घरेलू हिंसा का आरोप लगाया, कोर्ट में दायर किया केस

Supreme Court ने क्रिश्चियन अफसर की बर्खास्तगी को सही ठहराया, कहा- अनुशासनहीनता बर्दाश्त नहीं; रेजिमेंट के धर्मस्थल में जाने से किया था मना

Supreme Court

Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने सेना से बर्खास्त किए गए एक क्रिश्चियन अधिकारी सैमुअल कमलेसन की याचिका खारिज कर दी। कोर्ट ने कहा कि ऐसे व्यक्ति को सेना में रहने का अधिकार नहीं है जो रेजिमेंट के धर्मस्थल में जाने से मना करे। सैमुअल ने कहा था कि उन्हें मंदिर और गुरुद्वारे में जाने से मना किया गया था क्योंकि उनकी ईसाई आस्था इससे मेल नहीं खाती थी। READ MORE: शहडोल में बीएलओ की हार्ट अटैक से मौत, परिवार ने लगाया दबाव का आरोप सैमुअल 2017 में थर्ड कैवेलरी रेजिमेंट में शामिल हुए थे, जिसमें ज्यादातर सिख और राजपूत सिपाही हैं। रेजिमेंट की परंपरा के मुताबिक, हर हफ्ते धर्मस्थल पर परेड होती थी, लेकिन सैमुअल ने इसमें भाग लेने से इनकार कर दिया। उनका कहना था कि यह उनकी धार्मिक मान्यताओं के खिलाफ था। सेना के अधिकारियों ने कई बार उन्हें समझाने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने, जिससे उनकी बर्खास्तगी का मामला बढ़ा। सुप्रीम कोर्ट ने इस निर्णय का समर्थन करते हुए कहा कि सेना का मूल उद्देश्य अनुशासन और धर्मनिरपेक्षता है, और ऐसा आचरण सेना में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने यह भी कहा कि सैमुअल का व्यवहार न केवल अनुशासनहीन था, बल्कि इससे उनके साथी सैनिकों की भावनाओं को भी ठेस पहुंची। दिल्ली हाई कोर्ट ने भी पहले उनकी बर्खास्तगी को सही ठहराया था और कहा था कि अफसर ने धर्म को अनुशासन से ऊपर रखा, जो सेना के मूल्यों के खिलाफ था। READ MORE: संसद के शीतकालीन सत्र में 10 नए विधेयक लाएगी सरकार, 30 नवंबर को सर्वदलीय बैठक

Celina Jaitley: सेलिना जेटली ने पति पर घरेलू हिंसा का लगाया आरोप, कोर्ट में दायर किया केस; 50 करोड़ रुपये..

Celina Jaitley

Celina Jaitley: बॉलीवुड एक्ट्रेस सेलिना जेटली ने अपने पति पीटर हाग के खिलाफ घरेलू हिंसा का मामला मुंबई की अदालत में दायर किया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि उनके पति ने शारीरिक, मानसिक, और सेक्सुअल हिंसा की, जिसके कारण उन्हें ऑस्ट्रिया में अपना घर छोड़कर भारत लौटना पड़ा। सेलिना ने याचिका में कहा कि पीटर हाग ने शादी के बाद उन्हें काम करने से रोका और उन्हें मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया। इस मामले में अदालत ने पीटर हाग को नोटिस जारी किया है और मामले की सुनवाई 12 दिसंबर को होगी। सेलिना ने पति से 50 करोड़ रुपये का हर्जाना भी मांगा है। उनका कहना है कि पति की वजह से उनकी कमाई का रास्ता बंद हो गया और प्रॉपर्टी को भी नुकसान हुआ। सेलिना और पीटर ने 2011 में शादी की थी और उनके तीन बच्चे हैं। हाल ही में, सेलिना अपने भाई विक्रांत जेटली के यूएई में गैरकानूनी हिरासत में लिए जाने को लेकर भी सुर्खियों में थी। सेलिना ने फिल्मी करियर में कई हिट फिल्मों में काम किया है, लेकिन इन दिनों वह पर्दे से दूर हैं। READ MORE: धर्मेंद्र के निधन पर अमिताभ बच्चन हुए भावुक: बोले – ‘वीरू की मुस्कान और अपनापन हमेशा याद रहेगा, इंडस्ट्री बदली, वो नहीं’

