बेसबॉल की नेशनल प्लेयर संजना ने किया सुसाइड, लव जिहाद और धर्मान्तरण से सीधा कनेक्शन…
जबलपुर की रहने वाली बेसबॉल की नेशनल प्लेयर संजना बरकड़े ने सुसाइड कर लिया जिसका सीधा कनेक्शन लव जिहाद और धर्मान्तरण से बताया जा रहा है। संजना पर अब्दुल उर्फ़ राजन खान धर्म परिवर्तन का दवाब डाल रहा था जिससे तंग आकर उसने ये कदम उठाया। संजना की माँ का कहना है कि आरोपी ने अननोन नंबर से फ़ोन किया था और धमकी भी दी थी। संजना के पिता का कहना है की आरोपी ने अपना नाम राजन बताया था और अपने मुस्लिम होने की बात छुपाई थी लेकिन जब संजना को ये पता चला तो उसने राजन से बात करना बंद कर दिया। संजना की माँ को दी थी धमकी संजना की माँ गीताबाई का कहना है कि बेटी की मौत के 9 दिन पहले अननोन नंबर से आरोपी ने बेटी को कॉल किया और कहा – अच्छा, मां से बात करवाओ मेरी…। बेटी ने मुझे फोन दे दिया। आरोपी ने पूछा- कौन, तुम लड़की की मां हो। अच्छा हुआ कि तुमसे बात हो गई। तुमसे से ही बात करना चाहता था। तुम बच्ची को समझा दो। हमारा धर्म कबूल करे। मैं उससे शादी करना चाहता हूं। अगर हमारे धर्म को कबूल नहीं करते, तो हम समझ चुके हैं कि कहां तुम्हारा परिवार है, कहां तुम रहते हो। हम मार डालेंगे। अगर कबूल कर लोगे, तो कुछ नहीं होगा। इसके बाद कॉल कर रहे लड़के ने फोन काट दिया। तब गीता बाई ने संजना से पूछा की तुम जानती हो की ये कौन है उसने मना कर दिया। पिता ने करी पूरे न्याय की मांग संजना के पिता हरिनाम बरकड़े ने बताया की जब संजना को पता चला की वो जिससे बात करती है वो राजन नहीं है वल्कि उसका असली नाम अब्दुल मंसूरी है तभी से उसने अब्दुल से बात करना बंद कर दिया था और जिसके कारण ही उसने बेटी पर दवाब डालना शुरु कर दिया। बेटी बेसबॉल की नेशनल प्लेयर थी उसके पास ढेर सारे मेडल्स थे पर आरोपी ने उन्हें चुरा लिया था और जब भी संजना उससे मेडल्स वापस माँगती तो वो दवाब डालने लगता था। साथ ही हरिनाम ये भी बताते है कि अब्दुल ने बेटी के डाक्यूमेंट्स भी चोरी कर लिए थे। अब्दुल उसे धमकी दे रहा था कि अगर वो उसकी बात नहीं मानती तो वो उसके फोटोज और वीडियोस सोशल मीडिया पर डाल देगा और इसी प्रेशर में आकर संजना ने आत्महत्या जैसा कदम उठाया। संजना के पिता का कहना है कि उसका असली प्लान ये नहीं था वो तो मेरी बेटी का धर्मांतरण करवाना चाहता था। हरिनाम बरकड़े ने कहा कि उन्हें ये तो शांति है कि पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है पर उसका तुरंत अन्कॉउंटर कर देना चाहिए था या उसे फांसी दे देनी चाहिए और अगर ये भी ना हो पाए तो उसे मेरे सामने लाया जाए और मैं उसे सज़ा दूंगा ,अभी भी मुझे पूरा न्याय नहीं मिला है मुझे पूरा न्याय चाहिए है. खुद को 11 कक्षा का छात्र बताया आरोपी को पुलिस ने पकड़ लिया है , पुलिस का कहना है कि संजना और अब्दुल की 1 साल से बात चल रही थी और इनके बीच क्या विवाद हुआ इसकी जांच जारी है। संजना का शव 5 जून को सुबह उसके घर में मिला उसने कमरे में पंखे पर फंदा डालकर खुद ख़ुशी करी थी उस वक्त उसके माता पिता शादी में हर्रई सिवनी गए हुए थी और जब लौटे तो बेटी का शव मिला। शुरूआती जांच में अब्दुल अपने आपको 11 कक्षा का छात्र बता रहा है ,उसने संजना से मिलने तीन बार जबलपुर आने की बात भी कबूल ली है . संजना ने कुछ दिन से राजन से बात करना बंद कर दिया था बताया जा रहा है कि वो राजन से दूरियां बनाना चाहती थी और आगे रिलेशनशिप बढ़ाना नहीं चाहती थी . क्या है ASP का कहना ASP संजय अग्रवाल का कहना है कि दोनों की दोस्ती इंस्टाग्राम पर हुई थी ,दोनों लगातार 1 साल से संपर्क में थे . दोनों के बीच धर्म परिवर्तन जैसे कोई बात सामने नहीं आई . ASP का कहना है कि नाही ये सामने आया कि राजन ने अपनी पहचान छुपायी है . दोनों के बीच दोस्ती में क्या बात हुई जिसके कारण संजना उससे दूरी बना रही थी इसकी जांच जारी है . माता पिता और सहेलियों के बयान को सच मानकर ही अब्दुल पर सख्त चार्ज लगाया गए हैं ,और वो जेल के अन्दर है , पुलिस अपनी पूरी कोशिश कर रही है .
