PM Modi On Gaza Peace Proposal: गाजा शांति प्रस्ताव पर ट्रंप की पहल को मोदी ने सराहा, हमास बंधकों की रिहाई को तैयार

PM Modi On Gaza Peace Proposal: गाजा संघर्ष में बड़ा मोड़ आया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा दिए गए शांति प्रस्ताव के कुछ हिस्सों को हमास ने स्वीकार करने की बात कही है। साथ ही हमास ने 7 अक्टूबर 2023 को पकड़े गए इस्राइली बंधकों को रिहा करने की भी घोषणा की है। ट्रंप ने इस पहल का स्वागत करते हुए इजराइल से गाजा में बमबारी रोकने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह कदम सिर्फ गाजा ही नहीं, बल्कि पूरे मध्य पूर्व में स्थायी शांति की दिशा में है। ट्रंप ने हमास को शांति प्रस्ताव पर फैसला लेने के लिए समय सीमा भी दी थी। We welcome President Trump’s leadership as peace efforts in Gaza make decisive progress. Indications of the release of hostages mark a significant step forward. India will continue to strongly support all efforts towards a durable and just peace.@realDonaldTrump @POTUS — Narendra Modi (@narendramodi) October 4, 2025 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्रंप के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि गाजा में शांति की दिशा में यह निर्णायक प्रगति है। उन्होंने कहा कि भारत हमेशा स्थायी और न्यायपूर्ण शांति के प्रयासों का समर्थन करता रहेगा। शांति प्रस्ताव के तहत इजराइल ने भी गाजा में हमले रोकने और सेना की चरणबद्ध वापसी पर सहमति जताई है। अब सभी की निगाहें 72 घंटे के भीतर बंधकों की रिहाई पर टिकी हैं, जो गाजा में शांति लाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। READ MORE: बरेली जाने से पहले सपा नेता माता प्रसाद पांडे हाउस अरेस्ट; सांसद बर्क भी नजरबंद
Mata Prasad Pandey House Arrest: बरेली जाने से पहले सपा नेता माता प्रसाद पांडे हाउस अरेस्ट; सांसद बर्क भी नजरबंद

Bareilly: उत्तर प्रदेश में बरेली हिंसा के बाद शनिवार को समाजवादी पार्टी (सपा) का 14 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल बरेली जाने वाला था, लेकिन प्रशासन ने उन्हें रोक दिया। सपा के वरिष्ठ नेता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे को लखनऊ में उनके घर में नजरबंद कर दिया गया। सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क के संभल स्थित आवास पर भी भारी पुलिस बल तैनात है। इसके अलावा पार्टी नेताओं इकरा हसन और मुजतबा सिद्दीकी को भी रोका गया है। सपा नेताओं ने आरोप लगाया कि प्रशासन लोकतांत्रिक आवाज को दबा रहा है। माता प्रसाद पांडे ने कहा कि उन्हें बरेली जाने से रोका गया क्योंकि प्रशासन अपनी कमियां छिपाना चाहता है। बरेली में हाल ही में “आई लव मोहम्मद” विवाद के बाद तनाव फैल गया था। सपा का कहना है कि 26 सितंबर को मुस्लिम समाज के लोग शांतिपूर्वक ज्ञापन देने जा रहे थे, तभी पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया, जिसमें कई लोग घायल हो गए। प्रशासन का कहना है कि सपा नेताओं की यात्रा से माहौल बिगड़ सकता है, इसलिए एहतियात के तौर पर यह कदम उठाया गया है। READ MORE: POK में पाक सेना की बर्बरता पर भारत ने जताई चिंता, MEA ने कहा – मानवाधिकार उल्लंघन पर हो जवाबदेही