अयोध्या: राम मंदिर पर फहराई गई धर्मध्वजा, पीएम मोदी हुए भावुक, कहा – सदियों के घाव भर गए है

अयोध्या

अयोध्या में आज ऐतिहासिक पल आया जब श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के शिखर पर धर्मध्वजा फहराई गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस अवसर पर हाथ जोड़कर भगवान राम को प्रणाम किया। अभिजीत मुहूर्त में हुई इस ध्वजारोहण प्रक्रिया ने पूरे देश को उत्सव के रंग में रंग दिया। #WATCH | Ayodhya Dhwajarohan | PM Modi and RSS Sarsanghchalak Mohan Bhagwat ceremonially hoist the saffron flag on the Shikhar of the sacred Shri Ram Janmbhoomi Temple, symbolising the completion of the temple’s construction. The right-angled triangular flag, measuring 10 feet… pic.twitter.com/Ip8mATz2DC — ANI (@ANI) November 25, 2025 पीएम मोदी ने कहा कि यह ध्वजा केवल एक झंडा नहीं, बल्कि भारतीय सभ्यता के पुनर्जागरण और सदियों से चले आ रहे स्वप्नों का प्रतीक है। उन्होंने कहा, “सदियों की वेदना आज विराम पा रही है और यह संकल्प आज सिद्धि को प्राप्त हो रहा है।” धर्मध्वजा पर भगवा रंग, सूर्य का चिन्ह और कोविदार वृक्ष अंकित है, जो राम राज्य और भारतीय संस्कृति का प्रतीक है। #WATCH | Ayodhya Dhwajarohan | PM Modi says, "…Humein aane wale 1000 varshon ke liye Bharat ki neev mazboot karni hai. Jo sirf vartaman ka sochte hain wo aane wali pidhiyon ke saath anyaay karte hain. Humein bhavi pidhiyon ke baare mein bhi sochna hai. Hum jab nahi the yeh desh… pic.twitter.com/cS7iqgi495 — ANI (@ANI) November 25, 2025 प्रधानमंत्री ने मानसिक गुलामी पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि 1835 में मैकाले ने भारत में मानसिक गुलामी की नींव रखी थी, जिसे हमें आने वाले दस साल में पूरी तरह समाप्त करना होगा। पीएम मोदी ने यह भी कहा कि राम केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि मर्यादा और जनता के सुख-कल्याण का प्रतीक हैं। धर्मध्वजा समारोह के बाद पीएम मोदी ने मंदिर परिसर में प्रथम फ्लोर पर रामदरबार में पूजा-अर्चना की और रामलला के दर्शन किए। उन्होंने सप्त ऋषियों और लक्ष्मण की पूजा भी की। ध्वजारोहण समारोह के लिए देशभर के संत मौजूद थे। अयोध्या शहर को फूलों से सजाया गया और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए। धर्मध्वजा 161 फीट ऊंचे शिखर पर लगी है और यह 4 किमी दूर से दिखाई देगी। पीएम मोदी ने कहा कि यह ध्वजा युगों तक श्रीराम के आदर्शों और प्रेरणाओं को मानव मात्र तक पहुंचाती रहेगी और भारत को मानसिक गुलामी से मुक्त करने की दिशा में प्रेरणा बनेगी। READ MORE: संसद के शीतकालीन सत्र में 10 नए विधेयक लाएगी सरकार, 30 नवंबर को सर्वदलीय बैठक

Winter Session Of Parliament: संसद के शीतकालीन सत्र में 10 नए विधेयक लाएगी सरकार, 30 नवंबर को सर्वदलीय बैठक