गंगा -जमुना स्कूल विवाद पर असदुद्दीन ओवेसी ने दिया बयान, गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने किया पलटवार…
दमोह के गंगा जमुना स्कूल हिजाब मामले को लेकर मध्यप्रदेश में राजनीतिक जंग छिड़ी हुई है. एक ओर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दमोह के डीएसपी को विवाद की जांच का जिम्मा सौंपा वही अब इस विवाद में AIMIM के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी भी शामिल हो चुके है . गंगा-जमुना स्कूल के हिजाब विवाद पर AIMIM के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवेसी ने बड़ा बयान दिया।असदुद्दीन ओवैसी का कहना है कि गंगा-जमुना स्कूल पर किया जा रहा एक्शन गलत है.ओवैसी का कहना है कि भारतीय जनता पार्टी को हिजाब और मुसलमान दोनों से नफरत है. असदुद्दीन ओवैसी ने दिया ये बयान हैदराबाद में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए AIMIM के अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि स्कूल ने अपनी बच्चियों के अच्छे नंबर का पोस्टर लगाया था जिसमें वह स्कार्फ पहनी हुई थी , लेकिन शिवराज ने उसे हिजाब बताया है. जब इस विवाद पर स्थान के कलेक्टर और एसपी ने रिपोर्ट दी तो शिवराज ने उसे भी मानने से इंकार कर दिया साथ ही रिपोर्ट को गलत बताया। क्यूंकि यह स्कूल एक विशेष समुदाय से जुड़ा है इसलिए इसे निशाना बनाया जा रहा है। ओवैसी कहते है कि शिवराज को हिजाब से और मुसलमानों से नफरत है. बाद में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शिक्षा अधिकारी के मुँह पर काली इंक भी डाल दी। क्या है पूरा मामला दरअसल दमोह के गंगा-जमुना नामक स्कूल की दीवार पर एक पोस्टर लगा हुआ था, जिसमे हिन्दू बच्चियाँ भी हिजाब पहने नज़र आरही थी। इस पर पोस्टर को देख जहाँ स्कूल के प्रिंसिपल का कहना है कि बच्चियाँ हिजाब नहीं वल्कि स्कार्फ पहनी हुई है वहीं दूसरी ओर स्कूल के खिलाफ कारवाही शुरू हुई जिसमें रोज़ाना कई चौकाने वाली बाते सामने आरही है। राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के अध्यक्ष प्रियंक कानूनगो ने पुलिस और कलेक्टर को पत्र लिखा जिसमे उन्होंने स्कूल में मस्जिद तक जाने वाले गुप्त रास्ते का ज़िक्र किया ,स्कूल में भारत का गलत भौगोलिक नक्शा पढ़ाया जाता है और इतना ही नहीं स्कूल के केजी सेक्शन के बच्चों को इस्लाम धर्म से जुडी बातें पढ़ाई जा रही थी ,बच्चों पर इस्लाम की बातें को पड़ने का दवाब भी डाला जा रहा था।स्कूल के कई बच्चों ने भी बड़े खुलासे किये है बच्चों ने बताया की उन्हें कलमा पढाया जाता है ,हिन्दू विधयार्थियों को भी मुस्लिम धर्म की प्रार्थना पढ़ने का दवाब डाला जाता है . गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने किया ओवैसी पर पलटवार नरोत्तम मिश्रा कहते है कि अगर प्रदेश में धर्मान्तरण जैसे कुचक्र होंगे भी तो हम उसे चलने नहीं देंगे। नरोत्तम ने ओवेसी के बयान पर कहा कि असदुद्दीन ओवेसी कभी श्रद्धा और साक्षी पर कुछ नहीं कहते है ,क्यूंकि वो जातिगत राजनीती कर रहे है। नरोत्तम मिश्रा कहते है कि एक और एक मिलकर दो बनते है पर जिहाद में तो एक और एक मिलते है तो एक ही बचता है और दूसरे के तो 35 टुकड़े मिलते है। नरोत्तम ने कहा कि ओवैसी की मानसिकता देख लो प्रेम जैसे शब्द में ये कबाब लाये हैं. साथ ही नरोत्तम मिश्रा ने कहा की ओवेसी जैसे जिहादी मानसिकता के लोग अगर आईएएस नियाज खान जैसे पढ़े लिखे लोगों की बातें सुने तो इनके दिमाग के जाले भी साफ़ हो जायेंगे।