Winter Session Of Parliament

Winter Session Of Parliament: केंद्र सरकार ने संसद के शीतकालीन सत्र को सुचारू रूप से चलाने के लिए विपक्षी दलों से सहमति बनाने की कोशिश शुरू कर दी है। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने 30 नवंबर को सर्वदलीय बैठक बुलाई है। इस बैठक में सरकार, विपक्ष से बातचीत कर सत्र की कार्यवाही को शांतिपूर्ण ढंग से चलाने का प्रयास करेगी। संसद का शीतकालीन सत्र 1 दिसंबर से शुरू होगा। READ MORE: धर्मेंद्र के निधन पर अमिताभ बच्चन हुए भावुक: बोले – ‘वीरू की मुस्कान और अपनापन हमेशा याद रहेगा, इंडस्ट्री बदली, वो नहीं’ इस सत्र में सरकार 10 नए विधेयक (बिल) पेश करने की तैयारी में है। इनमें सबसे महत्वपूर्ण है परमाणु ऊर्जा विधेयक, 2025, जो देश के परमाणु क्षेत्र को निजी कंपनियों के लिए खोलने का रास्ता बनाएगा। इसके अलावा, हायर एजुकेशन कमीशन ऑफ इंडिया बिल भी पेश किया जाएगा, जो विश्वविद्यालयों को अधिक स्वायत्तता देगा। साथ ही, सरकार कुछ पुराने कानूनों में भी संशोधन करने जा रही है। इसमें नेशनल हाईवेज (संसोधन) बिल, कॉरपोरेट लॉज (संसोधन) बिल 2025 और सिक्योरिटीज मार्केट्स कोड (एसएमसी) बिल प्रमुख हैं। इन विधेयकों से सड़क निर्माण, कारोबार और वित्तीय नियमों को सरल और पारदर्शी बनाने की कोशिश की जाएगी। इसके अलावा, सरकार मध्यस्थता और सुलह अधिनियम में बदलाव पर भी विचार कर रही है। इन कदमों से सत्र के दौरान जरूरी कानूनों को तेजी से पारित करने की उम्मीद है। READ MORE: शहडोल में बीएलओ की हार्ट अटैक से मौत, परिवार ने लगाया दबाव का आरोप

MP SIR: शहडोल में बीएलओ की हार्ट अटैक से मौत, परिवार ने लगाया दबाव का आरोप

MP SIR

MP SIR: शहडोल जिले के सोहागपुर तहसील में सोमवार को 54 वर्षीय प्राथमिक शिक्षक और बीएलओ मनीराम नापित का हार्ट अटैक से निधन हो गया। वे शासकीय प्राथमिक शाला बांध टोला, संकुल कोटमा में पदस्थ थे और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान में काम कर रहे थे। बताया गया है कि सोमवार शाम मनीराम नापित पतेरिया गांव में मतदाताओं से फॉर्म भरवा रहे थे, तभी एक अधिकारी का फोन आया। फोन रखने के तुरंत बाद उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। बेटे आदित्य नापित ने पिता को तुरंत घर और फिर मेडिकल कॉलेज ले जाने की कोशिश की, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। READ MORE: अयोध्या में पीएम मोदी का भव्य रोड शो; छात्रों ने बरसाए फूल, जल्द ही राम मंदिर पर होगा ध्वजारोहण परिवार का कहना है कि एसआईआर कार्य का अत्यधिक दबाव और लगातार रातभर फॉर्म भरने का काम उनके पिता की मौत का मुख्य कारण था। मनीराम नापित शुगर और बीपी के मरीज भी थे। बेटे आदित्य ने बताया कि कई बार उनके पिता ने दबाव महसूस होने की बात अधिकारियों को बताई, लेकिन कोई राहत नहीं दी गई। मनीराम नापित बूथ क्रमांक 212 के बीएलओ थे। यहां 676 मतदाताओं में से उन्होंने 453 के फॉर्म डिजिटलाइजेशन का काम पूरा किया, यानी कुल 67.01 प्रतिशत कार्य पूरा हुआ। परिवार ने सरकार से मृतक शिक्षक के आश्रितों के लिए मदद और एसआईआर कार्य में मानवीय दृष्टिकोण अपनाने की मांग की है। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार को किया जाएगा। READ MORE: धर्मेंद्र के निधन पर अमिताभ बच्चन हुए भावुक; बोले – ‘वीरू की मुस्कान और अपनापन हमेशा याद रहेगा, इंडस्ट्री बदली, वो नहीं’

Amitabh Bachchan: धर्मेंद्र के निधन पर अमिताभ हुए भावुक; बोले – ‘वीरू की मुस्कान और अपनापन हमेशा याद रहेगा, इंडस्ट्री बदली, वो नहीं’

Amitabh Bachchan

Amitabh Bachchan: बॉलीवुड के ही-हीमैन धर्मेंद्र का 24 नवंबर को 89 साल की उम्र में निधन हो गया। उनके जाने से फिल्म इंडस्ट्री और फैन्स सभी में शोक की लहर है। धर्मेंद्र को बॉलीवुड में उनके दमदार अभिनय, बड़े दिल और सादगी के लिए हमेशा याद किया जाएगा। T 5575 –… another valiant Giant has left us .. left the arena .. leaving behind a silence with an unbearable sound .. Dharam ji .. 🙏 🙏🙏 .. the epitome of greatness, ever linked not only for his renowned physical presence, but for the largeness of his heart , and its… — Amitabh Bachchan (@SrBachchan) November 24, 2025 उनके निधन पर अमिताभ बच्चन ने भावुक पोस्ट साझा किया। उन्होंने लिखा कि धर्मेंद्र ने अपने पीछे एक ऐसा सन्नाटा छोड़ दिया है जिसे सहा नहीं जा सकता। उन्होंने धर्मेंद्र को बहादुर और मिसाल बताया और कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में कई बदलाव आए, लेकिन धर्मेंद्र हमेशा अपने सच्चे अंदाज में रहे। अमिताभ ने उनकी मुस्कान, अपनापन और गर्मजोशी को याद करते हुए कहा कि उनके जाने से हमेशा खालीपन रहेगा। धर्मेंद्र के अंतिम संस्कार में अमिताभ बच्चन के अलावा शाहरुख खान, सलमान खान, आमिर खान, अक्षय कुमार, दीपिका पादुकोण जैसे कई सेलेब्स शामिल हुए। अमिताभ ने खासकर अपने दोस्त और फिल्मों के साथी धर्मेंद्र को ‘वीरू’ के नाम से याद किया, जिनके साथ उन्होंने फिल्म ‘शोले’ में जय-वीरू की जोड़ी बनाई थी। दोनों ने कई हिट फिल्में की और बॉक्स ऑफिस पर कई ब्लॉकबस्टर दी। अमिताभ ने लिखा कि धर्मेंद्र हमेशा पंजाब के अपने गांव की मिट्टी की खुशबू लेकर आए और सच्चे बने रहे। उनका ये योगदान और याद हमेशा लोगों के दिलों में रहेगा। READ MORE: बॉलीवुड के ‘हीमैन’ धर्मेंद्र का निधन, 89 साल की उम्र में परिवार और सितारों की मौजूदगी में हुआ अंतिम संस्कार

Ram Mandir Flag Hosting: अयोध्या में पीएम मोदी का भव्य रोड शो; छात्रों ने बरसाए फूल, जल्द ही राम मंदिर पर 21 किलो सोने जड़े ध्वज का होगा ध्वजारोहण

Ram Mandir Flag Hosting

Ram Mandir Flag Hosting: अयोध्या में आज ऐतिहासिक क्षण है। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के 673 दिन बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राम मंदिर के शिखर पर धर्म ध्वज फहराएंगे। पीएम मोदी अयोध्या पहुंच चुके हैं और साकेत कॉलेज से रामजन्मभूमि तक लगभग डेढ़ किलोमीटर का रोड शो कर रहे हैं। रास्ते में बड़ी संख्या में लोग और महिलाएं उनका स्वागत कर रही हैं। ध्वजारोहण दोपहर 12:30 बजे अभिजीत मुहूर्त में होगा। पीएम के बटन दबाते ही 161 फीट ऊंचे शिखर पर 2 किलो वजनी केसरिया ध्वज लहराने लगेगा। यह 10 फीट ऊंचा और 20 फीट लंबा तिकोना भगवा ध्वज है, जिसमें भगवान राम की वीरता का प्रतीक चमकता सूर्य, ‘ॐ’ का निशान और कोविदार पेड़ बना है। ध्वज का दंड 21 किलो सोने से मढ़ा गया है और यह तेज तूफान में भी सुरक्षित रहेगा। इसे 4 किलोमीटर दूर से भी देखा जा सकेगा। अयोध्या को 1000 क्विंटल फूलों से सजाया गया है। कार्यक्रम में लगभग 7000 लोग मौजूद रहेंगे। सीएम योगी आदित्यनाथ और संघ प्रमुख मोहन भागवत पहले ही मंदिर पहुंच चुके हैं। उद्योग, खेल, साहित्य और बॉलीवुड के करीब 1000 वीआईपी भी शामिल होंगे। 20 नवंबर से चल रहे वैदिक अनुष्ठानों में देशभर के 108 आचार्य भाग ले रहे हैं। अयोध्या से जनकपुर धाम तक सियाराम विवाह उत्सव का माहौल बना हुआ है। ध्वजारोहण के बाद राम मंदिर को पूर्ण माना जाएगा। READ MORE: इथियोपिया ज्वालामुखी विस्फोट का असर भारत तक: 15 किमी ऊंचा राख का गुबार दिल्ली पहुंचा, कई उड़ानें रद्द; DGCA ने जारी की एडवाइजरी

Ethiopia Volcano: इथियोपिया ज्वालामुखी विस्फोट का असर भारत तक: 15 किमी ऊंचा राख का गुबार दिल्ली पहुंचा, कई उड़ानें रद्द; DGCA ने जारी की एडवाइजरी

Ethiopia Volcano

Ethiopia Volcano: इथियोपिया के हेली गुबी ज्वालामुखी में 12,000 साल बाद हुआ विस्फोट अब भारत के आकाश में दिखाई दे रहा है। विस्फोट से उठी राख का गुबार 15 किलोमीटर ऊंचा था और वह दिल्ली समेत उत्तर भारत के कुछ हिस्सों तक पहुंच चुका है। विशेषज्ञों का कहना है कि राख का यह गुबार वायुमंडल के ऊपरी हिस्से में है, इसलिए इसका सीधे तौर पर वायु गुणवत्ता पर कोई बड़ा असर नहीं होगा। हालांकि, कुछ इलाकों में हल्के राख के कण गिर सकते हैं। اللحظات الاولى لانفجار #بركان_اثيوبيا.. #Yemen #Ethiopia #volcano pic.twitter.com/PTtIigSoLp — وكالة صنعاء الإخبارية ⚡ (@XplorerxI) November 23, 2025 READ MORE: बॉलीवुड के हीमैन धर्मेंद्र का निधन, परिवार और सितारों की मौजूदगी में हुआ अंतिम संस्कार भारत में दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में इस राख के असर की संभावना कम है, लेकिन संवेदनशील इलाकों, जैसे कि नेपाल की पहाड़ियां और उत्तर प्रदेश के तराई क्षेत्र, में लोग सतर्क रहें। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि अस्थमा और सीओपीडी के मरीजों को अधिक सतर्क रहना चाहिए। इस राख के कारण हवाई यातायात भी प्रभावित हुआ है। कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द की गई हैं, और एयरलाइनों को उड़ान मार्ग बदलने के निर्देश दिए गए हैं। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने एयरलाइनों और एयरपोर्ट्स को सतर्क रहने की सलाह दी है, और राख के कणों से इंजन को नुकसान की आशंका को देखते हुए सुरक्षा बढ़ा दी है। हालांकि, यह स्थिति कुछ दिनों तक बनी रह सकती है, लेकिन प्रदूषण का कोई बड़ा संकट नहीं है। यह राख अब धीरे-धीरे चीन की ओर बढ़ जाएगी। READ MORE: दिल्ली एयरपोर्ट पर टला बड़ा हादसा; अफगानिस्तान का विमान गलत रनवे पर लैंड